"National   Voice  -   खबर देश की, सवाल आपका"   -    *Breaking News*   |     "National   Voice  -   खबर देश की, सवाल आपका"   -    *Breaking News*   |     "National   Voice  -   खबर देश की, सवाल आपका"   -    *Breaking News*   |    

घोटालों में शामिल लोगों को भारत रत्न देने का कोई प्रावधान नहीं’, जेडीयू ने तेजस्वी पर कसा तंज

बिहार में सत्तारूढ़ जनता दल (यू) ने राष्ट्रीय जनता दल (राजद) के नेता तेजस्वी यादव द्वारा अपने पिता और राजद अध्यक्ष लालू प्रसाद को भारत रत्नदिए जाने की वकालत करने को मंगलवार को ‘हास्यास्पद’ करार दिया। जद (यू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुएकहा, “लालू प्रसाद के बेटे द्वारा उनके लिए भारत रत्न की मांग करना हास्यास्पद है। वह (तेजस्वी यादव) अपने परिवार से बाहर नहीं देख पा रहे हैं।” उन्होंने कहा, “भारत रत्न देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान है, जो केवल उन व्यक्तियों को दिया जाता है जिन्होंने देश के लिए अभूतपूर्व योगदान दियाहो, न कि उन लोगों को जो घोटालों में शामिल रहे हों।” राजीव रंजन ने आगे कहा कि तेजस्वी यादव को यह समझना चाहिए कि महान व्यक्तियों को ही भारत रत्न से सम्मानित किया जाता है, और घोटालों मेंलिप्त लोगों को यह पुरस्कार नहीं दिया जाता। नीरज कुमार ने भी की आलोचनाजनता दल यूनाइटेड (जदयू) के विधान पार्षद और प्रवक्ता नीरज कुमार ने भी तेजस्वी यादव की टिप्पणी पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा, “अगरभ्रष्टाचार और जेल की सजा काटने के लिए कोई पुरस्कार होता तो लालू जी निश्चित रूप से इसके लिए प्रयास कर सकते थे।” उन्होंने यह भी कहा किलालू प्रसाद को चारा घोटाले में दोषी ठहराया गया है, और इसके अलावा रेलवे में होटलों के लिए भूमि घोटाले और नौकरियों के लिए भूमि घोटाले मेंभी उनका नाम जुड़ा है।तेजस्वी यादव का भारत रत्न के लिए बयान राजद के युवा नेता तेजस्वी यादव ने सोमवार को सीतामढ़ी जिले के सोनबरसा में पूर्व मुख्यमंत्री कर्पूरी ठाकुर की पुण्यतिथि के मौके पर एक समारोहको संबोधित करते हुए दावा किया था, “आज कुछ लोग प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खुश करने के लिए लालू जी को गाली दे रहे हैं, लेकिन एक दिनवही लोग लालू जी के लिए भारत रत्न की मांग करेंगे।” तेजस्वी यादव ने अपने पिता को समाज के वंचितों की आवाज उठाने के कारण ‘भारत रत्न’ के हकदार बताया। उन्होंने कहा, “लालू प्रसाद और राबड़ीदेवी ने कर्पूरी ठाकुर के द्वारा किए गए आरक्षण के कार्य को आगे बढ़ाया और इसे 18 प्रतिशत तक बढ़ाया। इसके बाद भाजपा ने आज तक आरक्षणनहीं बढ़ाया।” उन्होंने यह भी कहा कि वर्षों बाद, भाजपा ने कर्पूरी ठाकुर को भारत रत्न से सम्मानित किया, और यह समाजवाद की ताकत का प्रतीकहै।विधानसभा चुनाव की तैयारी तेजस्वी यादव ने आगामी विधानसभा चुनाव के संदर्भ में भी अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, “इस वर्ष के अंत में होने वाले विधानसभा चुनाव में ‘इंडिया’ गठबंधन की जीत सुनिश्चित करने का जिम्मा मेरे कंधों पर है। मैं यह सुनिश्चित करूंगा कि केवल वैचारिक रूप से प्रतिबद्ध उम्मीदवारों को ही मौकामिले।”

