परीक्षा पे चर्चा 2025: छात्रों के साथ प्रधानमंत्री मोदी का संवाद, जानिए पीएम ने बच्चों को क्या टिप्स दी?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 10 फरवरी 2025 को नई दिल्ली के प्रगति मैदान स्थित भारत मंडपम में परीक्षा पे चर्चा 2025 के आठवें संस्करण काआयोजन किया। कार्यक्रम का लाइव टेलीकास्ट सुबह 11 बजे से शुरू हुआ। इस वर्ष का मुख्य उद्देश्य छात्रों के परीक्षा तनाव को कम करना औरजीवन व स्वास्थ्य से जुड़े अहम पहलुओं पर चर्चा करना था। स्वास्थ्य और आहार पर सुझावपीएम मोदी ने कार्यक्रम की शुरुआत छात्रों को स्वास्थ्य और आहार पर टिप्स देकर की। उन्होंने मोटे अनाज (मिलेट्स) के महत्व को समझाया औरबताया कि भोजन को कम से कम 32 बार चबाना चाहिए। साथ ही, उन्होंने सही समय पर भोजन करने और स्वस्थ आहार लेने की आदत को जरूरीबताया। परीक्षा तनाव को कम करने के उपायप्रधानमंत्री ने छात्रों से परीक्षा के दौरान तनाव को कम करने के तरीके साझा किए। उन्होंने कहा कि छोटे लक्ष्य बनाकर उन्हें पूरा करने से आत्मविश्वासबढ़ता है। पिछले वर्षों के प्रश्नपत्रों को हल करने और अपनी कमजोरियों पर काम करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि छात्रों को अपने विचार साझाकरने से मन शांत रहता है नेतृत्व कौशल पर मार्गदर्शनबिहार के एक छात्र ने पीएम मोदी से नेतृत्व कौशल पर सवाल पूछा। इस पर उन्होंने कहा कि एक प्रभावी नेता दूसरों को समझने, उनकी मदद करनेऔर सहयोग प्रदान करने में सक्षम होना चाहिए। उन्होंने टीमवर्क और धैर्य को नेतृत्व के लिए जरूरी गुण बताया। सामाजिक दबाव और करियर विकल्पकरियर पर माता-पिता के दबाव को लेकर एक सवाल के जवाब में पीएम मोदी ने कहा कि सामाजिक तुलना से बचना चाहिए। उन्होंने सचिन तेंदुलकरका उदाहरण देते हुए कहा कि माता-पिता को बच्चों की रुचि को समझते हुए उनका समर्थन करना चाहिए। लेखन और अभ्यास का महत्वपीएम मोदी ने छात्रों को लेखन की आदत डालने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि यह न केवल कौशल को निखारता है, बल्कि विचारों को स्पष्ट रूप सेव्यक्त करने में भी मदद करता है। टेक्नोलॉजी के उपयोग पर सुझाव तेजी से बदलती टेक्नोलॉजी के बारे में पीएम मोदी ने कहा कि इसे सही तरीके से इस्तेमाल करना चाहिए। उन्होंने छात्रों को समय बर्बाद करने वालीगतिविधियों से बचने और टेक्नोलॉजी को उत्पादक कार्यों में उपयोग करने की सलाह दी। डांस और रचनात्मकता को प्रोत्साहनडांसिंग से जुड़े एक सवाल के जवाब में पीएम मोदी ने कहा कि रचनात्मक गतिविधियों से तनाव कम होता है। उन्होंने माता-पिता से अपील की कि वेबच्चों को केवल पढ़ाई तक सीमित न रखें। जलवायु परिवर्तन पर चर्चापीएम मोदी ने जलवायु परिवर्तन पर एक छात्र के सवाल की सराहना की। उन्होंने ‘एक पेड़ मां के नाम’ पहल का उल्लेख करते हुए प्रकृति के संरक्षणके महत्व पर जोर दिया। अभिभावकों और शिक्षकों के लिए सुझावपीएम मोदी ने अभिभावकों और शिक्षकों से बच्चों की तुलना दूसरों से न करने की अपील की। उन्होंने कहा कि हर बच्चे की अपनी विशेषता