ट्रंप-नेतन्याहू की मुलाकात पर टिकी दुनिया की नजरें, गाजा संघर्ष विराम को लेकर बन सकती है ऐतिहासिक सहमति

सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इस्राइली पीएम बेंजामिन नेतन्याहू के बीच मुलाकात होनी है यह मुलाकात व्हाइट हाउस में होगी इसबैठक पर पूरी दुनिया की नजर है क्योंकि उम्मीद की जा रही है कि इस बैठक में गाजा में संघर्ष विराम को लेकर सहमति बन सकती है खासकर ऐसेसमय में जब इस्राइल पर अंतरराष्ट्रीय दबाव लगातार बढ़ रहा है और कई पश्चिमी देश फलस्तीन को मान्यता दे चुके हैं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नेबैठक से पहले सोशल मीडिया पर साझा एक पोस्ट में कहा कि मध्य पूर्व में कुछ खास होने वाला है। ट्रंप के इस पोस्ट के बाद उम्मीद की जा रही हैकि गाजा में जल्द ही शांति आ सकती है. अमेरिका, गाजा युद्ध में इस्राइल का कट्टर समर्थक रहा है, लेकिन संघर्ष के लंबा खिंचने और गाजा मेंइस्राइली हमलों के खिलाफ बढ़ते अंतरराष्ट्रीय दबाव से अमेरिका भी असहज हुआ है इस्राइल में नेतन्याहू की गठबंधन सरकार पर भी दबाव लगातारबढ़ रहा है ऐसे में सोमवार को ओवल ऑफिस में होने वाली ट्रंप और नेतन्याहू की बैठक बेहद अहम है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, गाजा में संघर्षविराम के लिए शांति समझौते पर गंभीरता से चर्चा चल रही है रविवार को सोशल मीडिया पर साझा एक पोस्ट में अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने लिखा कि’मध्य पूर्व में महान बदलाव का हमारे पास असली मौका है. अंतरराष्ट्रीय समुदाय इसका पुरजोर विरोध करेगाहम सभी पहली बार कुछ खास करने के लिए साथ आए हैं और हम इसे पूरा करके रहेंगे. ट्रंप और नेतन्याहू की ओवल ऑफिस में होने वाली बैठकइस्राइली पीएम के लिए अग्निपरीक्षा का समय है इस्राइल की राजनीतिक की जानकार ईटन गिलबोआ का कहना है कि ट्रंप, नेतन्याहू पर संघर्षविराम के लिए दबाव डाल सकते हैं, लेकिन अगर नेतन्याहू संघर्ष विराम के लिए राजी होते हैं तो उनकी अपनी गठबंधन सरकार खतरे में आ सकती हैक्योंकि नेतन्याहू सरकार के कई सहयोगी लड़ाई जारी रखने और हमास के पूर्ण खात्मे की बात कर रहे हैं ऐसे में अगर नेतन्याहू ने संघर्ष विराम परसहमति दी को इससे उनकी सरकार के कई सहयोगी नाराज हो सकते हैं. इस्राइल द्वारा बीते दिनों कतर में हमास नेताओं के ठिकानों पर किए गएहमले के बाद पश्चिम एशिया के देश इस्राइल के खिलाफ लामबंद होने की कोशिश कर रहे हैं इससे अमेरिका पर भी दबाव बढ़ा है यही वजह है किअमेरिका का धैर्य भी अब जवाब दे रहा है। बीते हफ्ते ही ट्रंप ने इस्राइल के वेस्ट बैंक पर भी कब्जा करने की मंशा को खारिज कर दिया था और कहाथा कि अंतरराष्ट्रीय समुदाय इसका पुरजोर विरोध करेगा. ट्रंप प्रशासन ने एक समझौता प्रस्ताव तैयार कियाइस्राइल और हमास के बीच संघर्ष विराम के लिए ट्रंप प्रशासन ने एक समझौता प्रस्ताव तैयार किया है हालांकि इसकी विस्तृत जानकारी सामने नहींआई है इस समझौते में सभी बंधकों की 48 घंटे में रिहाई और गाजा से चरणबद्ध तरीके से इस्राइली सेना की वापसी जैसे प्रावधान हैं ट्रंप प्रशासन नेइस समझौता प्रस्ताव को लेकर अरब देशों के प्रतिनिधियों से भी चर्चा की है 21 बिंदु वाले इस प्रस्ताव में गाजा में हमास के शासन को खत्म करनेऔर हमास का निशस्त्रीकरण करने की भी बात की गई है गौरतलब है कि गाजा से फलस्तीनी नागरिकों को निकालने की बात इसमें नहीं है, जैसा किपूर्व में ट्रंप ने प्रस्ताव दिया था प्रस्ताव में गाजा में अंतरराष्ट्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती करने का भी सुझाव दिया गया है.