महाकुंभ: त्रिवेणी के पानी की गुणवत्ता पर CM योगी का जवाब, बोले- नहाने और आचमन दोनों के योग्य है जल

उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में भव्य महाकुंभ मेला जारी है, जिसमें लाखों श्रद्धालु संगम में स्नान करने के लिए पहुंच रहे हैं। इस बीच, विपक्षी दलों कीओर से त्रिवेणी संगम के पानी की गुणवत्ता पर सवाल उठाए गए थे। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अब खुद इन सवालों का जवाबदिया है और कहा कि संगम का पानी न केवल नहाने के लिए बल्कि आचमन करने के लिए भी उपयुक्त है।शिवपाल यादव ने उठाए थे सवाल समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता शिवपाल सिंह यादव ने बुधवार को त्रिवेणी संगम के पानी की गुणवत्ता पर सवाल उठाए थे। उन्होंने एक न्यूज रिपोर्टका हवाला देते हुए लिखा, “महा कुंभ में गंगा स्नान से पहले पानी शुद्ध करने के सरकारी दावों की पोल खुल गई! CPCB रिपोर्ट में कहा गया है किपानी में फ़ीकल बैक्टीरिया निर्धारित सीमा से ज्यादा है। अब भक्त सोच रहे हैं – ये डबल इंजन सरकार है या डबल इंफेक्शन सरकार?”सीएम योगी का जवाब पानी की गुणवत्ता पर सीएम योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में जवाब देते हुए कहा, “त्रिवेणी के पानी की गुणवत्ता पर उठाए गए सवालों का उत्तरदेते हुए मैंने कहा है कि संगम और उसके आसपास के सभी पाइप और नालों को टेप कर दिया गया है और पानी को शुद्ध करने के बाद ही छोड़ा जारहा है। उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड पानी की गुणवत्ता की निगरानी कर रहा है। आज की रिपोर्ट के अनुसार संगम के पास BOD (बायोलॉजिकलऑक्सीजन डिमांड) की मात्रा 3 से कम है और घुलित ऑक्सीजन 8-9 के आसपास है। इसका मतलब यह है कि संगम का पानी न केवल नहाने केलिए, बल्कि आचमन के लिए भी उपयुक्त है।” महाकुंभ को बदनाम करने के लिए झूठा अभियान – सीएम योगीसीएम योगी ने आगे कहा, “फेकल कोलीफॉर्म बढ़ने के कई कारण हो सकते हैं, जैसे सीवेज लीकेज और जानवरों का मल, लेकिन प्रयागराज में फेकलकोलीफॉर्म की मात्रा मानकों के अनुसार 2,500 MPN प्रति 100 ml से कम है। इसका मतलब यह है कि झूठा अभियान महाकुंभ को बदनाम करनेके लिए चलाया जा रहा है। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) ने भी कहा है कि फेकल अपशिष्ट 2000 MPN प्रति 100 ml से कम था।”

ऋषि सुनक ने परिवार के साथ PM मोदी से की मुलाकात, प्रधानमंत्री ने शेयर की तस्वीरें

ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की, जिसमें उनका परिवार भी शामिल था। इस मुलाकात के दौरान पीएममोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर तस्वीरें साझा की और लिखा, “ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक और उनके परिवार से मिलकर खुशीहुई। हमारे बीच कई विषयों पर शानदार बातचीत हुई। सुनक भारत के अच्छे मित्र हैं और भारत-ब्रिटेन संबंधों को और मजबूत बनाने के इच्छुक हैं।”संसद भवन का दौरा संसद भवन का दौराइससे पहले, ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक अपनी पत्नी अक्षता मूर्ति और दोनों बेटियों के साथ संसद भवन का दौरा करने पहुंचे। इस दौरानउनके साथ राज्यसभा सांसद सुधा मूर्ति भी मौजूद थीं। लोकसभा महासचिव उत्पल कुमार सिंह ने उनका स्वागत किया। ऋषि सुनक ने संसद भवन कीगैलरी, चैंबर और संविधान हॉल का दौरा किया और इसकी वास्तुकला एवं भव्यता की सराहना की।वित्त मंत्री से मुलाकात वित्त मंत्री से मुलाकातऋषि सुनक ने भारत दौरे के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से भी मुलाकात की। इस बैठक में दोनों नेताओं ने नए अवसरों पर चर्चा की, जिनसेभारत और ब्रिटेन के बीच बाजार आधारित वित्तीय संबंधों को और मजबूत किया जा सके और आर्थिक वृद्धि को बढ़ावा मिल सके। वित्त मंत्रालय ने’एक्स’ पर एक पोस्ट में बताया, “केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने आज नई दिल्ली में ब्रिटेन के पूर्व प्रधानमंत्री ऋषि सुनक से मुलाकात की।” पोस्ट में कहा गया कि दोनों नेताओं ने आपसी हितों को ध्यान में रखते हुए, विशेष रूप से राष्ट्रमंडल के माध्यम से, नए अवसरों पर चर्चा की, ताकिवैश्विक दक्षिण को लाभ मिल सके।