होती है, जिसे पहचानना और प्रोत्साहित करना आवश्यक है। छात्रों को दिया मोटिवेशन का गुरुमंत्रकार्यक्रम के अंत में पीएम मोदी ने छात्रों को प्रेरित करते हुए कहा कि लक्ष्य निर्धारित करें और उन्हें प्राप्त करने के बाद खुद को पुरस्कृत करें। उन्होंनेछात्रों को आत्मनिरीक्षण और गलतियों से सीखने पर जोर दिया। परीक्षा पे चर्चा का उद्देश्यइस वर्ष के कार्यक्रम का उद्देश्य न केवल छात्रों को परीक्षा संबंधी तनाव से निपटने में मदद करना था, बल्कि उन्हें जीवन और करियर के अन्य पहलुओंपर मार्गदर्शन देना भी था।
बजट सत्र का सातवां दिन: राज्यसभा में बोलीं सोनिया गांधी, जनगणना में देरी से राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून के लाभार्थियों पर संकट

कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी ने सोमवार को राज्यसभा में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा कानून (एनएफएसए) से संबंधित मुद्दे उठाए। उन्होंने जनगणना मेंहो रही देरी को लेकर सरकार पर सवाल खड़े किए और एनएफएसए के तहत लाभार्थियों की संख्या को अद्यतन करने की मांग की। एनएफएसए का उद्देश्य और इसकी भूमिकासोनिया गांधी ने याद दिलाया कि सितंबर 2013 में यूपीए सरकार द्वारा लागू किया गया यह कानून हर नागरिक को खाद्यान्न और पोषण उपलब्धकराने के उद्देश्य से लाया गया था। उन्होंने कहा कि इस योजना ने देशभर में करोड़ों लोगों को खाद्यान्न उपलब्ध कराने में अहम भूमिका निभाई, खासतौर पर कोविड महामारी के दौरान। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह योजना भी इसी कानून परआधारित है। जनगणना के आंकड़ों पर आधारित है एनएफएसएसोनिया गांधी ने बताया कि एनएफएसए के तहत 75% ग्रामीण और 50% शहरी आबादी को सब्सिडी पर अनाज दिया जाता है। हालांकि, उन्होंनेइस बात पर चिंता जताई कि लाभार्थियों की संख्या अब भी 2011 की जनगणना पर आधारित है। 2011 के बाद से अब तक जनसंख्या में हुएबदलाव को ध्यान में नहीं रखा गया है। जनगणना में देरी पर सवालसोनिया गांधी ने कहा कि आजाद भारत के इतिहास में यह पहली बार है जब हर 10 साल पर होने वाली जनगणना में इतनी लंबी देरी हो रही है।उन्होंने कहा कि 2021 में जनगणना होनी थी, लेकिन चार साल बीतने के बावजूद इसकी कोई निश्चित समयसीमा नहीं तय की गई है। उन्होंने सरकारसे इस प्रक्रिया को जल्द शुरू करने की अपील की। फूड सिक्योरिटी को बताया मूलभूत अधिकारसोनिया गांधी ने जोर देकर कहा कि खाद्य सुरक्षा कोई विशेषाधिकार नहीं बल्कि हर नागरिक का बुनियादी अधिकार है। उन्होंने सरकार से आग्रह कियाकि जनगणना शीघ्र कराई जाए ताकि एक भी पात्र व्यक्ति इस योजना के लाभ से वंचित न रह सके।
तिरुपति लड्डू विवाद: सीबीआई की जांच में बड़ा खुलासा, चार आरोपी गिरफ्तार