मन की बात का 126वां एपिसोड भगत सिंह को नमन, लता दीदी को श्रद्धांजलि और छठ पर्व को यूनेस्को की सूची में लाने की तैयारी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम ‘मन की बात’ का 126वां एपिसोड रविवार को जारी किया गया. इस दौरान उन्होंने श्रोताओं से कहा, ‘मन कीबात में आप सभी से जुड़ना, आप सभी से सीखना, देश के लोगों की उपलब्धियों के बारे में जानना, वाकई मुझे बहुत सुखद अनुभव देता है एक दूसरेके साथ अपनी बातें साझा करते हुए, अपने मन की बात करते हुए, हमें पता ही नहीं चला, इस कार्यक्रम ने 125 एपिसोड पूरे कर लिए हैं. उन्होंने कहा, आज इस कार्यक्रम का 126वां एपिसोड है और आज के दिन के साथ कुछ विशेषताएं भी जुड़ी हैं आज भारत की दो महान विभूतियों की जयंती है मैंबात कर रहा हूं शहीद भगत सिंह और लता दीदी की साथियों, अमर शहीद भगत सिंह हर भारतवासी, विशेषकर देश के युवाओं के लिए एक प्रेरणापुंज हैं. निर्भीकता उनके स्वभाव में कूट-कूटकर भरी थी देश के लिए फांसी के फंदे पर झूलने से पहले भगत सिंह जी ने अंग्रेजों को पत्र भी लिखा थाउन्होंने कहा था कि मैं चाहता हूं कि आप मेरे और मेरे साथियों से युद्धबंदियों से जैसा व्यवहार करें इसलिए हमारी जान फांसी से नहीं, सीधा गोलीमारकर ली जाए। यह उनके अदम्य साहस का प्रमाण है भगत सिंह लोगों की पीड़ा के प्रति भी बहुत संवेदनशील थे और उनकी मदद में हमेशा आगेरहते थे मैं शहीद भगत सिंह को आदरपूर्वक श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं. समंदर में मौसम कभी भी बिगड़ जाताउन्होंने आगे कहा, साथियों, आज लता मंगेशकर की भी जयंती है भारतीय संस्कृति और संगीत में रुचि रखने वाला कोई भी उनके गीतों को सुनकरअभिभूत हुए बिना नहीं रह सकता उनके गीतों में वह सबकुछ है, जो मानवीय संवेदनाओं को झकझोरता है उन्होंने देशभक्ति के जो गीत गाए, उन गीतोंने लोगों को बहुत प्रेरित किया. भारत की संस्कृति से भी उनका गहरा जुड़ाव था मैं लता दीदी के लिए हृदय से अपनी श्रद्धांजलि प्रकट करता हूंसाथियों, लता दीदी जिन महान विभूतियों से प्रेरित थीं, उनमें वीर सावरकर भी एक थे जिन्हें वह तात्या कहती थीं उन्होंने वीर सावरकर के कई गीतों कोअपने सुरों में पिरोया लता दीदी से मेरा स्नेह का जो बंधन था, वह हमेशा कायम रहा वह मुझे बिना बोले हर साल राखी भेजा करती थीं मुझे याद हैमराठी सुगम संगीत की महान हस्ती सुधीर फड़के जी ने सबसे पहले मेरा परिचय लता दीदी से कराया था। मैंने लता दीदी को कहा कि मुझे आपकेद्वारा गाया और सुधीर जी द्वारा संगीतबद्ध गीत ‘ज्योति कलश छलके’ बहुत पसंद है. प्रधानमंत्री ने कहा, मेरे प्यारे देशवासियों, नवरात्रि के इस समय मेंहम शक्ति की उपासना करते हैं हम नारी शक्ति का उत्सव मनाते हैं बिजनेस से लेकर स्पोर्ट्स तक, एजुकेशन से लेकर साइंस तक.. आप किसी भी क्षेत्रको लीजिए देश की बेटियां हर जगह अपना परचम लहरा रही हैं आज वह ऐसी चुनौतियों को भी पार कर रही हैं, जिनकी कल्पना तक मुश्किल है अगरमैं आपसे यह सवाल करूं कि क्या आप समंदर में लगातार आठ महीने रह सकते हैं क्या आप समंदर में पतवार वाली नाव यानी हवा के वेग से आगेबढ़ने वाली नाव से पचास हजार किलोमीटर की यात्रा कर सकते हैं और वो भी तक जब समंदर में मौसम कभी भी बिगड़ जाता है ऐसा करने से पहलेआप हजार बार सोचेंगे. यूनेस्को की सांस्कृतिक धरोहर की सूची में शामिल कराने का प्रयासलेकिन भारतीय नौसेना की दो बहादुर अधिकारियों ने नाविका सागर परिक्रमा के दौरान ऐसा कर दिखाया है उन्होंने दिखाया है कि साहस और दृढ़संकल्प होता क्या है आज मैं मन की बात के श्रोताओं को इन दो जांबाज अधिकारियों से मिलवाना चाहता हूं एक हैं लेफ्टिनेंट कमांडर दिलना औरदूसरी हैं लेफ्टिनेंट कमांडर रूपा इसके बाद प्रधानमंत्री दोनों अधिकारियों से फोन पर बात करते हुए सुनाई देते हैं. साथियों, हमारे पर्व-त्योहार भारत कीसंस्कृति को जीवंत बनाए रखते हैं. छठ पर्व एक ऐसा पावन-पर्व है जो दिवाली के बाद आता है सूर्य देव को समर्पित यह महापर्व बहुत ही विशेष हैइसमें हम डूबते सूर्य को भी अर्घ्य देते हैं उनकी आराधना करते हैं छठ न केवल देश के अलग-अलग हिस्सों में मनाया जाता है बल्कि दुनियाभर में इसकीछठा देखने को मिलती है आज यह एक वैश्विक त्योहार बन रहा है साथियों, मुझे आपको यह बताते हुए बहुत खुशी है कि भारत सरकार भी छठ पूजाको लेकर एक बड़े प्रयास में जुटी है भारत सरकार छठ पर्व को यूनेस्को की सांस्कृतिक धरोहर की सूची में शामिल कराने का प्रयास कर रही है.छठ पूजामें यूनेस्को की सूची में शामिल होगी, तो दुनिया के कोने-कोने में लोग इसकी भव्यता और दिव्यता का अनुभव कर पाएंगे साथियों, कुछ समय पहलेभारत सरकार के ऐसे ही प्रयासों से कोलकाता की दुर्गा पूजा भी यूनेस्को की इस सूची का हिस्सा बनी है हम अपने सांस्कृतिक आयोजनों को ऐसे हीवैश्विक पहचान दिलाएंगे, तो दुनिया भी उनके बारे में जानेगी, समझेगी, उनमें शामिल होने के लिए आगे आएगी.