छत्रपति शिवाजी जयंती: राहुल गांधी ने ऐसा क्या कहा कि भड़क गए एकनाथ शिंदे, यहां जानें

छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती हर साल 19 फरवरी को मनाई जाती है। महाराष्ट्र समेत पूरे भारत में उन्हें सम्मान और श्रद्धा से याद किया जाताहै। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई अन्य नेताओं ने शिवाजी महाराज को श्रद्धांजलि अर्पित की। हालांकि, कांग्रेस सांसद और लोकसभामें नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने छत्रपति शिवाजी की जयंती पर किए गए ट्वीट में एक गलती कर दी, जिसके कारण वह विवादों में घिर गए हैं। राहुल गांधी ने क्या कहा?राहुल गांधी ने छत्रपति शिवाजी की जयंती पर अपने ट्वीट में लिखा, “छत्रपति शिवाजी महाराज जी की जयंती पर उन्हें सादर नमन और अपनी विनम्रश्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। अपने साहस और शौर्य से उन्होंने हमें निडरता और समर्पण के साथ आवाज़ उठाने की प्रेरणा दी। उनका जीवन हम सभी केलिए हमेशा प्रेरणास्रोत रहेगा।” एकनाथ शिंदे ने राहुल गांधी पर निशाना साधाराहुल गांधी के इस ट्वीट पर महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा, “राहुल गांधी ने जानबूझकर यह गलती की है। वे हमेशामहाराष्ट्र के महापुरुषों का अपमान करते हैं। वीर सावरकर का भी अपमान करते हैं। उन्हें माफी मांगनी चाहिए। राहुल गांधी ने न केवल छत्रपतिशिवाजी महाराज का बल्कि पूरे महाराष्ट्र और शिवप्रेमियों का अपमान किया है।” एकनाथ शिंदे ने यह भी कहा कि स्वरा भास्कर, कमाल खान औरराहुल गांधी जैसे लोग, जो महापुरुषों का अपमान कर रहे हैं, उनकी निंदा की जानी चाहिए। प्रसाद लाड ने राहुल गांधी पर देशद्रोह का आरोप लगायाराहुल गांधी के बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए महाराष्ट्र भाजपा के नेता प्रसाद लाड ने कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमाचलना चाहिए। उन्होंने कहा, “जब पूरे देश के आराध्य देवता, छत्रपति शिवाजी महाराज के जन्मदिन पर सम्मान और श्रद्धांजलि देने की उम्मीद थी, ऐसेमें राहुल गांधी ने श्रद्धांजलि के शब्द का उपयोग कर महाराष्ट्र और मराठी लोगों की अवमानना की है। राहुल गांधी को तुरंत अपना ट्वीट वापस लेनाचाहिए और महाराष्ट्र से माफी मांगनी चाहिए।”

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे का बयान: पार्टी की विचारधारा, चुनावी धोखाधड़ी और सरकार की नाकामी पर फोकस

कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने आज AICC General Secretaries और Incharges की बैठक में अपने प्रारंभिक वक्तव्य मेंपार्टी की आगामी रणनीतियों और मौजूदा राजनीतिक स्थिति पर विचार साझा किए। उनके भाषण में उन्होंने कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर प्रकाश डाला, जो आगामी चुनावों और संगठन के भविष्य के लिए अत्यधिक महत्वपूर्ण हैं।कांग्रेस पार्टी की विचारधारा के प्रति प्रतिबद्धताखड़गे ने बैठक के दौरान यह स्पष्ट किया कि कांग्रेस पार्टी की विचारधारा के प्रति प्रतिबद्ध लोगों को ही आगे बढ़ाना चाहिए। उनका कहना था कि जोलोग विपरीत परिस्थितियों में भी पार्टी के साथ खड़े रहते हैं, उन्हें संगठन में प्रमुख भूमिका मिलनी चाहिए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ऐसे लोगपार्टी को मजबूती प्रदान करते हैं और उनके नेतृत्व में आगे बढ़ने से कांग्रेस को सशक्त बनाया जा सकता है। संगठनात्मक उत्तरदायित्वबैठक में उन्होंने AICC के सभी जनरल सेक्रेटरी और Incharges से संगठन के प्रत्येक स्तर पर जवाबदेही की बात की। खड़गे ने कहा कि हर राज्य केसंगठन और आगामी चुनाव परिणामों के लिए सभी को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि आगामी समय में एक मजबूत संगठन कानिर्माण प्राथमिकता होगी। “संविधान बचाओ अभियान” की अहमियतखड़गे ने यह भी बताया कि कांग्रेस का “संविधान बचाओ अभियान” अगले एक वर्ष तक चलेगा, जिसमें पदयात्रा, संवाद, और कॉर्नर मीटिंग्स जैसीगतिविधियाँ शामिल होंगी। उनका कहना था कि इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य संगठन को सशक्त करना और जन जागरूकता फैलाना है। चुनावी धोखाधड़ी और मतदाता सूची में हेरफेरआधुनिक चुनावों में हो रही Voter List Manipulation पर खड़गे ने गंभीर चिंता व्यक्त की। उनका कहना था कि इन दिनों चुनावों से पहले BJP के समर्थकों के नाम वोटर लिस्ट से हटाए जा रहे हैं और नए वोटर जोड़े जा रहे हैं। उन्होंने राहुल गांधी द्वारा लोकसभा में उठाए गए इस मुद्दे का हवालादिया और पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं से इस धांधली को रोकने की अपील की। मोदी सरकार की विफलताकांग्रेस अध्यक्ष ने मोदी सरकार की नीतियों पर भी तीखा प्रहार किया। उन्होंने महंगाई और बेरोजगारी को देश के स्थायी मुद्दे के रूप में उठाया और कहाकि इस मामले में मोदी सरकार पूरी तरह से विफल रही है। इसके अलावा, विदेश नीति और आर्थिक मुद्दों पर भी खड़गे ने सरकार की आलोचना की।उनका कहना था कि अमेरिका के साथ व्यापारिक संबंधों में सरकार ने भारत के हितों की अनदेखी की और इसके खिलाफ कोई ठोस विरोध नहींकिया। आने वाले पांच वर्षों के लिए कांग्रेस का रोडमैपखड़गे ने कहा कि आने वाले पांच वर्षों में कांग्रेस का मुख्य उद्देश्य जन मुद्दों को लेकर संघर्ष और जन आंदोलन करना होगा, जिससे पार्टी मुख्य विपक्षकी भूमिका में उभर सके। उन्होंने यह भी कहा कि इससे पार्टी की लोकप्रियता बढ़ेगी और लोग कांग्रेस को अपनी पहली पसंद के रूप में देखेंगे।

सीएम योगी का विपक्ष पर करारा प्रहार-अपने बच्चों को अग्रेज़ी पढ़ाएंगे, दूसरे के बच्चों को कठमुल्ला, मौलवी बनाएंगे