तिरुपति बालाजी मंदिर के प्रसिद्ध लड्डू प्रसाद में मिलावटी घी के इस्तेमाल को लेकर विवाद के बाद सीबीआई ने गहन जांच शुरू की है। सुप्रीम कोर्टके निर्देश पर गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने हाल ही में चार लोगों को गिरफ्तार किया है। सीबीआई अधिकारियों के अनुसार, लड्डू प्रसाद मेंमिलावट के मामले में यह कार्रवाई की गई है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर हो रही जांचतिरुपति के श्री वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर में लड्डू प्रसाद में मिलावट का मामला पिछले साल सामने आया था। इस विवाद को सुप्रीम कोर्ट तक ले जायागया, जहां शीर्ष अदालत ने इस संवेदनशील मुद्दे पर राजनीतिक हस्तक्षेप से बचने का निर्देश दिया। अक्तूबर 2024 में कोर्ट ने सीबीआई कोएसआईटी के जरिए मामले की जांच करने का आदेश दिया। चार आरोपियों की पहचानसीबीआई अधिकारियों ने पुष्टि की है कि गिरफ्तार किए गए आरोपियों में विपिन जैन, पोमिल जैन, अपूर्व चावड़ा और राजू राजशेखरन शामिल हैं। इनपर तिरुपति लड्डू में मिलावटी घी की आपूर्ति का आरोप है। एसआईटी में कौन-कौन शामिल?इस मामले की जांच के लिए नवंबर 2024 में पांच सदस्यीय एसआईटी का गठन किया गया था। इसमें सीबीआई के दो अधिकारी, आंध्र प्रदेशपुलिस के दो अधिकारी और भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण (FSSAI) का एक विशेषज्ञ शामिल हैं। राजनीतिक विवाद और राज्य सरकारों के आरोप-प्रत्यारोपमामले के उजागर होने के बाद आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू ने पूर्व सरकार पर तिरुपति लड्डू में पशु वसा के उपयोग का आरोप लगाया।उनके इस बयान से बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया। मंदिर प्रशासन की सफाईविवाद के बीच तिरुमला तिरुपति देवस्थानम (TTD) ने 2024 में बयान जारी कर लड्डू की पवित्रता बनाए रखने का आश्वासन दिया। प्रबंधन ने कहाकि श्रीवारी लड्डू अब पूरी तरह शुद्ध है और सभी खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा है। मिलावट रोकने के लिए नई पहलमंदिर प्रशासन ने घी और दूध उत्पादों में मिलावट की संभावना को खत्म करने के लिए राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (NDDB) की मदद से मिलावटपरीक्षण मशीन लगाने की घोषणा की थी। प्रशासन ने बताया कि जनवरी 2025 तक यह मशीन कार्यशील हो जाएगी। केंद्र सरकार का सख्त रुखघी की जांच के दौरान तमिलनाडु के डिंडीगुल में एक डेयरी फैक्टरी से जुड़े नमूनों की भी जांच की गई। केंद्रीय खाद्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा किप्रसाद में मिलावट बेहद गंभीर मामला है और दोषियों को सजा दी जाएगी।
श्रद्धा वाकर हत्याकांड: गहरे सदमे में पिता विकास वाकर का दिल का दौरा पड़ने से निधन

श्रद्धा वाकर के पिता विकास वाकर का रविवार को मुंबई में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वह अपनी पत्नी और परिवार के साथ वसई में रहतेथे। बेटी की नृशंस हत्या के बाद से वह गहरे सदमे में थे। श्रद्धा वाकर हत्याकांडश्रद्धा वाकर (27) की 18 मई 2022 को दिल्ली के महरौली में उसके लिव-इन पार्टनर आफताब अमीन पूनावाला (28) ने हत्या कर दी थी। श्रद्धाऔर आफताब महरौली के किराए के घर में रहते थे। हत्या के बाद आफताब ने श्रद्धा के शव के 35 टुकड़े कर फ्रिज में रख दिए