TVK रैली में 39 की मौत, EPS बोले ‘सरकार और पुलिस ने लापरवाही की हदें पार की

तमिलनाडु के करूर में 27 सितंबर को तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) की रैली के दौरान हुई भगदड़ को लेकर अन्नाद्रमुक महासचिव और पूर्वमुख्यमंत्री ई.के. पलानीस्वामी ने पुलिस और प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं उन्होंने कहा कि इस दर्दनाक हादसे की वजह साफ तौर पर सुरक्षा मेंचूक है हादसे में 39 लोगों की मौत हो गई और 51 लोग घायल हो गए. पलानीस्वामी ने कहा कि अगर राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन ने पहले सेसावधानी बरती होती तो इस खौफनाक हादसे को टाला जा सकता था उन्होंने मीडिया रिपोर्ट के आधार पर कहा कि अभिनेता विजय की पार्टी टीवीकेकी रैली के दौरान बिजली गुल हो गई, जिससे वहां भ्रम की स्थिति बनी और भगदड़ मच गई उन्होंने यह भी कहा कि टीवीके ने अब तक चार रैलियां कीहैं ऐसे में उसे सुरक्षा इंतजामों को लेकर पहले से तैयार रहना चाहिए था. सत्तारूढ़ द्रमुक के कार्यक्रमों में पूरी सुरक्षापूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि पुलिस को पिछली रैलियों में जुटी भीड़ और करूर की स्थिति को देखकर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करनी चाहिए थी सरकारऔर टीवीके नेतृत्व को भी इस ओर ध्यान देना चाहिए था पलानीस्वामी ने करूर के सरकारी अस्पताल में घायलों से मुलाकात की और उनका हालजाना उन्होंने कहा कि एक राजनेता को भीड़ पर नजर रखनी चाहिए और किसी भी चूक को तुरंत सुधारना चाहिए. उन्होंने कहा कि जनता रैलियों में इसभरोसे के साथ आती है कि पार्टी, सरकार और पुलिस उनकी सुरक्षा ध्यान रखेंगे इतने लोगों की जान चली गई यह बहुत ही दुखद और चौंकाने वालीघटना है उन्होंने हा कि राज्य की दूसरी राजनीतिक पार्टियों की रैलियों में ऐसा कभी नहीं हुआ. पलानीस्वामी ने आरोप लगाया कि जब उनकी सरकारथी, तब राजनीतिक कार्यक्रमों के दौरान सभी जरूरी एहतियात बरते जाते थे लेकिन अब की सरकार और पुलिस निष्पक्ष नहीं है उन्होंने कहा कि पुलिसएक तरफ सत्तारूढ़ द्रमुक के कार्यक्रमों में पूरी सुरक्षा देती है बिजली गुल होने और भीड़ नियंत्रित न होने के कारण यह हादसालेकिन विपक्ष को कोर्ट का दरवाजा खटखटाना पड़ता है. एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री एमके स्टालिन का फर्ज बनता है कि वहपीड़ितों से मिलने अस्पताल जाएं और राहत की घोषणा करें उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सरकार ने भगदड़ रोकने के लिए कोई गंभीर प्रयास नहींकिए और पुलिस बिल्कुल निष्क्रिय रही. तमिलनाडु के करूर में टीवीके की रैली में हुई भगदड़ को पूर्व मुख्यमंत्री ई.के. पलानीस्वामी ने पुलिस-प्रशासनकी सुरक्षा में चूक बताया उन्होंने कहा कि बिजली गुल होने और भीड़ नियंत्रित न होने के कारण यह हादसा हुआ, जिसे सावधानी से टाला जा सकताथा। पलानीस्वामी ने सरकार पर पक्षपात और विपक्ष को नजरअंदाज करने का भी आरोप लगाया.
