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दिल्ली के बाल सुधार गृह में किशोर की पीट-पीटकर हत्या, झगड़े से मचा हड़कंप

राजधानी दिल्ली के मजनू का टीला स्थित एक बाल सुधार गृह में मंगलवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब एक 17 वर्षीय किशोर करणकी साथी किशोरों द्वारा कथित रूप से पिटाई के चलते मौत हो गई। यह हादसा उस समय हुआ जब कुछ किशोर नहाने के दौरान आपस में उलझगए। झगड़ा कैसे बढ़ा हत्या तकप्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बाथरूम में नहाने की बारी को लेकर दो किशोरों के बीच बहस हो रही थी। इसी दौरान करण ने बीच-बचाव करनेकी कोशिश की, लेकिन हालात और बिगड़ गए। चश्मदीदों के अनुसार, उसी समय एक अन्य किशोर ने करण पर हमला कर दिया और उसे लात-घूंसोंसे बेरहमी से पीट डाला। मौके पर पहुंची पुलिस, आरोपी हिरासत मेंगंभीर रूप से घायल करण को तुरंत पास के हिंदू राव अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। घटना की जानकारी मिलतेही सिविल लाइंस थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज करलिया है और आरोपी किशोर को हिरासत में ले लिया गया है। सीसीटीवी फुटेज से मिलेगा सुरागमौत के असल कारणों की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद होगी। साथ ही, पुलिस बाल सुधार गृह में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रहीहै ताकि झगड़े की सटीक वजह और पूरे घटनाक्रम का पता लगाया जा सके। परिवार और प्रशासन में हलचलइस घटना के बाद बाल सुधार गृह की सुरक्षा व्यवस्थाओं पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। किशोर की मौत ने वहां रहने वाले अन्य बच्चों की सुरक्षा कोलेकर चिंताएं बढ़ा दी हैं। प्रशासन ने मामले की गहन जांच का भरोसा दिलाया है।