और 18 दिनों तक रातके समय छतरपुर के जंगलों में उन्हें फेंकता रहा। पुलिस की जांच और खुलासाश्रद्धा के दोस्तों ने जब परिवार को बताया कि वह ढाई महीने से संपर्क में नहीं है, तो उसके पिता विकास वाकर ने मुंबई पुलिस में गुमशुदगी कीशिकायत दर्ज कराई। जांच के दौरान पता चला कि श्रद्धा दिल्ली में आफताब के साथ रह रही थी। मुंबई पुलिस ने दिल्ली पुलिस से संपर्क किया, जिसके बाद आफताब को गिरफ्तार किया गया। आफताब ने पुलिस पूछताछ में अपना गुनाह स्वीकार किया। उसने बताया कि 18 मई 2022 को बहस के बाद उसने श्रद्धा की गला दबाकर हत्या करदी थी। पुलिस ने उसके फ्लैट से फ्रिज में रखे शव के टुकड़े और अन्य साक्ष्य बरामद किए। शव के अवशेष नहीं कर पाए अंतिम संस्कारविकास वाकर अपनी बेटी के शव के अवशेषों का अंतिम संस्कार करना चाहते थे, लेकिन यह संभव नहीं हो सका। श्रद्धा के अवशेष इस केस के प्रमुखसाक्ष्य हैं, इसलिए पुलिस ने इन्हें परिवार को सौंपा नहीं। आफताब के खिलाफ ट्रायल जारीदिल्ली पुलिस ने आफताब के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है और कोर्ट में ट्रायल चल रहा है। विकास वाकर ने अपनी बेटी के लिए न्याय कीमांग करते हुए आफताब के लिए मौत की सजा की अपील की थी। श्रद्धा वाकर हत्याकांड ने देशभर में गहरा आक्रोश और शोक पैदा किया था, और विकास वाकर का निधन इस मामले में न्याय की लड़ाई के दौरान एकऔर दुखद मोड़ है।
एयरो इंडिया-2025 की भव्य शुरुआत: एयर चीफ मार्शल और थल सेनाध्यक्ष ने तेजस में भरी उड़ान

एयरोस्पेस क्षेत्र में एक ऐतिहासिक पहल करते हुए, एयरो इंडिया-2025 कार्यक्रम का शुभारंभ रविवार को येलहंका वायुसेना स्टेशन, बेंगलुरु में हुआ।एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह और थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (एलसीए) तेजस में उड़ान भरकर कार्यक्रम कीशुरुआत की। थल सेनाध्यक्ष का अद्भुत अनुभवतेजस विमान में उड़ान के बाद, जनरल द्विवेदी ने इस अनुभव को अपने जीवन का सबसे खास पल बताया। उन्होंने कहा कि अगर वह एयर चीफमार्शल ए.पी. सिंह से पहले मिले होते, तो शायद वायुसेना में शामिल होते। उन्होंने एयर चीफ मार्शल को अपना गुरु मानते हुए कहा कि तेजस कीउड़ान ने उन्हें वायुसेना के पायलटों की चुनौतियों और उनके बेहतरीन तालमेल की गहरी समझ दी है। रक्षा मंत्री ने की भारतीय एयरोस्पेस क्षेत्र की सराहनारक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एयरो इंडिया-2025 के कर्टेन रेजर कार्यक्रम में भारत की बढ़ती एयरोस्पेस क्षमताओं की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि भारतअब प्रमुख रक्षा उपकरण और प्लेटफॉर्म डिज़ाइन व निर्माण करने में सक्षम है। इस कार्यक्रम में 900 से अधिक प्रदर्शक, जिनमें 150 विदेशी प्रदर्शकशामिल हैं, ने भाग लिया। यह आयोजन भारत की एयरोस्पेस और रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को दर्शाता है। तेजस: भारतीय तकनीक का प्रतीकएलसीए तेजस, जिसे एडीए (एयरोनॉटिकल डेवलपमेंट एजेंसी) द्वारा डिजाइन और एचएएल (हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड) द्वारा निर्मित कियागया है, भारतीय वायुसेना और नौसेना के लिए एक आधुनिक लड़ाकू विमान है। यह विमान अपनी हल्की संरचना और बहु-भूमिकाओं के लिए जानाजाता है। एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (एएमसीए): भविष्य की ताकतएएमसीए, भारतीय वायुसेना के लिए विकसित 5वीं पीढ़ी का लड़ाकू विमान है, जिसे स्टील्थ तकनीक और उन्नत AI-संचालित सिस्टम से लैस कियागया है। इसका उद्देश्य दुश्मन के रडार से बचते हुए अत्यधिक कुशलता के साथ मिशन को अंजाम देना है। यह मानवयुक्त और मानवरहित विमानों केसाथ सामंजस्य स्थापित करने में भी सक्षम है। भारत की बढ़ती क्षमताएयरो इंडिया-2025 और उसमें प्रदर्शित आधुनिक विमानों जैसे तेजस और एएमसीए ने यह साबित कर दिया है कि भारत का एयरोस्पेस उद्योग तेजी सेआत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है। यह न केवल भारत की रक्षा शक्ति को मजबूत करता है, बल्कि वैश्विक मंच पर उसकी स्थिति को भी सशक्त बनाताहै।
मणिपुर जातीय हिंसा: मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने दबाव में आकर दिया इस्तीफा, राज्य में शांति बहाली की उम्मीद

मणिपुर में मई 2023 से जारी जातीय हिंसा के बीच मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने राज्यपाल को अपनाइस्तीफा सौंप दिया। इस्तीफे से पहले उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी।मुख्यमंत्री ने जनता से मांगी माफीपिछले साल के अंत में राज्य में हो रही हिंसा के लिए बीरेन सिंह ने जनता से माफी मांगी थी। उन्होंने कहा था कि यह वर्ष मणिपुर के लिए बेहद कठिनरहा है। उन्होंने तीन मई 2023 से अब तक हुई घटनाओं पर दुख व्यक्त करते हुए कहा था कि हिंसा के कारण कई लोगों ने अपनों को खोया और घरछोड़ने पर मजबूर हुए। उन्होंने उम्मीद जताई थी कि 2025 तक राज्य में सामान्य स्थिति बहाल हो सकेगी। जातीय हिंसा के दबाव में थे बीरेन सिंहराज्य में मई 2023 से शुरू हुई जातीय हिंसा के कारण बीरेन सिंह पर लगातार दबाव बना हुआ था। इस हिंसा में अब तक 200 से अधिक लोगों कीमौत हो चुकी है और हजारों लोग विस्थापित हो गए हैं। नवंबर 2023 में जिरीबाम में तीन महिलाओं और उनके बच्चों की हत्या ने हिंसा को और बढ़ादिया। एनडीए की सहयोगी पार्टी एनपीपी ने भी मणिपुर सरकार से समर्थन वापस लेते हुए नेतृत्व परिवर्तन की मांग की थी। जातीय हिंसा की शुरुआत कैसे हुई?मणिपुर में मैतेई और कुकी समुदायों के बीच हिंसा की शुरुआत तीन मई 2023 को हुई, जब मणिपुर उच्च न्यायालय ने मैतेई समुदाय को अनुसूचितजनजाति (एसटी) सूची में शामिल करने पर विचार करने का आदेश दिया। इस फैसले का विरोध करते हुए आदिवासी छात्रों के संघ (ATSUM) नेएक रैली आयोजित की, जिससे हिंसा भड़क उठी। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए केंद्र सरकार को अर्धसैनिक बलों की तैनाती करनी पड़ी।
दक्षिणी मैक्सिको में भीषण सड़क हादसा, 41 लोगों की मौत