‘बाबा’ के भेष में हैवान, 17 छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोपी पार्थसारथी की गिरफ्तारी, वसंतकुंज आश्रम में शर्मनाक कांड

देश की राजधानी दिल्ली के वसंतकुंज स्थित आश्रम में 17 छात्राओं से छेड़छाड़ करने के आरोपी मैनेजर चैतन्यानंद सरस्वती उर्फ पार्थसारथी कोदिल्ली पुलिस ने देर रात ताजगंज इलाके के होटल से गिरफ्तार कर लिया शनिवार शाम से वह होटल में रुका था दिल्ली पुलिस ने होटल के कमरे में15 मिनट तक आरोपी से पूछताछ की, इसके बाद पुलिस उसे अपने साथ ले गई. दिल्ली में वसंत कुंज स्थित श्री शारदा इंस्टीट्यूट ऑफ इंडियनमैनेजमेंट रिसर्च के मैनेजर चैतन्यानंद सरस्वती उर्फ पार्थसारथी पर पीजी डिप्लोमा कर रहीं छात्राओं ने छेड़छाड़ और अश्लील हरकत के आरोप लगाए थेछात्राओं की शिकायत पर संस्थान प्रबंधन ने थाने में शिकायत दी थी, जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज किया था. आरोपी बाबा फरार हो गया. हालांकिउसकी लोकेशन बुधवार को आगरा में मिली थी आरोपी के खिलाफ लुक आउट नोटिस भी जारी किया गया था दिल्ली पुलिस शनिवार रात तीन बजेताजगंज क्षेत्र में फतेहाबाद रोड स्थित होटल फर्स्ट में पहुंची. होटल के कर्मचारी भरत ने बताया कि सादा कपड़ों में दिल्ली क्राइम ब्रांच के दो अधिकारीहोटल में आए थे। उन्होंने रजिस्टर चेक किया रजिस्टर की एंट्री देखने के बाद वे होटल के कमरा नंबर 101 में रुके स्वामी पार्थ सारथी के पास पहुंचे. वसंतकुंज इलाके में 17 छात्राओं से छेड़छाड़कमरे में करीब 15 मिनट तक रुककर उन्होंने पूछताछ की इसके बाद वह स्वामी पार्थ सारथी को अपने साथ ले गए। स्वामी पार्थ सारथी के नाम सेहोटल के रजिस्टर में एंट्री थी वह शनिवार शाम चार बजे होटल में पहुंचा था. रात में रेस्टोरेंट से खाना मंगाया था क्राइम ब्रांच देर रात ही चैतन्यानंदसरस्वती उर्फ पार्थसारथी को अपने साथ ले गई थाना ताजगंज के प्रभारी निरीक्षक जसवीर सिंह सिरोही का कहना है कि उन्हें दिल्ली पुलिस कीकार्रवाई की कोई जानकारी नहीं है. वसंतकुंज इलाके में 17 छात्राओं से छेड़छाड़ के आरोपी स्वामी चैतन्यानंद सरस्वती की एक-एक करतूत सामने आरही है साल 2016 में एफआईआर करवाने वाली छात्रा ने प्राथमिकी में कहा था कि उसने संस्थान में आठ महीने बिताए, वो मेरी जिंदगी का सबसेखराब दौर था उसके बाद उसने वहां पढ़ाई छोड़ दी थी. संस्थान ज्वॉइन करते ही बाबा की हरकतें शुरू हो गई थीं वह मुझे अश्लील मैसेज भेजने लगाथा। आरोपी स्वामी उसे स्वीट गर्ल बुलाने लगा प्राथमिकी में कहा गया कि आरोपी शाम को 6.30 बजे क्लास खत्म होने के बाद उसे अपने ऑफिस मेंबुलाता और परेशान करता. छात्राओं को डराया और धमकायावह कहता था-तुम बहुत टैलेंटेड हो और तुम्हे दुबई ले जाकर पढ़ाऊंगा। पढ़ाई का पूरा खर्च उठाऊंगा मैं ये बिल्कुल नहीं चाहती थी, लेकिन उसकास्टाफ मुझ पर दबाव बनता रहता था स्वामी ने मेरा मोबाइल फोन छीन लिया और मुझे हॉस्टल में अकेले रहने पर मजबूर कियाउसे किसी से बात नहीं करने दी जाती थी छात्रा के कमरे में लगे फोन पर रात में कॉल करता था आरोपी रात में डिनर और अच्छे होटलों में रुकवाने कीबातें करता था छात्रा ने कहा था कि कई बार बाबा ने मुझे गलत तरीके से टच करने की कोशिश की. छात्राओं ने यह भी आरोप लगाया है किचैतन्यानंद उन्हें जबरन छूने की कोशिश करता था विरोध करने पर शारीरिक संपर्क करने की कोशिश की और इसके लिए कई तरह के दबाव भी बनाए. कथित तौर पर छात्राओं को डराया और धमकाया गया यह भी कहा जा रहा है कि इस मामले में कुछ फैकल्टी के लोग भी जुड़े हैं आरोप है किचैतन्यानंद ने छात्राओं को आवाज को दबाने के लिए अपनी ताकत और प्रतिष्ठा का इस्तेमाल किया. चैतन्यानंद उर्फ पार्थ सारथी श्री शारदा इंस्टीट्यूटऑफ इंडियन मैनेजमेंट का प्रबंधक था संस्थान श्रृंगेरी पीठ के अधीन चलता है, जिसका प्रबंधक स्वामी चैतन्यानंद को नियुक्त किया गया था।हालांकि एफआईआर के बाद उसे पद से हटा दिया गया है.