आत्मनिर्भर भारत’ को मजबूती, देश में बना INS अर्णाला भारतीय नौसेना में शामिल

भारतीय नौसेना ने अपनी तटीय और उथले समुद्री इलाकों में सुरक्षा क्षमताओं को और सशक्त बनाते हुए INS अर्णाला को सेवा में शामिल कर लियाहै। यह भारत का पहला Anti-Submarine Warfare Shallow Water Craft (ASW-SWC) है, जिसे 18 जून 2025 को विशाखापट्टनमस्थित नेवल डॉकयार्ड में आयोजित समारोह में कमीशन किया गया। इस कार्यक्रम में चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल अनिल चौहान भीउपस्थित थे। INS अर्णाला की तैनाती से भारत अब उथले समुद्री क्षेत्रों में दुश्मन की पनडुब्बियों की पहचान, निगरानी और उन्हें निष्क्रिय करने कीदिशा में और अधिक सक्षम हो गया है। इस पोत का नाम महाराष्ट्र के वसई में स्थित ऐतिहासिक अर्णाला किले से प्रेरित है, जो मराठा नौसैनिक परंपरा और वीरता का प्रतीक रहा है। यह नामभारतीय नौसेना की पारंपरिक बहादुरी और आधुनिक युद्ध तकनीक के समन्वय को दर्शाता है। INS अर्णाला का निर्माण कोलकाता स्थित गार्डन रीचशिपबिल्डर्स एंड इंजीनियर्स (GRSE) द्वारा एलएंडटी शिपबिल्डर्स के सहयोग से पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल के अंतर्गत किया गयाहै। यह परियोजना रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत अभियान का एक बेहतरीन उदाहरण है। यह जहाज 16 ASW-SWC श्रेणी के जहाजों की श्रृंखलाका पहला पोत है, जिसमें अन्य पोत अभी निर्माणाधीन हैं। INS अर्णाला को विशेष रूप से तटीय और उथले समुद्री इलाकों में दुश्मन की पनडुब्बियों का पता लगाने, उन्हें ट्रैक करने और निष्क्रिय करने के उद्देश्यसे डिजाइन किया गया है। इसमें उन्नत सोनार सिस्टम, तेज गति, उच्च गतिशीलता, सटीक नेविगेशन प्रणाली और स्वचालित हथियार प्रणाली जैसीविशेषताएं शामिल हैं। यह पोत भारत की तटीय सुरक्षा रणनीति को और मजबूत करेगा और एक अहम कड़ी के रूप में कार्य करेगा। भारतीय नौसेना वर्तमान में 135 से अधिक सक्रिय युद्धपोतों के साथ एशिया की प्रमुख समुद्री शक्तियों में शामिल है। इसमें 20 पनडुब्बियां, जिनमेंदो परमाणु-संचालित बैलिस्टिक मिसाइल सबमरीन, एक परमाणु-संचालित अटैक सबमरीन, और 17 डीजल-इलेक्ट्रिक अटैक सबमरीन शामिल हैं।इसके अतिरिक्त नौसेना के पास 13 डिस्ट्रॉयर, 15 फ्रिगेट्स, 18 कॉर्वेट्स, 30 गश्ती पोत और दो विमानवाहक पोत – INS विक्रमादित्य और INS विक्रांत हैं। भारत का लक्ष्य है कि 2035 तक उसके पास 175 युद्धपोत हों, जिनमें से 50 से अधिक निर्माणाधीन हैं। भारतीय नौसेना आज सात प्रमुख प्रकार के युद्धपोतों का संचालन कर रही है। इसमें एयरक्राफ्ट कैरियर्स शामिल हैं जो समुद्र में चलती हवाई छावनी केसमान कार्य करते हैं। क्रूज़र पोत मल्टी-रोल क्षमता के साथ विमानवाहक समूहों की सुरक्षा करते हैं। डिस्ट्रॉयर्स तेज और हथियारों से लैस जहाज होते हैंजो अन्य पोतों की सुरक्षा में काम आते हैं। फ्रिगेट्स मध्यम आकार के बहुउद्देशीय पोत होते हैं, जबकि कॉर्वेट्स छोटे लेकिन तेज और प्रभावशालीयुद्धपोत होते हैं जो तटीय सुरक्षा के लिए उपयोगी हैं। सबमरीन समुद्र के नीचे से दुश्मन पर घातक हमला करने में सक्षम होती हैं और भारत कीसामरिक ताकत का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। वहीं एम्फीबियस असॉल्ट शिप्स ऐसे पोत होते हैं जो थल सेना को समुद्र से दुश्मन के इलाके में उतरने मेंमदद करते हैं। INS अर्णाला की तैनाती से भारतीय नौसेना की तटीय और सामरिक क्षमताओं में नया आयाम जुड़ा है।

देश के आधे हिस्से में पहुंचा मानसून, उत्तर भारत में गर्मी से राहत

देश के विभिन्न हिस्सों में मानसून की प्रगति तेज हो गई है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, 17 जून 2025 तक मानसून गुजरात, दक्षिणीमध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और पूर्वी बिहार तक पहुंच चुका है। जल्द ही यह उत्तर प्रदेश, राजस्थान और मध्य प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी प्रवेशकर सकता है।दिल्ली-एनसीआर में झमाझम बारिश से राहतउत्तर भारत में मानसून की नजदीकी से तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। बीते दिन दिल्ली-एनसीआर और आसपास के क्षेत्रों में अच्छी बारिश हुई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में जल्द पहुंचेगा मानसूनIMD के अनुसार, मानसूनी हवाएं बिहार को पार कर पूर्वी उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ रही हैं। अनुमान है कि अगले कुछ घंटों में पूर्वी यूपी में मानसून कीआधिकारिक दस्तक हो जाएगी। मानसूनी हवाओं की वर्तमान स्थितिफिलहाल मानसूनी हवाएं दीसा, पंचमढ़ी, इंदौर, अंबिकापुर, हजारीबाग, मंडला और सुपौल होते हुए आगे बढ़ रही हैं। इन क्षेत्रों में बारिश कीगतिविधियां जारी हैं। रेड अलर्ट: भारी बारिश और वज्रपात की चेतावनीओडिशा, असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल और झारखंड में IMD ने रेड अलर्ट जारी किया है। इन राज्यों में तेज आंधी, गरज के साथ बारिश औरवज्रपात की संभावना जताई गई है। ऑरेंज अलर्ट वाले राज्यकर्नाटक के तटीय क्षेत्र, महाराष्ट्र का कोंकण तट, गुजरात, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तराखंड, पूर्वी उत्तर प्रदेश, बिहार, छत्तीसगढ़, अरुणाचल प्रदेश, नगालैंड, मणिपुर, त्रिपुरा और मेघालय में मौसम विभाग ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। इन क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ बिजली गिरने और तेजहवाओं की आशंका है।