दक्षिणी मैक्सिको के टबैस्को राज्य में हुए एक भीषण सड़क हादसे में 41 लोगों की मौत हो गई। एक बस, जिसमें 48 यात्री सवार थे, कैनकन सेटबैस्को की ओर जा रही थी। रास्ते में उसकी टक्कर एक ट्रक से हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस में आग लग गई और वह पूरी तरह जलकरराख हो गई।38 यात्रियों और तीन ड्राइवरों की मौतइस हादसे में बस में सवार 38 यात्रियों की मौत हो गई। इसके अलावा, बस के दोनों ड्राइवर और ट्रक के चालक की भी जान चली गई। हादसे के बादबचाव कार्य के दौरान बस का केवल फ्रेम ही बचा पाया गया। शवों की बरामदगी और जांच जारीटबैस्को प्रशासन ने अब तक 38 शव बरामद किए हैं और बस से साक्ष्य जुटाने का काम जारी है। बस ऑपरेटर टूर्स एकोस्टा ने हादसे की पुष्टि करते हुएघटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। कंपनी ने कहा है कि वह अधिकारियों के साथ मिलकर हादसे के कारणों की जांच कर रही है। यह भी पता लगायाजा रहा है कि बस निर्धारित गति सीमा में थी या नहीं। प्रभावित परिवारों को दी जाएगी सहायताटूर ऑपरेटर ने बताया कि हादसे से जुड़े सभी कानूनी कार्य कैंडेलारिया, कैंपेचे नगर पालिका के अभियोजक कार्यालय द्वारा पूरे किए जाएंगे। हादसे मेंजान गंवाने वालों के परिवारों को आवश्यक प्रक्रियाओं को पूरा करने के लिए इस विभाग का रुख करना होगा। स्थानीय प्रशासन का सहयोगटबैस्को सरकार के सचिव रामिरो लोपेज ने कहा कि जल्द ही मृतकों की पहचान और संख्या से जुड़ी अंतिम जानकारी दी जाएगी। स्थानीय नगरपालिका परिषद ने घोषणा की है कि वह दुर्घटना में मारे गए लोगों के शवों को उनके घर तक पहुंचाने में पूरी सहायता करेगी।
बीजापुर में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़, 12 नक्सलियों के मारे जाने का दावा

छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान क्षेत्र में रविवार सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ शुरू हो गई। सुरक्षाबलों काएक दल नक्सल विरोधी अभियान के तहत जंगल में पहुंचा था, तभी यह मुठभेड़ हुई। 12 नक्सलियों के मारे जाने की प्रारंभिक सूचनाएक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस मुठभेड़ में अब तक 12 नक्सली मारे गए हैं। हालांकि, क्षेत्र में अब भीरुक-रुक कर गोलीबारी जारी है। मुठभेड़ से जुड़ी विस्तृत जानकारी जवानों के लौटने के बाद सामने आ सकेगी। फरसेगढ़ थाना क्षेत्र में संयुक्त बलों का अभियानघटना फरसेगढ़ थाना क्षेत्र में हुई, जो महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ की सीमा पर स्थित है। यहां सुबह करीब 8 बजे से डीआरजी, एसटीएफ और सी-60 बलों की संयुक्त टीम नक्सलियों से भिड़ी हुई है। नेशनल पार्क में सघन सर्चिंग अभियानसूत्रों के अनुसार, मुठभेड़ के दौरान कई नक्सलियों के शव देखे गए हैं, लेकिन इनकी संख्या की पुष्टि अभी नहीं हो पाई है। एएसपी चंद्रकांत गवर्ना नेबताया कि सुरक्षाबलों को इलाके में नक्सलियों की गतिविधियों की सूचना मिलने पर संयुक्त बल रवाना किया गया था। सघन सर्चिंग अभियान जारीहै, और विस्तृत जानकारी अभियान के समापन के बाद ही मिल सकेगी।