शहबाज-ट्रंप मुलाकात में पाकिस्तान ने खोले खनिजों के राज़, अमेरिका से डील की तैयारी

व्हाइट हाउस में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और आर्मी चीफ आसिम मुनीर की तस्वीरों ने पूरी दुनियामें सुर्खियां बंटोरी. अब व्हाइट हाउस की तरफ से जारी प्रेस रिलीज में एक नई तस्वीर सामने आई है, इसमें आसिम मुनीर, राष्ट्रपति ट्रंप को पाकिस्तानके रेयर अर्थ मिनरल्स का एक सैंपल दिखाते नजर आ रहे हैं. वहीं, बीच में पाकिस्तानी पीएम शहबाज शरीफ भी खड़े दिख रहे हैं. ‘टीओआई’ कीरिपोर्ट के मुताबिक ट्रंप के साथ शाहबाज शरीफ और आसिम मुनीर की बैठक से जुड़ी व्हाइट हाउस की दस से ज्यादा फोटो वाली पिक्चर गैलरी में इसतस्वीर को भी दिखाया गया है. इसमें दोनों पाकिस्तानी ट्रंप को एक खुला हुआ लकड़ी का बॉक्स दिखा रहे हैं, जिसमें रंग-बिरंगे पत्थर रखे हैं. दो बड़ेपत्थर बास्टेनजाइट और मोनाजाइट के लग रहे हैं, जिनमें आमतौर पर रेयर अर्थ मिनरल्स जैसे सेरियम, लैंथेनम और नियोडिमियम होते हैं. ृपाकिस्तानलंबे समय से अपने विशाल तेल, गैस और खनिज संपदा का बखान करता रहा है, जिनमें से कुछ दुर्लभ रेयर अर्थ बलूचिस्तान और खैबर-पख्तूनख्वा केइलाके में पाए जाते हैं. अमेरिका को दुर्लभ मृदा की सप्लाई पर उसकी पकड़हालांकि इनमें से किसी भी खनिज भंडार का व्यावसायिक रूप से सबूत अब तक नहीं मिला है. लेकिन पाकिस्तानी नेतृत्व ने इस महीने की शुरुआत मेएक निजी अमेरिकी फर्म के साथ किए गए सहयोग का खुलासा करने के लिए राष्ट्रपति ट्रंप को इन मिनरल्स की झलक दिखाई है.इस दौरान पीएमशहबाज शरीफ ने अमेरिका और पाकिस्तानी दोनों झंडों वाला एक लैपल पिन पहना था, एक ऐसा इशारा है जिसे सोशल मीडिया पर कुछपाकिस्तानी ट्रोल्स ने ने शर्मनाक बता रहे हैं. इस मीटिंग के दौरान अमेरिकी नेता के साथ पाकिस्तान पीएम शहबाज कुछ ज्यादा ही नजदीकियां दिखातेनजर आ रहे हैं. व्हाइट हाउस से आई तस्वीर क्षेत्रीय उथल-पुथल के बीच अमेरिका के साथ गहरे संबंधों को बढ़ावा देकर, अहम खनिजों के एकभरोसेमंद सप्लायर के तौर पर खुद को स्थापित करने की कोशिश का हिस्सा है. अमेरिका के साथ पाकिस्तान का रेयर अर्थ मिनरल्स वाली डीलइस्लामाबाद के ‘पक्के दोस्त’ चीन के लिए एक बड़ी मुसीबत बन सकती है. क्योंकि अमेरिका को दुर्लभ मृदा की सप्लाई पर उसकी पकड़ है. यह कदमउसके क्रिप्टो कारनामे के तुरंत बाद उठाया गया है, अमेरिका को इस इलाके में एंट्री देना पाकिस्तान के लिए चुनौतीजहां उसने एक ब्रिटिश-पाकिस्तानी कारोबारी का इस्तेमाल करके खुद को क्रिप्टो कैपिटल के रूप में स्थापित किया, जहां ट्रंप परिवार से जुड़े अमेरिकीबिजनेसा पैसा कमा सकते हैं. बिजनेसमैन बिलाल बिन साकिब, जिन्हें अनौपचारिक रूप से पाकिस्तान का ‘क्रिप्टो मंत्री’ बनाया गया है, ने व्हाइट हाउसकी बैठक के दौरान ट्रंप के क्रिप्टो सलाहकार पैट्रिक विट के साथ अमेरिका और पाकिस्तान के बीच सहयोग के अवसरों पर चर्चा करने के लिए एकबैठक की. बाद में उन्हें संयुक्त राष्ट्र महासभा में शहबाज शरीफ के भाषण के दौरान क्रिप्टोकरेंसी का प्रचार करते देखा गया. पाकिस्तान जिस तरह सेट्रंप के साथ अपनी नजदीकियां बढ़ा रहा है, उससे चीन को मिर्ची लगना तय है. अमेरिका की नजर बलूचिस्तान के रेयर अर्थ भंडार पर है, जबकि चीनCPEC प्रोजेक्ट के जरिए पाकिस्तान से एनर्जी, इंफ्रास्ट्रक्चर और कारोबार की चाहत रखता है. बलूचिस्तान में चीन की तरफ से बनाए गएइंफ्रास्ट्रक्चर और वहां मौजूद चीनी नागरिकों को बलूच लिबरेशन आर्मी और अन्य अलगाववादी संगठन बार-बार निशाना बना रहे हैं. ऐसे में अमेरिकाको इस इलाके में एंट्री देना पाकिस्तान के लिए चुनौती साबित होगा.