ज्वालामुखी विस्फोट से बाली जाने वाली एयर इंडिया फ्लाइट लौटी वापस, कई अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द

इंडोनेशिया के फ्लोरेस द्वीप पर स्थित माउंट लेवोटोबी लाकी-लाकी ज्वालामुखी ने मंगलवार को जबरदस्त विस्फोट किया। इस घटना ने पूरे क्षेत्र मेंचिंता बढ़ा दी है। विस्फोट के बाद ज्वालामुखीय राख का घना बादल 10,000 मीटर (10 किलोमीटर) की ऊंचाई तक पहुंच गया, जिससे हवाईयातायात पर गंभीर असर पड़ा। AI2145 फ्लाइट को सुरक्षा के लिहाज से लौटाया गयाएयर इंडिया की फ्लाइट AI2145, जो बुधवार सुबह दिल्ली से बाली के लिए रवाना हुई थी, ज्वालामुखी विस्फोट के चलते वापस दिल्ली बुला लीगई। यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए यह निर्णय लिया गया और फ्लाइट ने सुरक्षित रूप से इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर लैंडकिया। यात्रियों के लिए एयर इंडिया की सुविधाएंएयर इंडिया ने पुष्टि की कि सभी यात्री सुरक्षित हैं और उन्हें हरसंभव सहायता प्रदान की जा रही है। एयरलाइन ने यात्रियों को दो विकल्प दिए हैं—पूरीटिकट राशि की वापसी या बिना अतिरिक्त शुल्क के यात्रा पुनर्निर्धारण। इसके अलावा यात्रियों के ठहरने के लिए होटल की व्यवस्था भी की गई है। ज्वालामुखी का प्रभाव और चेतावनी स्तरमाउंट लेवोटोबी लाकी-लाकी एक सक्रिय ज्वालामुखी है जिसकी ऊंचाई 1,584 मीटर है। मंगलवार शाम को इसमें हुए विस्फोट के बाद, इंडोनेशियाई भूविज्ञान एजेंसी ने चेतावनी दी कि लावा नदियों में बह सकता है और भारी बारिश के चलते स्थिति और बिगड़ सकती है। नवंबर 2024 में भी इसी ज्वालामुखी के विस्फोट में नौ लोगों की जान गई थी। बुधवार सुबह एक और विस्फोट हुआ जिसमें 1 किलोमीटर ऊंचाई तक राख का बादल उठा। इसके बाद इंडोनेशिया की ज्वालामुखी आपदा एजेंसी(PVMBG) ने रेड अलर्ट जारी किया और 6,000 मीटर से नीचे उड़ानों पर रोक लगा दी। अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द, हवाई अड्डे बंदबाली के अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से बुधवार को दो दर्जन से अधिक उड़ानें रद्द कर दी गईं। इनमें एयर इंडिया, सिंगापुर एयरलाइंस, टाइगरएयर, जेटस्टार, वर्जिन ऑस्ट्रेलिया और जुनयाओ एयरलाइंस की उड़ानें शामिल हैं। ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, चीन, भारत और सिंगापुर से बाली आने-जाने वाली उड़ानेंप्रभावित हुई हैं। साथ ही, पूर्वी नुसा तेंगारा के मौमेरे में स्थित फ्रांसिस्कस ज़ेवियस सेडा हवाई अड्डा भी बुधवार से गुरुवार तक के लिए अस्थायी रूप से बंद कर दियागया है। एयरपोर्ट संचालक ‘एयरनाव’ ने सोशल मीडिया पोस्ट के माध्यम से यह जानकारी दी और कहा कि यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुएयह कदम उठाया गया है।