यूपी विधानसभा का बजट सत्र आज से शुरू हो गया। पहले ही दिन विपक्ष ने जमकर हंगामा किया। सदन की कार्यवाही में हिंदी अवधी भोजपुरी कोसदन का हिस्सा बनाकर सदस्यों को विधानसभा अध्यक्ष द्वारा समझाने के क्रम में माताप्रसाद पांडेय द्वारा अंग्रेज़ी को सदन की कार्यवाही में शामिल करने पर आपत्ति जताते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर जमकर हमला बोला। सीएम ने कहा कि समाजवादियों का यही दोहरा चरित्र है,अपने बच्चों को इंग्लिश पब्लिक स्कूल में भेजेंगे और दूसरे के बच्चों को गांव के विद्यालय में पढ़ने को कहेंगे। अपने बच्चों को अग्रेज़ीमाध्यम में पढ़ाएंगे,और दूसरे को कहेंगे उर्दू पढ़ाओ, कठमुल्ला,मौलवी बनाना चाहते हैं, यह नही चलेगा। इससे पता चल जाता है कि जाकी रहीभावना जैसी। सीएम योगी ने भाषा को लेकर कही ये बातसीएम ने आगे कहा, इसीलिए आपने कल अवधी भोजपुरी बुंदेली भाषा का विरोध किया था। हमारी सरकार में विभिन्न बोलियों ब्रज, भोजपुरी, अवधी, बुंदेलखंडी को सम्मान मिल रहा है। हमारी सरकार में अलग अलग एकेडमी का गठन भी हो रहा है, यह सभी हिंदी की उपभाषा हैं, यानी हिंदीकी बेटियां हैं। यह सदन विशुद्ध साहित्यिक और व्याकरण के विद्वानो का नही हैं। इस सदन में अलग अलग समाज से सदस्य यहां विभिन्न तबके सेआये हैं। अंतिम पायदान के व्यक्ति की आवाज़ को सदन में मुखरता मिले, इसके लिए अगर व हिंदी में असमर्थ है तो अवधी, बुंदेलखंडी,भोजपुरीजिसमे समर्थ हो बोल सकता है। विपक्ष पर साधा निशानाहम अभिनन्दन करते है कि इन बोलियों को सम्मान मिले, इसके लिये हमने अकादमियों का गठन किया। आज दुनिया मे भारत के प्रवासी जो मॉरीशसफिजी में रह रहें है यही अवधी भाषाई लोग हैं। आप हर अच्छे कार्य का विरोध करते हैं, हम इसकी निंदा करते है, हमारी सरकार का मानना है कि इनबोलियों को सदन की प्रोसिडिंग में होना चाहिए।

राजस्थान: पंचायती राज उपचुनाव में BJP की बंपर जीत, प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ बोले- ‘जनता ने कांग्रेस को दिखाया आइना’

राजस्थान के पंचायती राज उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) को बड़ी जीत मिली है। बीजेपी ने पंचायत समिति सदस्य उपचुनावों में 16 में से10 सीटों पर जीत हासिल की है। जिला परिषद की 3 में से 2 सीटों पर भी बीजेपी ने कब्जा किया है। जनता ने कांग्रेस को दिखाया आइनाराजस्थान बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने खुशी जाहिर की है। उन्होंने कहा कि पंचायती राज उपचुनावों में जनता ने बीजेपी पर विश्वास जताकरप्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के की विकास की राजनीति पर मोहर लगाई है। इन नतीजों से प्रदेश की सभी 200 विधानसभा क्षेत्रोंमें विकास कार्यों को गति मिली है। जनता ने कांग्रेस को आइना दिखाते हुए बीजेपी पर पूर्ण विश्वास जताया है।16 में से 10 सीटों पर बीजेपी जीतीइसके साथ ही उन्होंने कहा कि जनता ने भाजपा की नीतियों पर विश्वास जताया है। पंचायत समिति उपचुनाव में 16 में से 10 सीटों और जिला परिषदउपचुनाव में 3 में से 2 सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों की जीत यह दर्शाती है कि राजस्थान की जनता विकास की राजनीति के साथ खड़ी है। संकल्प पत्र के 50% से अधिक वादे पूरेमदन राठौड़ ने कहा कि प्रदेश की भजनलाल सरकार ने अपने एक साल के कार्यकाल में जनहित को प्राथमिकता देते हुए संकल्प पत्र के 50% सेअधिक वादों को पूरा किया है। रोजगार, किसानों की आय वृद्धि, भर्ती परीक्षाओं का कैलेंडर, और 35 लाख करोड़ से अधिक के निवेश समझौतेसरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। जनता ने बीजेपी के प्रत्याशियों को जीताकर विकास कार्यों पर मोहर लगाई है।

