"National   Voice  -   खबर देश की, सवाल आपका"   -    *Breaking News*   |     "National   Voice  -   खबर देश की, सवाल आपका"   -    *Breaking News*   |     "National   Voice  -   खबर देश की, सवाल आपका"   -    *Breaking News*   |    

कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे का तीखा वार, मोदी सरकार ने 11 साल में कीं 33 बड़ी गलतियां

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर करारा हमला करते हुए आरोप लगाया कि उनके 11 साल के कार्यकाल में 33 बड़ीगलतियां हुई हैं। बुधवार को कर्नाटक के कलबुर्गी में पत्रकारों से बात करते हुए खड़गे ने कहा कि उन्होंने अपने 65 साल के राजनीतिक जीवन और 55 साल की सत्ता की समझ के दौरान ऐसा प्रधानमंत्री पहले कभी नहीं देखा जो इतना झूठ बोले, लोगों को भ्रमित करे और युवाओं को धोखा दे। पीएम सिर्फ कहते हैं, करते कुछ नहींखड़गे ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी जो बातें कहते हैं, उन्हें लागू नहीं करते। और जब उनसे सवाल किए जाते हैं, तो उनके पास कोई जवाबनहीं होता। उन्होंने कहा, “नोटबंदी हो, रोजगार के वादे हों या किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य देने की बात—इन मुद्दों पर बार-बार झूठ बोला गया, लेकिन कभी अपनी गलती स्वीकार नहीं की गई और न ही माफी मांगी गई।” 11 साल का कार्यकाल, 11वीं वर्षगांठ, पर सवाल कायमगौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 9 जून 2024 को तीसरी बार शपथ ली और इस हफ्ते मोदी सरकार ने अपने तीसरे कार्यकाल की पहली औरकुल मिलाकर 11वीं वर्षगांठ मनाई। इसी मौके पर खड़गे ने सरकार की नीतियों और उपलब्धियों पर सवाल खड़े करते हुए सरकार को आड़े हाथोंलिया। बेंगलुरु भगदड़ पर भी बीजेपी को घेराखड़गे ने बेंगलुरु में आईपीएल विजेता टीम के स्वागत समारोह के दौरान हुई भगदड़ की घटना को लेकर कांग्रेस सरकार पर सवाल उठाने वाले बीजेपीनेताओं को जवाब दिया। उन्होंने पूछा कि क्या कुंभ मेले के दौरान भगदड़ पर किसी मुख्यमंत्री ने इस्तीफा दिया था? “हमने वहां कई शव बहते हुए देखेथे। क्या योगी आदित्यनाथ ने कोविड या कुंभ जैसी घटनाओं के बाद इस्तीफा दिया?” खड़गे ने पलटवार करते हुए कहा। दुर्घटना पर कार्रवाई संभव, साजिश हो तो कड़ी सजाकांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि बेंगलुरु की घटना दुखद है, लेकिन यह एक दुर्भाग्यपूर्ण दुर्घटना थी, न कि कोई साजिश। उन्होंने कहा कि यदि कोई घटनाजानबूझकर की जाती है तो निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि कांग्रेस नेताओं ने इस हादसे के लिए जनता से माफीमांगी है।

मेघालय हत्याकांड: कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या की गुत्थी सुलझी, पत्नी सोनम ने कबूला जुर्म