प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ट्रंप के बीच 35 मिनट की बातचीत, ऑपरेशन सिंदूर, सीजफायर और इंडो-पैसिफिक पर चर्चा

G7 शिखर सम्मेलन के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच फोन पर 35 मिनट तक बातचीत हुई। यह कॉलअमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के आग्रह पर की गई थी। इस चर्चा में दोनों नेताओं ने हाल ही में हुए ‘ऑपरेशन सिंदूर’ और क्षेत्रीय सुरक्षा मुद्दों पर विस्तार सेविचार-विमर्श किया। व्यापार या मध्यस्थता का कोई जिक्र नहींविदेश सचिव विक्रम मिस्री ने स्पष्ट किया कि इस बातचीत के दौरान न तो भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर कोई बात हुई और न ही भारत औरपाकिस्तान के बीच किसी प्रकार की मध्यस्थता का मुद्दा उठा। यह बातचीत पूरी तरह से सुरक्षा, आतंकवाद और कूटनीतिक रणनीति पर केंद्रित रही। G7 समिट में मुलाकात की योजना, लेकिन नहीं हो पाईG7 सम्मेलन में दोनों नेताओं की मुलाकात प्रस्तावित थी, लेकिन ट्रंप को अमेरिका जल्दी लौटना पड़ा, जिससे यह मुलाकात संभव नहीं हो सकी।इसके बाद यह टेलीफोनिक बातचीत हुई, जो करीब 35 मिनट तक चली। इससे पहले 22 अप्रैल को पहलगाम आतंकी हमले के बाद ट्रंप ने मोदी सेबात कर संवेदना व्यक्त की थी। ऑपरेशन सिंदूर पर विस्तृत चर्चाप्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति ट्रंप को बताया कि 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने ठोस कदम उठाते हुए पाकिस्तान और पाकिस्तानअधिकृत कश्मीर में आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया। मोदी ने इसे ‘संतुलित, सटीक और तनाव को न बढ़ाने वाली कार्रवाई’ बताया। उन्होंने ट्रंप कोआश्वस्त किया कि यह सैन्य ऑपरेशन पूरी तरह आतंकवाद के खिलाफ था। अमेरिकी उपराष्ट्रपति वेंस की कॉल और भारत की प्रतिक्रियाविदेश सचिव ने बताया कि 9 मई की रात अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने प्रधानमंत्री मोदी से संपर्क किया और आशंका जताई कि पाकिस्तान भारतपर बड़ा हमला कर सकता है। इस पर मोदी ने दो टूक कहा कि भारत जवाब में कहीं अधिक कठोर कार्रवाई करेगा। उसी रात भारत ने पाकिस्तान केहमले का प्रभावी जवाब देते हुए उसकी सैन्य क्षमताओं को भारी नुकसान पहुंचाया। सीजफायर के पीछे कोई बाहरी दबाव नहींप्रधानमंत्री ने ट्रंप को बताया कि पाकिस्तान द्वारा भारत से सैन्य कार्रवाई रोकने का आग्रह किया गया था, लेकिन इस प्रक्रिया में न तो अमेरिका कीभूमिका रही और न ही किसी प्रकार की मध्यस्थता की आवश्यकता पड़ी। दोनों देशों की सेनाओं के बीच मौजूदा सैन्य चैनलों के माध्यम से ही संपर्कहुआ था।भारत आतंकवाद को अब युद्ध मानता हैमोदी ने ट्रंप से कहा कि भारत अब आतंकवाद को सीमित संघर्ष या ‘प्रॉक्सी वॉर’ नहीं बल्कि पूर्ण युद्ध के रूप में देखता है और इसी दृष्टिकोण से’ऑपरेशन सिंदूर’ अभी भी जारी है। ट्रंप ने भारत की आतंकवाद विरोधी कार्रवाई को समझते हुए समर्थन व्यक्त किया। भविष्य की योजनाओं और क्षेत्रीय मुद्दों पर चर्चाबातचीत के दौरान राष्ट्रपति ट्रंप ने मोदी से अनुरोध किया कि क्या वह कनाडा से लौटते समय अमेरिका आ सकते हैं। प्रधानमंत्री ने अपने निर्धारितकार्यक्रमों के चलते असमर्थता जताई, लेकिन दोनों नेताओं ने निकट भविष्य में मिलने पर सहमति जताई। उन्होंने इज़राइल-ईरान संघर्ष और रूस-यूक्रेन युद्ध पर भी चर्चा की। दोनों नेताओं ने इन संघर्षों का समाधान सीधी बातचीत से खोजने की आवश्यकतापर बल दिया। QUAD और इंडो-पैसिफिक पर सहमतिइंडो-पैसिफिक क्षेत्र और क्वाड (QUAD) की भूमिका को लेकर दोनों नेताओं ने साझा दृष्टिकोण व्यक्त किया। प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रंप को अगलीक्वाड बैठक के लिए भारत आमंत्रित किया, जिसे ट्रंप ने स्वीकार किया और कहा कि वे भारत आने के लिए उत्सुक हैं।