जयशंकर के यूएन भाषण पर भारत ने किया पाकिस्तान पर हमला, कहा सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा देता रहा

भारत ने विदेश मंत्री एस जयशंकर की संयुक्त राष्ट्र महासभा (यूएनजीए) में आतंकवाद पर की गई टिप्पणी पर प्रतिक्रिया देने को लेकर पाकिस्तान परहमला किया है भारत ने कहा कि जयशंकर ने अपने भाषण में पाकिस्तान का नाम भी नहीं लिया फिर उसकी प्रतिक्रिया दर्शाती है कि उसने खुद मानलिया है कि वह लंबे समय से सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा देता रहा है. जयशंकर ने शनिवार को यूएनजीए की आम चर्चा में अपने संबोधन में कहाथा, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हुए कई बड़े आतंकी हमलों की जड़ें एक ही देश से जुड़ी होती हैं वैश्विक आतंकवाद का केंद्र बने पड़ोसी देश का जिक्र करतेहुए उन्होंने कहा कि भारत ने आजादी के बाद से ही आतंकवाद की चुनौती की सामना किया है. विदेश मंत्री के भाषण के बाद पाकिस्तान के प्रतिनिधिने ‘राइट टू रिप्लाई’ के तहत आरोप लगाया कि आतंकवाद को लेकर भारत के आरोप ‘झूठे और दुर्भावनापूर्ण’ हैं जबकि जयशंकर ने अपने भाषण मेंपाकिस्तान का नाम भी नहीं लिया था पाकिस्तानी प्रतिनिधि ने आरोप लगाया कि भारत कई बार झूठ दोहराकर पाकिस्तान की छवि खराब करने कीकोशिश कर रहा है. आतंकवादियों की सार्वजनिक रूप से सराहना की जातीइसके जवाब में भारत ने कहा, यह बहुत कुछ कहता है कि एक ऐसा पड़ोसी, जिसका नाम तक नहीं लिया गया, फिर जवाब देकर मानता है कि वहवर्षों से सीमा पार आतंकवाद को बढ़ावा देता आया है भारत के संयुक्त राष्ट्र मिशन के द्वितीय सचिव रेंतला श्रीनिवास ने कहा, पाकिस्तान की छवि खुदउसके बारे में काफी कुछ कहती है दुनिया के कई हिस्सों में आतंकवाद को लेकर उसकी पहचान साफ तौर पर देखी जा सकती है वह न केवल अपनेपड़ोसियों के लिए बल्कि पूरी दुनिया के लिए एक खतरा है. उन्होंने आगे कहा, कोई भी तर्क या झूठ आतंकिस्तान (टेररिस्तान) के अपराधों को छिपानहीं सकता। पाकिस्तानी प्रतिनिधि ने एक बार फिर जवाब देने के लिए मंच लिया लेकिन जब वह बोलने लगे तो श्रीनिवास हॉल से बाहर निकल गए.जयशंकर ने अपने संबोधन में अंतरराष्ट्रीय समुदाय से आग्रह किया कि वे ऐसे देशों की निंदा करें, जो खुलेआम आतंकवाद को अपनी सरकारी नीति केरूप में अपनाते हैं, जहां बड़े पैमाने पर आतंकी प्रशिक्षण शिविर चलते हैं और आतंकवादियों की सार्वजनिक रूप से सराहना की जाती है.साजिशकर्ताओं और हमलावरों को न्याय के कटघरे में खड़ा कियाउन्होंने जोर दिया कि आतंकवाद की फंडिंग रोकने और प्रमुख आतंकवादियों पर प्रतिबंध लगाने की जरूरत है जयशंकर ने चेतावनी दी कि आतंकवादके पूरे नेटवर्क पर दबाव बनाना जरूरी है, क्योंकि जो देश आतंक को समर्थन देते हैं, उन्हें आखिरकार इसका खामियाजा भुगतना पड़ता है पाकिस्तानका नाम लिए बगैर जयशंकर ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र की आतंकवादियों की सूची में कई ऐसे नाम हैं जो एक ही देश से ताल्लुक रखते हैं. उन्होंने कहाकि अप्रैल में पहलगाम में निर्दोष पर्यटकों की हत्या सीमा पार बर्बरता का उदाहरण है जयशंकर ने कहा कि भारत ने अपने नागरिकों की रक्षा काअधिकार इस्तेमाल किया और इस हमले के साजिशकर्ताओं और हमलावरों को न्याय के कटघरे में खड़ा किया.
अभिनेता विजय ने करूर रैली भगदड़ पर जताया शोक, मृतकों के परिवार को 20 लाख रुपये मुआवजा देने का ऐलान, सोशल मीडिया पर मिले मिश्रित रिएक्शन

अभिनेता से नेता बने विजय की पार्टी टीवीके की करूर रैली में भगदड़ की घटना घटी इसमें 39 लोगों की जान चली गई है कई घायल हैं, जिनकाअलग-अलग अस्पतालों में उपचार चल रहा है इस बीच घटना के बाद करूर से तुरंत चेन्नई रवाना हुए विजय ने रविवार सुबह इस घटना पर प्रतिक्रियादी उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी और कार्यकर्ता सभी प्रियजनों को आवश्यक सहयोग प्रदान करेंगे. अभिनेता विजय ने एक्स पर पोस्ट साझा कर कहा, ‘करूर में कल जो कुछ हुआ, वह कल्पना से परे है उसके बारे में सोचते ही मेरा दिल और दिमाग गहरे बोझ से दब जाते हैं अपने प्रियजनों को खोने केअसीम दुख के बीच, मेरे पास अपने हृदय की पीड़ा को व्यक्त करने के लिए शब्द नहीं हैं मेरी आंखें और मन शोक से ढंके हुए हैं’ आगे कहा, ‘आपसबके चेहरे, जिनसे मैं मिला हूं बार-बार मेरी यादों में उभर रहे हैं। जैसे-जैसे मैं उन प्रियजनों के बारे में सोचता हूं, मेरा दिल और भी अस्थिर हो जाता हैमैं भगवान से प्रार्थना करता हूं कि हमारे सभी प्रियजन जो घायल हैं और इलाज करा रहे हैं,आपके परिवार के एक सदस्य के रूप में यह मेरा कर्तव्यवे शीघ्र स्वस्थ होकर अपने घर लौटें मैं यह भी आश्वासन देता हूं कि हमारी पार्टी तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) इलाज करा रहे सभी प्रियजनों कोदृढ़ता