चारों आरोपियों ने कबूला जुर्म, वारदात में सोनम की भूमिका उजागरइंदौर के कारोबारी राजा रघुवंशी की हत्या के सनसनीखेज मामले में चारों गिरफ्तार आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। यह हत्या मेघालय मेंउस समय की गई जब राजा अपनी पत्नी सोनम के साथ हनीमून पर गया था। पुलिस पूछताछ में यह खुलासा हुआ है कि इस खौफनाक साजिश कीमास्टरमाइंड खुद उसकी पत्नी सोनम थी और हत्या के वक्त वह मौके पर मौजूद थी। हत्या की पूरी साजिश पहले से रची गई थीसूत्रों के अनुसार, शिलांग रवाना होने से पहले ही इंदौर पुलिस की पूछताछ में चारों आरोपियों ने घटना को अंजाम देने की बात स्वीकार कर ली थी।पूछताछ में उन्होंने बताया कि कैसे योजनाबद्ध तरीके से राजा की हत्या की गई। आरोपी विशाल उर्फ विक्की ठाकुर ने सबसे पहले राजा पर हमलाकिया। इस हत्याकांड में विशाल के साथ आकाश और आनंद शामिल थे, जो इंदौर से ट्रेन से गुवाहाटी तक गए थे। हत्या के बाद शव को खाई में फेंका गयाआरोपियों ने पुलिस को बताया कि राजा पर हथियार से हमला करने के बाद उसके शव को एक गहरी खाई में फेंक दिया गया। हत्या के समय सोनमवहीं मौजूद थी और उसने अपने पति को तड़पते हुए मरते देखा। आरोपियों के अनुसार, सोनम का एक कथित प्रेमी राज कुशवाह भी इस साजिश मेंशामिल था, जिसने उन्हें यात्रा और वारदात के खर्च के लिए 40–50 हजार रुपये मुहैया कराए। सोनम हुई गिरफ्तार, तीन दिन की रिमांड परमेघालय पुलिस ने इस केस में राजा की पत्नी सोनम रघुवंशी को मुख्य षड्यंत्रकारी मानते हुए गिरफ्तार कर लिया है। कोर्ट से तीन दिन की पुलिसरिमांड मिलने के बाद उसे शिलांग ले जाया जा रहा है। वहीं चार अन्य आरोपियों को इंदौर कोर्ट ने सात दिन की ट्रांजिट रिमांड पर मेघालय पुलिस केहवाले कर दिया है। साजिशकर्ता राज कुशवाह घटनास्थल पर नहीं था मौजूदबताया जा रहा है कि सोनम का कथित प्रेमी और सह-साजिशकर्ता राज कुशवाह घटना के वक्त इंदौर में ही था। उसने यात्रा और वारदात की योजनामें आर्थिक मदद की थी लेकिन खुद वारदात में प्रत्यक्ष रूप से शामिल नहीं था। इंदौर पुलिस के अनुसार, सभी आरोपी 20 से 25 वर्ष की आयु के हैंऔर उनके खिलाफ पहले कोई आपराधिक रिकॉर्ड नहीं था। विशाल के घर की तलाशी, वारदात वाले कपड़े जब्त शिलांग पुलिस ने इंदौर क्राइम ब्रांच के सहयोग से आरोपी विशाल सिंह चौहान के घर की तलाशी ली, जिसमें घटना के दिन पहने गए कपड़े बरामदकिए गए। हालांकि पुलिस अब भी विशाल का मोबाइल फोन ढूंढ रही है। आरोपी आनंद के मकान मालिक ने कहा कि उन्हें यकीन नहीं हो रहा किआनंद ऐसी घटना में शामिल हो सकता है। पुलिस अब जोड़ रही है घटनाक्रम की कड़ियाँपूर्वी खासी हिल्स जिले के पुलिस अधीक्षक विवेक सायम ने बताया कि पूछताछ के बाद पूरी सच्चाई सामने आ जाएगी। उन्होंने बताया कि खाई सेराजा का शव बरामद करने के बाद उसके सिर पर दो गंभीर चोटों के निशान पाए गए, जिससे पुष्टि होती है कि हत्या जानबूझकर की गई थी।

कोरोना मामलों में वृद्धि के बीच पीएम मोदी से मुलाकात से पहले मंत्रियों के लिए RT-PCR टेस्ट अनिवार्य