दिल्ली चुनाव 2025: भाजपा की वापसी और केजरीवाल की हार

दिल्ली चुनाव 2025 के नतीजे भाजपा के लिए ऐतिहासिक साबित हुए। पार्टी ने 27 साल बाद सत्ता में वापसी की। वहीं, यह नतीजे मुख्यमंत्रीअरविंद केजरीवाल और उनकी पार्टी आम आदमी पार्टी (AAP) के लिए बड़ा झटका साबित हुए। केजरीवाल के राजनीतिक सफर को बड़ा झटकाभ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन से राजनीति में कदम रखने वाले केजरीवाल ने AAP को 12 साल में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। 2015 और 2020 में प्रचंड बहुमत से दिल्ली की सत्ता संभालने के बाद, 2025 के चुनाव में वह अपनी पार्टी को हार से बचाने में असफल रहे। यह हार उनके राजनीतिककरियर और पार्टी के अस्तित्व के लिए खतरे का संकेत है। 2014 की हार से भी बड़ी हार2014 में वाराणसी से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ चुनाव लड़कर केजरीवाल ने राष्ट्रीय स्तर पर पार्टी की उपस्थिति दर्ज कराने की कोशिश की, लेकिन वहां हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद दिल्ली में दो बार भारी जनादेश के साथ सत्ता में लौटे, लेकिन 2025 के चुनावों में जनता की नब्जको समझने में चूक गए। नई दिल्ली सीट पर हारनई दिल्ली विधानसभा सीट पर भाजपा उम्मीदवार प्रवेश वर्मा ने अरविंद केजरीवाल को 4013 वोटों के अंतर से हराया। शुरुआती राउंड में बढ़त बनानेके बावजूद केजरीवाल छठे राउंड से लगातार पिछड़ते चले गए। अरविंद केजरीवाल का राजनीतिक सफर2012: आम आदमी पार्टी की स्थापना अरविंद केजरीवाल ने 2012 में आम आदमी पार्टी का गठन किया। उनका चुनाव चिह्न झाड़ू, भ्रष्टाचार के खिलाफ उनके आंदोलन का प्रतीक था। 2013: पहली बार चुनाव और सरकार AAP ने 2013 में पहली बार चुनाव लड़ा। इस चुनाव में केजरीवाल ने तीन बार की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित को हराकर चर्चा में आए। हालांकि, त्रिशंकु विधानसभा में AAP ने कांग्रेस के समर्थन से सरकार बनाई, जो 49 दिन बाद गिर गई। 2015: प्रचंड बहुमत और दिल्ली की सत्ता 2015 के विधानसभा चुनाव में AAP ने 70 में से 67 सीटें जीतकर इतिहास रच दिया। इसके बाद 2020 में पार्टी ने लगातार तीसरी बार सत्ताहासिल की। राष्ट्रीय स्तर पर विस्तारपंजाब में सरकार बनाने के साथ ही AAP ने गोवा और गुजरात में भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। इस सफलता के बाद AAP को राष्ट्रीय पार्टी कादर्जा मिला। 2024: शराब घोटाले में गिरफ्तारी2024 में शराब घोटाले में ईडी ने अरविंद केजरीवाल को गिरफ्तार किया। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद उन्होंने मुख्यमंत्री पद सेइस्तीफा दे दिया, और आतिशी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री पद की कमान संभाली. केजरीवाल का प्रारंभिक जीवन हरियाणा से आईआईटी तक का सफरअरविंद केजरीवाल का जन्म 16 अगस्त 1968 को हरियाणा के हिसार में हुआ। उन्होंने आईआईटी खड़गपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में डिग्री लीऔर टाटा स्टील, जमशेदपुर में काम