से आवश्यक सहयोग प्रदान करेगी’ पोस्ट में विजय ने आगे लिखा है, ‘यह एक ऐसा नुकसान है, जिसकी भरपाई हम नहीं कर सकते फिर भी, आपके परिवार का एक सदस्य होने के नाते मैं उन सभी प्रियजनों के परिवारों को 20-20 लाख रुपये देना चाहता हूं, जिन्होंने अपने प्रिय सदस्य को खोदिया है इस घटना में जो पीड़ति हैं और जो घायल हैं, जिनका इलाज चल रहा है, उन्हें दो-दो लाख रुपये देना चाहता हूं इस नुकसान के सामने यहकोई बड़ी रकम नहीं है हालांकि, इस समय, आपके परिवार के एक सदस्य के रूप में यह मेरा कर्तव्य है कि मैं आपके साथ खड़ा रहूं’ एक्टर विजय केइस पोस्ट पर यूजर्स के रिएक्शन आ रहे हैं कुछ लोगों का गुस्सा फूट रहा तो कुछ ने सवालों की झड़ी लगा दी है यूजर्स सवाल कर रहे हैं कि आप रैलीसे भागे क्यों? वहीं, कुछ ने लिखा है कि आप सिर्फ माफी मांगकर नहीं बच सकते आपको परिवार वालों से मिलने जाना चाहिए. कुछ ने लिखा है, ‘आपने 20 लाख रुपये दे दिए, लेकिन क्या आप जिंदगियां वापस कर सकते हैं’ वहीं, कुछ विजय के सपोर्ट में हैं और लिख रहे हैं, ‘हम खुश हैं किआपने सांत्वना मैसेज डाला’ एक यूजर ने लिखा है, ‘हालांकि देर हो गई है, फिर भी मुझे खुशी है कि आपका मैसेज आ गया. मृतकों के घर व्यक्तिगत रूप से जाना चाहिएआपको मृतकों के घर व्यक्तिगत रूप से जाना चाहिए, जो सिर्फ आपके लिए आए थे उनके दुःख में आपको शामिल होना चाहिए’ एक यूजर ने सवालकिया है, ‘जब आपको पीड़ितों की मदद करनी चाहिए थी तो आप अपनी ही रैली से क्यों भाग गए? आखिर वो पीड़ित आपके समर्थक ही तो हैं। आपबस ट्वीट करेंगे और देखेंगे कि क्या होता है उसके बाद आप कुछ भावुक बातें कहेंगे, जो आपके प्रशंसकों को खुश कर देंगी. वे आपकी आने वालीफिल्म भी अच्छी तरह देखेंगे। लेकिन आप आगे नहीं बढ़ेंगे ये कलाकार तो परफेक्ट हैं, तो उन्हें क्या फर्क पड़ता है? फिर ये रैली निकालेंगे और हम जैसेलोग मारे जाएंगे हम उन्हें दोष भी नहीं देंगे, क्योंकि हम उन्हें भगवान मानते हैं’एक यूजर ने लिखा है, ‘रिश्ते, रिश्तेदार, स्नेह-सब दिखावा। 6 घंटे देर सेआना। असुरक्षित स्टेज और 39 जानें रुपये दिखाकर आप कोई बदलाव नहीं ला सकते ईमानदारी, जिम्मेदारी स्वीकार करने और माफी मांगने कासाहस रखिए.
Arvind Kejriwal slams BJP Govts over paper leaks, shares video of distressed student “Papers don’t leak on their own it is their ministers & leaders who make it happen”

Aam Aadmi Party (AAP) National Convenor Arvind Kejriwal on Sunday expressed deep anger and anguish over the recurring incidents of competitive exam paper leaks in BJP-ruled states. Sharing a video of a student preparing for competitive exams on X, Arvind Kejriwal wrote, “The pain in this girl’s eyes and voice makes one furious. She is a farmer’s daughter. Somehow her father saves money to send her to the city to study, and then the paper gets leaked. What is this girl supposed to do now? Where should she go? This is the same pain felt by the majority of youth in the country who are preparing for competitive exams. Cannot remain helplessWhy is it that wherever their governments are in power, paper leaks are happening?”The AAP Supremo asserted that these leaks are not accidents but orchestrated acts. “Papers don’t leak on their own. Their leaders and ministers make them leak. Yet no one ever gets caught. How can they be caught? When the boatman himself sinks the boat, who will save it? A government that cannot even conduct exams properly is unfit to govern a state. Crying won’t solve the problem. The youth of this country cannot remain helpless. Such a government must either resign or be overthrown,” he declared. Arvind Kejriwal shared featured the student voicingThe video Arvind Kejriwal shared featured the student voicing the crushing financial burden on her family as she struggles to prepare for exams amidst rampant leaks. The student said she lives alone in the city, paying ₹6,000 in rent every month because rooms are not available for less. On top of this, coaching fees for a year range between ₹15,000 and ₹20,000, with additional expenses for food and living. Her parents somehow manage to send her ₹15,000 to ₹20,000 every month. Her father is a farmer, while her mother does not work. The student lamented that massive irregularities are taking place in examinations, and under such conditions, families like hers cannot possibly afford to keep paying for her education.