दिल्ली में 19 जून को होगा अब तक का सबसे बड़ा रोजगार मेला, यूथ कांग्रेस का ऐलान

दिल्ली युवा कांग्रेस के अध्यक्ष अक्षय लाकड़ा ने आज राजधानी में एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस में पत्रकारों को संबोधित किया। उन्होंने बताया किआगामी 19 जून को तालकटोरा स्टेडियम में दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र का अब तक का सबसे बड़ा जॉब फेयर आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रमका आयोजन यूथ कांग्रेस द्वारा किया जा रहा है। महत्वपूर्ण उपस्थितियाँ और आयोजन का उद्देश्यइस अवसर पर युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री उदय भानु चिब, दिल्ली युवा कांग्रेस की प्रभारी श्रीमती खुशबू शर्मा और राष्ट्रीय कार्यसमिति सदस्यश्री याज्ञवल्क्य जिचकार भी मौजूद थे।अक्षय लाकड़ा ने कहा कि यह जॉब फेयर रोजगार की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। उन्होंने यह भी बताया कि यह युवा कांग्रेस की दूसरी ऐसीकोशिश है पहली बार इसे राजस्थान में आयोजित किया गया था। बीजेपी सरकार पर बेरोजगारी को लेकर हमलाराष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब ने सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बीजेपी सरकार ने हर साल 2 करोड़ रोजगार देने का वादा किया था, लेकिन अब खुद सरकारी आंकड़े यह स्वीकार कर चुके हैं कि भारत में बेरोजगारी बीते 40-50 वर्षों में अपने उच्चतम स्तर पर है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने लगातार संसद और सड़कों पर बेरोजगारी के मुद्दे को उठाया है। युवा कांग्रेस ने निर्णय लिया है कि 19 जूनराहुल गांधी के जन्मदिन के अवसर पर देश के युवाओं को रोजगार दिलाने का प्रयास किया जाएगा। 100+ कंपनियां करेंगी हिस्सा, हज़ारों युवाओं को मिलेगा मौकाउदय भानु चिब ने बताया कि इस मेले में 100 से अधिक प्रतिष्ठित कंपनियां भाग लेंगी और वॉक-इन इंटरव्यू आयोजित करेंगी। अब तक 10,000 सेअधिक युवाओं ने ऑनलाइन और 8,000 से अधिक ने ऑफलाइन पंजीकरण कराया है। कार्यक्रम में हजारों बेरोजगार युवाओं के शामिल होने कीउम्मीद है। देशभर में अन्य गतिविधियां भी होंगी आयोजितदिल्ली के अलावा अन्य राज्यों में भी जॉब फेयर, ब्लड डोनेशन कैंप और जातीय जनगणना (कास्ट सेंसस) पर सेमिनार आयोजित किए जाएंगे।उदय भानु चिब ने कहा कि जातीय जनगणना का मुद्दा भी राहुल गांधी के प्रयासों का परिणाम है, और कांग्रेस की सरकार बनने पर एक सटीक औरनिष्पक्ष जातीय जनगणना अवश्य कराई जाएगी। दिल्ली कांग्रेस और स्थानीय संगठनों का सहयोगअक्षय लाकड़ा ने दिल्ली प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष श्री देवेंद्र यादव का विशेष आभार प्रकट किया और कहा कि डीपीसीसी और युवा कांग्रेसमिलकर दिल्ली के हर कोने तक युवाओं को इस रोजगार मेले की जानकारी दे रही हैं।उन्होंने अपील की कि चाहे युवा 12वीं पास हो या पीएचडी होल्डर, हर किसी के लिए उपयुक्त नौकरियां उपलब्ध होंगी। युवाओं के लिए सुनहरा अवसरलाकड़ा ने कहा कि यह रोजगार मेला सिर्फ नौकरी का अवसर नहीं, बल्कि युवाओं के भविष्य को एक नई दिशा देने का प्रयास है। उन्होंने मीडिया सेभी अपील की कि इस पहल की जानकारी अधिक से अधिक युवाओं तक पहुंचाई जाए।