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने से पहले अब सभी मंत्रियों और वरिष्ठ नेताओं को अनिवार्य रूप से आरटी-पीसीआर टेस्ट कराना होगा। कोरोना वायरसके मामलों में फिर से वृद्धि को देखते हुए यह एहतियाती कदम उठाया गया है। सूत्रों के मुताबिक, प्रधानमंत्री से मुलाकात करने से पहले कोविड-19 की निगेटिव रिपोर्ट दिखाना अनिवार्य किया गया है। बीजेपी सांसदों-विधायकों की पीएम से बैठकदिल्ली में मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के सभी सांसदों, विधायकों और प्रमुख पदाधिकारियों की प्रधानमंत्री मोदी के साथ एकमहत्वपूर्ण बैठक प्रस्तावित है। इस बैठक में शामिल होने वाले सभी व्यक्तियों को पहले कोविड-19 टेस्ट कराना होगा और निगेटिव रिपोर्ट के साथ हीबैठक में भाग लेने की अनुमति दी जाएगी। कोविड केसों में फिर दिखा उछालस्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, बीते 24 घंटों में देश में कोविड-19 के 306 नए मामले सामने आए हैं और संक्रमण से 6 लोगों की मृत्यु दर्ज की गई है।देश में सक्रिय मामलों की संख्या बढ़कर 7,121 हो चुकी है। विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि भले ही कोविड अब इमरजेंसी स्तर पर न हो, लेकिनइसके प्रति सतर्कता और बचाव अभी भी आवश्यक है। केरल, कर्नाटक और महाराष्ट्र में सबसे ज्यादा असरकोरोना संक्रमण से हुई 6 मौतों में से 3 केरल, 2 कर्नाटक और 1 महाराष्ट्र से थीं। केरल में सबसे अधिक 170 नए केस सामने आए, जिससे राज्य मेंसक्रिय मामलों की संख्या 2,223 तक पहुंच गई है। गुजरात में 114 नए केस मिले हैं और यहां एक्टिव केस 1,223 हो गए हैं। कर्नाटक में 100 नएमामलों के साथ कुल सक्रिय केस 459 दर्ज किए गए हैं। स्वास्थ्य ढांचे की तैयारियां तेज़कोरोना संक्रमण के संभावित प्रसार को देखते हुए देशभर के सरकारी अस्पतालों में जरूरी इंतजाम किए जा रहे हैं। आइसोलेशन वॉर्ड तैयार किए जा रहेहैं और आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। सरकार का ध्यान संक्रमण की रोकथाम के साथ-साथ आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएंमजबूत करने पर है। कोविड अब सीजनल संक्रमण का रूप ले रहा विशेषज्ञस्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, कोविड-19 अब महामारी नहीं रहा, लेकिन यह वायरस पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है। इसका स्वरूप अब फ्लू जैसेमौसमी संक्रमण जैसा हो गया है, जिसमें समय-समय पर मामूली बढ़ोतरी हो सकती है। इसलिए लोगों को सतर्क रहने और स्वास्थ्य प्रोटोकॉल कापालन करते रहने की सलाह दी गई है।

सुरक्षा और विदेश नीति पर संसद में चर्चा कराएगी सरकार? कांग्रेस ने पीएम मोदी से पूछे तीखे सवाल

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से हाल ही में विदेश से लौटे सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात के बाद कांग्रेस ने केंद्र सरकार की मंशा पर सवालखड़े किए हैं। पार्टी ने पूछा है कि क्या अब सरकार देश की सुरक्षा और विदेश नीति जैसे अहम मुद्दों पर संसद के आगामी मानसून सत्र में खुली चर्चाकराएगी। क्या पीएम सभी दलों की बैठक की करेंगे अध्यक्षता?कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि प्रधानमंत्री ने अब स्वयं 32 देशों में भेजे गए सात संसदीय प्रतिनिधिमंडलों के सदस्यों से भेंट की है। ऐसे मेंसवाल उठता है कि क्या वह अब सभी राजनीतिक दलों की एक बैठक बुलाकर चीन और पाकिस्तान को लेकर भारत की रणनीति पर विपक्ष कोविश्वास में लेंगे? सीडीएस खुलासे और सुरक्षा रणनीति पर विपक्ष को भरोसे में लेने की मांगरमेश ने आगे कहा कि प्रधानमंत्री को सिंगापुर में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) द्वारा किए गए खुलासे के संदर्भ में भी विपक्ष को भरोसे में लेनाचाहिए। उन्होंने पूछा कि क्या सरकार पहलगाम आतंकी हमले और उसके बाद शुरू किए गए “ऑपरेशन सिंदूर” के प्रभाव पर विस्तार से चर्चा करने कोतैयार है? क्या बनेगा कारगिल समीक्षा समिति जैसा विशेषज्ञ समूह?जयराम रमेश ने यह सुझाव भी रखा कि सरकार को कारगिल समीक्षा समिति की तर्ज पर एक उच्च स्तरीय विशेषज्ञ समूह गठित करना चाहिए, जिसकी जिम्मेदारी हो कि वह ऑपरेशन सिंदूर, भारत की रक्षा क्षमताओं, सैन्य तकनीकों, और सामरिक संचार के भविष्य पर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करे।उन्होंने पूछा कि क्या यह रिपोर्ट संशोधन के बाद संसद में पेश की जाएगी, जैसा कि वर्ष 2000 में कारगिल समीक्षा समिति की रिपोर्ट संसद में रखीगई थी? क्या संसद में सुरक्षा और विदेश नीति पर होगी बहस?कांग्रेस ने यह भी सवाल उठाया कि क्या संसद के मानसून सत्र में देश की सुरक्षा चुनौतियों और विदेश नीति पर खुली बहस कराई जाएगी? विपक्षपहले ही संसद का विशेष सत्र बुलाने की मांग कर चुका है, जिसे सरकार ने ठुकरा दिया था। प्रतिनिधिमंडल की यात्रा का उद्देश्य और पीएम से मुलाकातगौरतलब है कि जिन सांसदों और पूर्व राजनयिकों से प्रधानमंत्री ने मुलाकात की, वे विभिन्न देशों की यात्रा पर इसलिए गए थे ताकि वे पहलगामआतंकी हमले और ऑपरेशन सिंदूर के बाद भारत की स्थिति को अंतरराष्ट्रीय समुदाय के सामने रख सकें और आतंकवाद के खिलाफ भारत कीप्रतिबद्धता का संदेश दे सकें। कांग्रेस ने प्रधानमंत्री से यह अपेक्षा जताई है कि अब जब सरकार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सक्रिय हुई है, तो वह घरेलू स्तर पर भी विपक्ष और संसद कोसमान रूप से महत्व देगी।