Delhi BJP’s journey had its share of challenges and struggles, but it is the result of the workers’ determination that the dream we saw is becoming a reality today says Virendra Sachdeva

Delhi BJP President Virendra Sachdeva announced in a press conference today that on Monday, 29th September, on the auspicious occasion of Saptami Navratri, the Hon’ble Prime Minister Shri Narendra Modi will inaugurate the new Delhi BJP office with his august hands. The press conference was conducted by Delhi BJP’s Media Head Shri Praveen Shankar Kapoor in the presence of State General Secretary Smt. Kamaljeet Sehrawat and Media Relations Head Vikram Mittal. Virendra Sachdeva congratulated the Delhi BJP workers on the completion of the new office and recalled that on 9th June 2023, the foundation stone for this office was laid by BJP’s National President Hon’ble Shri Jagat Prakash Nadda. Narendra Modi inaugurates the new officeThe Delhi BJP President said that tomorrow, when the Hon’ble Prime Minister Shri Narendra Modi inaugurates the new office, it will be a historic moment. After the BJP’s founding, the first office was opened at Ajmeri Gate. Later, it functioned for some time from Rakabganj Road, and then for almost 35 years from 14 Pandit Pant Marg. Now, the party has reached its own building on Deendayal Upadhyay Marg. This journey has been full of challenges but also remarkable.He added that every BJP worker is grateful to Prime Minister Shri Narendra Modi, Home Minister and former BJP President Shri Amit Shah, and current National President Shri Jagat Prakash Nadda. It was under their visionary leadership that the organization set a goal to build party offices in every state capital and district of the country. As part of this mission, not only were long-pending land disputes regarding the Delhi state office resolved, but construction was completed. Today, all 14 organizational districts of Delhi have their own offices. Virendra Sachdeva said that under the guidance of our leadershipVirendra Sachdeva said that under the guidance of our leadership, the blessings of senior party leaders, and the willpower and enthusiasm of our devoted workers, we have completed the construction of this office after a challenging struggle. A dream has been fulfilled. When this newly built office is inaugurated by the Hon’ble Prime Minister, the event will be witnessed by BJP National President Shri Jagat Prakash Nadda, Delhi Chief Minister Smt. Rekha Gupta, many senior and veteran Delhi BJP workers, several Union Ministers, national office-bearers, Delhi’s MPs, MLAs, councilors, and thousands of party workers.
दिल्ली सरकार की पानी के बिल पर जुर्माना माफ करने की योजना: दिवाली उपहार के रूप में घोषणा

विजय श्रीवास्तव, नई दिल्ली दिल्ली की भाजपा सरकार ने हाल ही में पानी के बिलों पर लगे लेट पेमेंट सर्चार्ज (LPSC) को पूरी तरह माफ करने की एक बड़ी योजना की घोषणाकी है। यह कदम दिल्ली के लाखों घरेलू उपभोक्ताओं के लिए राहत लेकर आया है, जो पिछले कई वर्षों से फूले-फूले पानी के बिलों की शिकायतकर रहे थे। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली सरकार ने इसे दिवाली का उपहार या दिवाली बोनस के रूप में पेश किया है, जो आगामी त्योहार सेठीक पहले लागू हो रहा है। यह योजना न केवल चुनावी वादे को पूरा करने का हिस्सा है, बल्कि दिल्ली जल बोर्ड (DJB) की वित्तीय स्थिति कोमजबूत करने का भी प्रयास है। 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनावों के दौरान, भाजपा ने पानी के बिलों पर जुर्माने को माफ करने का प्रमुख वादा किया था। तत्कालीन भाजपा नेता(अब मुख्यमंत्री) रेखा गुप्ता ने इसे जनता के लिए बड़ी राहत के रूप में प्रचारित किया था। चुनाव जीतने के बाद, भाजपा सरकार ने इस वादे को पूराकरने की दिशा में कदम उठाए। जून 2025 में, सरकार ने पहले ही फूले हुए घरेलू पानी के बिलों को 80-90% तक माफ करने की घोषणा की थी, जिससे 16 लाख से अधिक उपभोक्ताओं को फायदा हुआ। जुलाई 2025 में, जल मंत्री परवेश वर्मा ने इस योजना को पुनर्जीवित किया और इसे एकबार की व्यवस्था के रूप में घोषित किया था, आपको बता दे कि पिछले आम आदमी पार्टी (AAP) सरकार के दौरान, DJB के बिलिंग सिस्टम में खराबी के कारण लाखों उपभोक्ताओं को फूलेहुए बिल मिले थे। 5% मासिक चक्र पर चक्रवृद्धि ब्याज (कंपाउंडिंग इंटरेस्ट) के कारण छोटे बिल भी हजारों रुपये के हो जाते थे। कुल बकाया राशिमें से 91% (लगभग 80,463 करोड़ रुपये) सिर्फ LPSC ही था। कुल बकाया 87,589 करोड़ रुपये है। आप सरकार ने भी 2023 में समान योजनाका वादा किया था, लेकिन इसे लागू नहीं कर पाई थी। जिसके बाद 26 सितंबर 2025 को दिल्ली जल बोर्ड की बैठक में जल मंत्री परवेश वर्मा ने इस योजना को मंजूरी दी। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने सोशलमीडिया पर इसे साझा किया, इसे “दिवाली से पहले उपहार” बताते हुए जनता को बधाई दी। योजना को “दिवाली बोनस” कहा जा रहा है।