BJP Launches 33 Ayushman Arogya Mandirs in Delhi, Fulfilling Key Healthcare Promise

The Delhi unit of the Bharatiya Janata Party (BJP) has announced the successful launch of 33 Ayushman Arogya Mandirs, marking a significant step in the implementation of a major commitment made in its election manifesto. Advancing the Vision of Free and Quality HealthcareDelhi BJP President Shri Virendra Sachdeva hailed the launch as a timely initiative aligned with Prime Minister Shri Narendra Modi’s vision of delivering free and quality healthcare to all citizens. He stated that these Ayushman Arogya Mandirs would play a pivotal role in strengthening the primary healthcare infrastructure across the national capital. Massive Expansion Plan with ₹2400 Crore InvestmentShri Sachdeva revealed that the inauguration of these 33 centers is part of a larger plan involving an investment of over ₹2400 crore. The project aims to establish a total of 1139 Ayushman Arogya Mandirs, ensuring that high-standard primary health services are available to residents in every part of Delhi. World-Class Medical Facilities for AllThe newly launched centers will provide a wide range of medical services including consultations, diagnostics, vaccinations, and maternity care. Shri Sachdeva emphasized that these services will adhere to global standards of healthcare delivery. Clean and Transparent Implementation ModelHighlighting the importance of transparency, the Delhi BJP President noted that these centers are being set up exclusively in government-owned properties. This, he said, eliminates the risk of financial irregularities such as those allegedly seen in the Mohalla Clinics run during the previous Aam Aadmi Party government, where clinics were housed in properties linked to party affiliates. Critique of Previous Healthcare ModelAccording to Shri Sachdeva, the Mohalla Clinics of the former Kejriwal-led government were marred by corruption and lacked adequate medical infrastructure. He criticized the previous model for providing limited treatment in cramped spaces where all patients, regardless of ailment, were seen togethe raising the risk of coss-infection. Towards a Healthier Delhi in 18 MonthsHe concluded by stating that within the next 12 to 18 months, the network of Ayushman Arogya Mandirs would be fully operational, ensuring accessible, modern, and equitable healthcare to every citizen in Delhi.

दिल्ली में 33 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की शुरुआत, भाजपा ने पूरा किया चुनावी वादा: वीरेन्द्र सचदेवा