किया। समाजसेवा में कदमसिविल सर्विसेज की तैयारी के दौरान उन्होंने मदर टेरेसा के साथ दो महीने वॉलंटियरिंग की। बाद में उन्होंने “परिवर्तन” नामक एनजीओ की स्थापना की, जिसने आरटीआई एक्ट लागू कराने में अहम भूमिका निभाई। अन्ना हजारे के साथ जन लोकपाल आंदोलनअरविंद केजरीवाल ने अन्ना हजारे के साथ मिलकर जन लोकपाल बिल लाने के लिए आंदोलन किया, जिससे उन्हें बड़ी पहचान मिली। व्यक्तिगत जीवनकेजरीवाल ने 1994 में सुनीता केजरीवाल से शादी की। उनके दो बच्चे हैं।
दिल्ली चुनाव 2025: बीजेपी की ऐतिहासिक जीत पर PM मोदी ने जनता का जताया आभार

बीजेपी को दो-तिहाई बहुमतदिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने शानदार प्रदर्शन करते हुए दो-तिहाई बहुमत हासिल कर लिया है। 27 साल बाददिल्ली की सत्ता में वापसी करने वाली बीजेपी ने इस जीत को ‘विकास और सुशासन की जीत’ बताया है। चुनाव आयोग के आंकड़ों के मुताबिक, बीजेपी ने 70 में से 47 सीटें जीतने की ओर कदम बढ़ा लिया है, जबकि आम आदमी पार्टी (आप) को 23 सीटों पर संतोष करना पड़ा। प्रधानमंत्री मोदी ने जनता का जताया आभारप्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली में बीजेपी की जीत पर दिल्लीवासियों का आभार व्यक्त करते हुए इसे ऐतिहासिक बताया। उन्होंने X (पहले ट्विटर) परलिखा, “दिल्ली के अपने सभी भाई-बहनों को भाजपा को ऐतिहासिक जीत दिलाने के लिए मेरा वंदन और अभिनंदन! आपने जो भरपूर आशीर्वाद औरस्नेह दिया है, उसके लिए हृदय से आभार। जनशक्ति सर्वोपरि है।” दिल्ली के विकास का भरोसापीएम मोदी ने दिल्लीवासियों को भरोसा दिलाया कि बीजेपी उनकी उम्मीदों पर खरा उतरेगी। उन्होंने कहा, “हम दिल्ली के चौतरफा विकास और यहांके लोगों के जीवन को उत्तम बनाने के लिए कोई कसर नहीं छोड़ेंगे। साथ ही, विकसित भारत के निर्माण में दिल्ली की अहम भूमिका सुनिश्चित कीजाएगी।” उन्होंने बीजेपी कार्यकर्ताओं की भी प्रशंसा करते हुए कहा कि उनकी मेहनत और समर्पण इस जीत का आधार है। अमित शाह का हमला: झूठ के शासन का अंतकेंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस चुनाव को ‘झूठ और अराजकता के शासन का अंत’ करार दिया। उन्होंने कहा, “दिल्ली की जनता ने झूठे वादों औरभ्रष्टाचार के महल को ध्वस्त कर विकास और विश्वास के एक नए युग की शुरुआत की है। यह अहंकार और अराजकता की हार है।” शाह ने अरविंदकेजरीवाल सरकार पर हमला करते हुए कहा कि जनता ने गंदी यमुना, खराब सड़कों, सीवर की समस्याओं और खुले शराब ठेकों के खिलाफ वोट दियाहै। बीजेपी की वापसी के कारणराजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि बीजेपी ने इस बार मजबूत संगठन, स्पष्ट एजेंडा और केंद्र सरकार के विकास कार्यों के बल पर दिल्ली काकिला फतह किया। पीएम मोदी के नेतृत्व और गृहमंत्री अमित शाह की रणनीति ने पार्टी को निर्णायक बढ़त दिलाई। आप को बड़ा झटका 2015 से दिल्ली की सत्ता पर काबिज रही आम आदमी पार्टी को इस चुनाव में बड़ा झटका लगा। पार्टी ने चुनाव में कड़ी मेहनत की, लेकिन जनता नेइस बार बदलाव को प्राथमिकता दी।