अमरनाथ यात्रा सुरक्षा, त्रिपुरा से जम्मू जा रही BSF की टुकड़ी को खराब हालत वाली ट्रेन, रेलवे ने तुरंत बदली

अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा के लिए सीमा सुरक्षा बल (BSF) के जवानों की एक टुकड़ी को त्रिपुरा के उदयपुर से जम्मू भेजा जाना था। BSF ने रेलवेसे अनुरोध किया था कि जवानों की यात्रा को आरामदायक और सुरक्षित बनाने के लिए ट्रेन में AC-2 टियर के दो कोच, AC-3 टियर के दो कोच, 16 स्लीपर कोच और 4 जनरल/SLR कोच उपलब्ध कराए जाएं। जर्जर ट्रेन देख भड़के सुरक्षाबल, वीडियो हुआ वायरलहालांकि, जिस ट्रेन की व्यवस्था जवानों के लिए की गई थी, उसकी स्थिति बेहद खराब थी। सामने आए वीडियो में देखा जा सकता है कि ट्रेन कीखिड़कियां टूटी हुई थीं, दरवाजे जाम थे, शौचालय गंदगी से भरे थे और कई सीटें क्षतिग्रस्त थीं, जिनसे लोहे की रॉड तक बाहर निकल रही थीं। इसलापरवाही के चलते रेलवे विभाग ने चार अधिकारियों को निलंबित कर दिया है। रेलवे ने शिकायत पर तुरंत उठाया कदम, बदली ट्रेनBSF सूत्रों ने बताया कि जब ट्रेन की खराब हालत की जानकारी रेलवे को दी गई, तो विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ट्रेन को बदल दिया। अबजवानों को एक नई और बेहतर ट्रेन के जरिए रवाना किया गया है, जो अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा के लिए जम्मू की ओर बढ़ रही है। BSF ने दी सफाई, जवानों ने नहीं किया कोई विरोधइस पूरे मामले पर BSF ने भी आधिकारिक बयान जारी किया है। बयान में कहा गया है कि जवानों ने ट्रेन की स्थिति को लेकर कोई विरोध या हंगामानहीं किया था। हमेशा की तरह, इस बार भी अधिकारियों ने ट्रेन का पूर्व मुआयना किया था। खराब हालात देखकर BSF ने रेलवे से संवाद किया औरइसके बाद रेल मंत्रालय ने दूसरी ट्रेन मुहैया कराई।

कांग्रेस ने अमेरिका में भारतीयों के साथ हुए दुर्व्यवहार पर दिया बयान, बोले अमेरिका में भारतीय मूल के लोगों के साथ बढ़ती नस्लीय हिंसा और भेदभाव की घटनाएं चिंताजनक

कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत ने अमेरिका में भारतीय मूल के लोगों के साथ हो रही बर्बरता की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि अमेरिका की सरकारभारतीय मूल के लोगों के साथ अपमानजनक व्यवहार कर रही है, जो अस्वीकार्य है। वीडियो के माध्यम से दिखाया गया अपमानसुप्रिया श्रीनेत ने एक वीडियो के माध्यम से दिखाया कि कैसे अमेरिकी पुलिस ने एक भारतीय मूल के छात्र के साथ बर्बरता की। उन्होंने कहा कि यहवीडियो देखकर मन व्यथित होता है और यह अपमानजनक व्यवहार तुरंत बंद होना चाहिए। अमेरिकी सरकार की आलोचनासुप्रिया श्रीनेत ने अमेरिकी सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि वह भारतीय मूल के लोगों के साथ भेदभाव कर रही है। उन्होंने कहा कि अमेरिकीसरकार की यह नीति निंदनीय है और इसका विरोध किया जाना चाहिए। प्रधानमंत्री से अपीलसुप्रिया श्रीनेत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील की है कि वह अमेरिकी राष्ट्रपति से बात करें और भारतीय मूल के लोगों के साथ हो रही बर्बरता कोरोकने के लिए कहें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को अपने देश के लोगों की गरिमा और सम्मान की रक्षा करनी चाहिए। सरकार की चुप्पी पर सवालसुप्रिया श्रीनेत ने सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि आखिर सरकार क्यों नहीं बोल रही है? उन्होंने कहा कि सरकार की चुप्पी से लगता हैकि वह अमेरिकी सरकार के आगे घुटने टेक रही है।

कांग्रेस का आरोप, आरएसएस और बीजेपी पर लगाए दलित विरोधी और संविधान विरोधी होने के आरोप

ग्वालियर हाई कोर्ट में मूर्ति स्थापना पर बाधाएंकांग्रेस पार्टी ने आरोप लगाया है कि आरएसएस और बीजेपी जानबूझकर बाबासाहेब अंबेडकर की मूर्ति स्थापना में बाधाएं उत्पन्न कर रहे हैं। पार्टी नेमांग की है कि सरकार इन बाधाओं को दूर करे और मूर्ति स्थापना की अनुमति दे। पत्रकारों के साथ दुर्व्यवहार की निंदाकांग्रेस पार्टी ने भिंड में पत्रकारों के साथ दुर्व्यवहार की कड़ी निंदा की है और सरकार से मांग की है कि वह पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करे। सुप्रीमकोर्ट ने पत्रकारों को 15 दिनों तक प्रोटेक्शन देने का आदेश दिया है। कांग्रेस पार्टी की रणनीतिकांग्रेस पार्टी ने स्पष्ट किया है कि वह इस मामले में कानूनी और राजनीतिक लड़ाई लड़ेगी और संविधान की रक्षा के लिए हर संभव प्रयास करेगी। पार्टीने आरोप लगाया है कि आरएसएस और बीजेपी वर्ग संघर्ष को बढ़ावा दे रहे हैं और संविधान का उल्लंघन कर रहे हैं। सरकार से अपीलकांग्रेस पार्टी ने सरकार से अपील की है कि वह बाबासाहेब अंबेडकर की मूर्ति स्थापना की अनुमति दे और पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करे। पार्टी नेआरोप लगाया है कि आरएसएस और बीजेपी की मंशा समाज में तनाव और विभाजन पैदा करना है।