‘लालू यादव को भी मिलेगा भारत रत्न’—तेजस्वी यादव के बयान पर भड़की बीजेपी और जेडीयू

पटना: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेता तेजस्वी यादव के बयान ने बिहार की राजनीति में नई हलचल मचा दी है। तेजस्वी यादव ने कहा कि जैसेकर्पूरी ठाकुर को कभी आलोचना झेलनी पड़ी थी, लेकिन बाद में उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया गया, वैसे ही लालू प्रसाद यादव को भी भविष्य मेंयह सम्मान मिलेगा। तेजस्वी ने अपने राजनीतिक विरोधियों पर तंज कसते हुए कहा,“जो लोग आज लालू जी को गाली दे रहे हैं, वही भविष्य में उन्हें भारत रत्न से सम्मानित करेंगे।” बीजेपी और जेडीयू ने किया पलटवारतेजस्वी यादव के इस बयान के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) और जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। जेडीयू का हमलाजदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा,“तेजस्वी यादव का यह बयान हास्यास्पद है। क्या कभी किसी घोटाले के दोषी व्यक्ति को भारत रत्न मिला है? एक सजायाफ्ता को भारत रत्न देने कीउम्मीद भी बेतुकी है।” बीजेपी का पलटवारबिहार सरकार में मंत्री और बीजेपी नेता कृष्णानंद पासवान ने कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा,“लालू प्रसाद यादव दुनिया के सबसे बड़े घोटालेबाजों में से एक हैं। बिहार का खजाना लूट लिया गया था, अपहरण उद्योग फल-फूल रहा था। ऐसेव्यक्ति के लिए भारत रत्न की मांग करना राजनीति के लिए शर्म की बात है।” वहीं, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने कहा,“भारत रत्न का सम्मान एक गरिमामयी पुरस्कार है। क्या एक सजायाफ्ता व्यक्ति को भारत रत्न मिल सकता है? यह तो दिन में सपना देखने जैसा है।” आरजेडी ने किया बचावआरजेडी सांसद मनोज झा ने तेजस्वी यादव के बयान का समर्थन करते हुए कहा,“जब 1977-78 में कर्पूरी ठाकुर ने आरक्षण लागू किया, तब बीजेपी वाले ही उन्हें अपशब्द कह रहे थे। आज वही लोग उनका सम्मान कर रहे हैं।अगर कर्पूरी ठाकुर के बाद लालू यादव नहीं होते तो बिहार में सामाजिक न्याय की लड़ाई अधूरी रह जाती।” राजनीतिक हलचल तेजतेजस्वी यादव के इस बयान ने बिहार की राजनीति में उबाल ला दिया है। एक तरफ बीजेपी और जेडीयू इस बयान को पूरी तरह खारिज कर रहे हैं, वहीं आरजेडी नेता इसे सामाजिक न्याय का प्रतीक बता रहे हैं। अब देखना होगा कि यह मुद्दा आगामी चुनावों में कितना असर डालता है।

सत्येंद्र जैन की बढ़ी मुश्किलें! मनी लॉन्ड्रिंग केस में राष्ट्रपति ने दी मुकदमा चलाने की मंजूरी