अमेरिका में भारतीय छात्र के साथ बदसलूकी, हंगामा और बयानबाजी

हाल ही में अमेरिका के न्यूवार्क लिबर्टी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एक भारतीय छात्र के साथ की गई बदसलूकी को लेकर व्यापक हंगामा मच गया है।एक वीडियो सामने आया है जिसमें यह दिखाया गया कि अमेरिकी अधिकारियों ने एक भारतीय छात्र को हथकड़ी लगाकर निर्वासित किया और उसेजमीन पर घुटनों से दबा कर रखा। इस घटना पर प्रतिक्रिया और बयानबाजी का सिलसिला अब तेज हो गया है। अमेरिकी दूतावास का बयानअमेरिकी दूतावास ने इस घटना पर अपना बयान जारी करते हुए कहा, “अमेरिका अपने देश में वैध यात्रियों का स्वागत करना जारी रखेगा, लेकिन यात्राकरना किसी का अधिकार नहीं है। हम अवैध प्रवेश, वीजा के दुरुपयोग या अमेरिकी कानून के उल्लंघन को बर्दाश्त नहीं करेंगे।” प्रत्यक्षदर्शी की प्रतिक्रियाभारतीय-अमेरिकी उद्यमी कुणाल जैन ने सोशल मीडिया पर इस घटना का वीडियो साझा किया और लिखा, “मैंने एक युवा भारतीय छात्र को निर्वासितहोते देखा। उसे हथकड़ी लगाकर, अपराधी की तरह व्यवहार किया गया और वह रो रहा था। वह यहाँ अपने सपनों का पीछा करने आया था, नुकसानपहुँचाने के लिए नहीं। एक NRI के रूप में मैं असहाय और दुखी महसूस कर रहा हूँ।” भारतीय दूतावास की स्थितिइस मामले के बाद न्यूयॉर्क स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास ने भी अपना बयान जारी किया। दूतावास ने कहा, “हमें सोशल मीडिया के माध्यम सेजानकारी मिली कि एक भारतीय नागरिक नेवार्क लिबर्टी एयरपोर्ट पर कठिनाइयों का सामना कर रहा है। हम स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में हैं औरभारतीय नागरिकों की सुरक्षा और कल्याण के लिए प्रतिबद्ध हैं।”

मोदी है तो मुमकिन है – दिल्ली भाजपा

प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की यात्रा को “संकल्प से सिद्धि” के 11 वर्ष पूरे होने पर आज दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और दिल्लीभाजपा अध्यक्ष वीरेन्द्र सचदेवा ने एक संयुक्त प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने भारत के इतिहास में मोदी सरकार की सफलता औरविभिन्न योजनाओं की चर्चा की। प्रधान मंत्री मोदी की नई शासकीय दिशादिल्ली भाजपा अध्यक्ष श्री वीरेन्द्र सचदेवा ने कहा कि मोदी जी ने देश को एक नया शासकीय मूल मंत्र “रिफॉर्म, परफॉर्म, ट्रांसफॉर्म” दिया है, जो नयेभारत को विकास के नए आयाम दे रहा है। उन्होंने बताया कि मोदी सरकार ने विज्ञान, आर्थिक विकास, समाजिक संवेदना, रक्षा और खेल के क्षेत्र मेंअभूतपूर्व सफलता प्राप्त की है। “मन की बात”, भारत की जन-संवाद की नई पहचानवीरेन्द्र सचदेवा ने प्रधानमंत्री मोदी के मासिक “मन की बात” कार्यक्रम को लेकर कहा कि यह दुनिया का सबसे लोकप्रिय और लंबा चलने वाला संवादकार्यक्रम बन चुका है। यह कार्यक्रम भारत के नागरिकों में स्वच्छता, विकास, विज्ञान, और राष्ट्र सुरक्षा के प्रति संवेदनशीलता और जागरूकता पैदा कररहा है। उन्होंने यह भी बताया कि “मोदी है तो मुमकिन है” का विश्वास हर नागरिक में पैदा हुआ है, और आज यह संदेश पूरी दुनिया में फैल चुका है। मोदी सरकार की मुख्य योजनाओं की सफलतावीरेन्द्र सचदेवा ने मोदी सरकार द्वारा कई महत्वपूर्ण निर्णयों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि सरकार ने धारा 370 को हटाया, पाकिस्तान से उत्पीड़ितहिन्दू समुदाय के लिए सीएए लागू किया, महिला आरक्षण की दिशा में काम किया और तीन तलाक पर फैसला लिया। उन्होंने दिल्ली में केंद्र सरकारकी विभिन्न योजनाओं जैसे सड़क परियोजनाओं, फेम इलेक्ट्रिक बसों, मेट्रो के विस्तार और अन्य विकास कार्यों को दिल्ली की लाइफलाइन बताया। केजरीवाल सरकार की नकारात्मक राजनीतिसचदेवा ने कहा कि दिल्ली में पिछली सरकार ने केंद्र की विकास योजनाओं को लागू होने से रोकने की नकारात्मक राजनीति की। कोविड काल में जबकेजरीवाल सरकार ने दिल्ली को असहाय छोड़ दिया था, तब मोदी सरकार ने दिल्ली को सम्भाला था और आवश्यक संसाधन प्रदान किए थे। दिल्ली सरकार के द्वारा केंद्र की योजनाओं का कार्यान्वयनदिल्ली मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली में शासन परिवर्तन के बाद उनकी सरकार ने 100 दिनों में कई सुधार किए हैं। आयुष्मान भारत योजनाको तेजी से लागू किया गया है, जिससे दिल्लीवालों को स्वास्थ्य सुविधाएं मिल रही हैं। उन्होंने बताया कि पिछले शासन के दौरान हेल्थ इन्फ्रास्ट्रक्चरमें बहुत कमी थी, लेकिन अब 1500 नर्सों की नियुक्ति कर स्वास्थ्य सेवाओं को सुधारने का कार्य किया गया है।नई दिल्ली में कड़ी मेहनत और विकास के रास्तेमुख्यमंत्री ने दिल्ली में सड़क परियोजनाओं के बारे में बताया कि केंद्र सरकार द्वारा 1.25 लाख करोड़ रुपये की सड़क परियोजनाओं की सौगात दी गईहै। इसके अलावा, 1100 नए आरोग्य मंदिरों के निर्माण का कार्य भी शुरू किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि मेट्रो, स्कूल, और कॉलेजों में केंद्रसरकार का अहम योगदान है, जो दिल्ली के शिक्षा और यातायात क्षेत्र में अहम सुधार ला रहा है। यमुना सफाई और प्रदूषण नियंत्रणमुख्यमंत्री ने यमुना सफाई और प्रदूषण नियंत्रण के कार्यों की भी जानकारी दी। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार ने यमुना की सफाई और जल सीवरव्यवस्था सुधारने के लिए 9000 करोड़ रुपये का फंड आवंटित किया है, जिससे जल और सीवर व्यवस्था में सुधार दिखाई दे रहा है। उन्होंने यह भीकहा कि दिल्ली में प्रदूषण कम करने के लिए कूड़े के पहाड़ों की सफाई का काम तेजी से किया जा रहा है। समाज के विकास में केंद्र सरकार का योगदानरेखा गुप्ता ने बताया कि प्रधानमंत्री मातृ वंदन योजना और उज्ज्वला योजना के तहत बड़ी संख्या में महिलाओं को लाभ दिया गया है। इसके अलावा, 1731 कॉलोनियों का नियमितिकरण और 960 करोड़ रुपये की योजना के तहत दिल्ली देहात के विकास का रास्ता खोला गया है। दिल्ली मुख्यमंत्री ने कहा कि केजरीवाल सरकार ने दिल्लीवासियों से केवल झूठे वादे किए, लेकिन आज केंद्र सरकार के प्रयासों से दिल्ली में विकासके नए रास्ते खुल रहे हैं।

जयराम रमेश ने अमित शाह पर बोला हमला, बोले- शाह का कश्मीर और मणिपुर में शांति का दावा निराधार

कांग्रेस ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर कड़ा हमला बोला है। पार्टी ने जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले और मणिपुर की हिंसा का हवालादेते हुए शाह के नेतृत्व में राष्ट्रीय सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। आतंकी हमलों के जिम्मेदार अब तक नहीं पकड़े गएकांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि गृह मंत्री का यह दावा कि जम्मू-कश्मीर और मणिपुर में शांति स्थापित हो चुकी है, तथ्यविहीन औरवास्तविकता से दूर है। उन्होंने कहा कि 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमलों के जिम्मेदार अब तक पकड़े नहीं गए हैं। मणिपुर की हालत को बताया ‘विफलतारमेश ने आरोप लगाया कि मणिपुर अब भी हिंसा और अव्यवस्था की चपेट में है। राष्ट्रपति शासन विफल साबित हुआ है। राज्य में कानून-व्यवस्थाबदहाल है और आम जनजीवन असुरक्षा व पीड़ा से ग्रस्त है। अमित शाह के कार्यकाल को बताया “अधिकतम डींगें, न्यूनतम उपलब्धियांरमेश ने कटाक्ष करते हुए कहा कि शाह आतंकी हमलों में न्याय दिलाने या मणिपुर में सामान्य स्थिति बहाल करने में असफल रहे, फिर भी वे अपनीकथित उपलब्धियों का प्रचार कर रहे हैं। उन्होंने तीखा हमला करते हुए लिखा कि शायद ही कभी स्वतंत्र भारत को ऐसा गृह मंत्री मिला हो, जिसकीपहचान ‘अधिकतम डींगें, न्यूनतम उपलब्धियां’ हो।