नई दिल्ली: आम आदमी पार्टी (AAP) के पूर्व मंत्री सत्येंद्र जैन की मुश्किलें बढ़ गई हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने उनके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग मामले मेंमुकदमा चलाने की अनुमति दे दी है। गृह मंत्रालय ने 14 फरवरी को इस अनुरोध को भेजा था, जिसे 18 फरवरी को मंजूरी मिल गई। गृह मंत्रालय काकहना है कि प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा उपलब्ध कराए गए सबूतों के आधार पर सत्येंद्र जैन के खिलाफ पर्याप्त प्रमाण हैं। अब यह मामलाभारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 2018 के तहत आगे बढ़ेगा। क्या है पूरा मामला?सत्येंद्र जैन को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में 30 मई 2022 को ईडी ने गिरफ्तार किया था। उन पर 2015-2016 के दौरान शेल कंपनियों के जरिए16.39 करोड़ रुपये की हेराफेरी का आरोप है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें तिहाड़ जेल भेजा गया, जहां वह लंबे समय तक हिरासत में रहे।कोर्ट से मिली थी जमानतदिल्ली की एक अदालत ने 18 अक्टूबर 2023 को मुकदमे में देरी और लंबे समय तक कारावास को आधार बनाते हुए सत्येंद्र जैन को जमानत दे दीथी। हालांकि, ईडी ने उनकी रिहाई का विरोध किया था और कहा था कि वह गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं। दूसरी ओर, AAP नेताओं ने इसे”सच्चाई की जीत और भाजपा की साजिश की हार” बताया था। AAP पर पड़ेगा असर?इससे पहले 26 मई 2023 को सत्येंद्र जैन को रीढ़ की हड्डी की सर्जरी के चलते अंतरिम जमानत मिली थी। अब राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद उनकेखिलाफ अदालत में मुकदमा चलेगा। यदि दोषी पाए जाते हैं, तो उन्हें गंभीर कानूनी परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं। इसके साथ ही, AAP की छवि परभी असर पड़ सकता है, खासकर आगामी चुनावों से पहले। राजनीतिक विवाद गहरायायह मामला दिल्ली की राजनीति में एक बड़ा मुद्दा बन गया है। AAP और भाजपा के बीच भ्रष्टाचार और राजनीतिक प्रतिशोध को लेकर लगातारआरोप-प्रत्यारोप जारी हैं। अब देखना होगा कि अदालत इस मामले में क्या फैसला सुनाती है और इसका आगामी चुनावों पर क्या प्रभाव पड़ता है।

महाकुंभ पर ममता बनर्जी का विवादित बयान, कहा – ‘यह मृत्यु कुंभ बन गया है’

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने प्रयागराज में जारी महाकुंभ को लेकर एक विवादित बयान दिया है। उन्होंने इसे ‘मृत्यु कुंभ’ करार देते हुएसरकार पर कड़े आरोप लगाए। विधानसभा में बोलते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि महाकुंभ में कोई ठोस प्रबंधन नहीं किया गया, जिससे अव्यवस्थाफैली और कई लोगों की मौत हुई। उन्होंने कहा कि सरकार ने केवल प्रचार किया, लेकिन व्यवस्थाओं पर ध्यान नहीं दिया। आइए जानते हैं, उन्होंनेऔर क्या कहा। ममता बनर्जी के बयान पर नजरमुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा कि वह महाकुंभ और मां गंगा के प्रति पूरी श्रद्धा और सम्मान रखती हैं, लेकिन इस बार कुंभ में योजनाबद्ध तरीके से कोईतैयारी नहीं की गई। उन्होंने सरकार पर केवल ‘हाईप’ बनाने का आरोप लगाया और कहा कि प्रशासन की लापरवाही के कारण कई लोगों की जानचली गई। सरकार पर अव्यवस्था के आरोपममता बनर्जी ने महाकुंभ में अव्यवस्था को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि अमीरों के लिए विशेष सुविधाओं वाले कैंप बनाए गएहैं, जिनका किराया एक लाख रुपये प्रतिदिन तक है, जबकि गरीबों के लिए कोई ठोस प्रबंध नहीं किया गया। उन्होंने यह भी कहा कि इस प्रकार केविशाल आयोजनों में भगदड़ और अन्य आपात स्थितियों का हमेशा खतरा बना रहता है, लेकिन इस बार सरकार ने कोई विशेष सुरक्षा उपाय नहींकिए। महाकुंभ में अब तक कितने श्रद्धालु पहुंचे?प्रयागराज में भव्य महाकुंभ 2025 का आयोजन चल रहा है। उत्तर प्रदेश सूचना विभाग के अनुसार, 17 फरवरी 2025 तक 54.31 करोड़ श्रद्धालु कुंभमें स्नान कर चुके हैं। पहले 40 करोड़ लोगों के आने की संभावना जताई गई थी, लेकिन यह आंकड़ा उससे कहीं आगे निकल चुका है। बता दें किमहाकुंभ का शुभारंभ 13 जनवरी 2025 को हुआ था और इसका समापन 26 फरवरी 2025 को होगा।