भाजपा सरकार ने उठाया बड़ा कदमदिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेन्द्र सचदेवा ने राजधानी में 33 आयुष्मान आरोग्य मंदिरों की शुरुआत का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि इससे भाजपासरकार ने अपने चुनावी संकल्प पत्र का एक महत्वपूर्ण वादा निभाने की दिशा में ठोस कदम उठाया है। स्वस्थ भारत की ओर मोदी सरकार की पहलसचदेवा ने कहा कि ये आरोग्य मंदिर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सबको अच्छी और निशुल्क स्वास्थ्य सेवाएं देने की परिकल्पना को साकार करेंगे। इनचिकित्सा केंद्रों में नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार मिलेंगी। 2400 करोड़ की व्यापक योजना का शुभारंभदिल्ली में 1139 आयुष्मान आरोग्य मंदिर खोलने की योजना बनाई गई है, जिसका कुल बजट 2400 करोड़ रुपये से अधिक है। 33 केंद्रों के शुभारंभके साथ इस महत्वाकांक्षी स्वास्थ्य परियोजना की औपचारिक शुरुआत हो चुकी है। भ्रष्टाचार-मुक्त और आधुनिक स्वास्थ्य सेवाएंभाजपा अध्यक्ष ने कहा कि ये स्वास्थ्य केंद्र सरकारी परिसरों में स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे अतीत में मोहल्ला क्लीनिकों पर लगे किराया घोटालेजैसे भ्रष्टाचार के आरोपों की पुनरावृत्ति नहीं होगी। उन्होंने दावा किया कि पूर्ववर्ती केजरीवाल सरकार के मोहल्ला क्लीनिकों में पारदर्शिता की भारीकमी रही और वे अनेक बार स्वास्थ्य मानकों पर खरे नहीं उतरे। मोहल्ला क्लीनिकों पर तीखा प्रहारसचदेवा ने आरोप लगाया कि मोहल्ला क्लीनिक सिर्फ पार्टी कार्यकर्ताओं को लाभ पहुंचाने के लिए खोले गए थे। इन क्लीनिकों में एक छोटे से कमरेमें अलग-अलग बीमारियों के मरीज़ों को बैठाया जाता था, जिससे संक्रमण फैलने की संभावना अधिक रहती थी। ऐसे क्लीनिकों में इलाज से ज्यादास्वास्थ्य जोखिम बढ़ते थे। हर कोने तक पहुंचेगी बेहतर स्वास्थ्य सुविधाउन्होंने आश्वासन दिया कि अगले 12 से 18 महीनों में आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का जाल दिल्ली के हर कोने तक फैलाया जाएगा। इससे समाज के हरतबके को सुलभ, सस्ती और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी।

अमरनाथ यात्रा 2025, सुरक्षा के लिए यात्रा मार्ग बना ‘नो फ्लाइंग जोन’

जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने श्री अमरेश्वर धाम (श्री अमरनाथ गुफा) की वार्षिक तीर्थयात्रा के दौरान सुरक्षा को चाक-चौबंद करने के लिए बड़ा फैसलालिया है। प्रशासन ने 1 जुलाई से 10 अगस्त 2025 तक सम्पूर्ण यात्रा मार्ग को ‘नो फ्लाइंग ज़ोन’ घोषित कर दिया है। इस दौरान आम लोगों द्वाराकिसी भी प्रकार के ड्रोन, यूएवी, या गुब्बारे उड़ाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। केवल सुरक्षा एजेंसियों को निगरानी और राहत कार्यों हेतु ड्रोन के उपयोग कीअनुमति दी जाएगी। सभी मार्ग और शिविर क्षेत्र प्रतिबंधित दायरे मेंसरकारी आदेश के अनुसार, यह निर्णय श्री अमरनाथ यात्रा के दोनों प्रमुख मार्गों—पहलगाम और बालटाल अक्ष—पर लागू होगा। इसके तहत यात्रामार्गों, सभी यात्रियों के शिविरों और उनके आसपास के क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की उड़ान गतिविधि निषिद्ध होगी। हालांकि, आपदा प्रबंधन, मेडिकलइवैक्यूएशन और सुरक्षा बलों की निगरानी जैसी आवश्यक सेवाओं को इस प्रतिबंध से छूट दी गई है। इन अपवादों के लिए एक विस्तृत एसओपीअलग से जारी किया जाएगा। सुरक्षा रणनीति में चेहरा पहचानने वाली तकनीक शामिल22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद तीर्थयात्रियों की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। इस वर्ष, श्रीनगर सेबालटाल और पहलगाम मार्ग पर फेशियल रिकग्निशन सिस्टम (FRS) तैनात किया गया है। यह प्रणाली निगरानी कैमरों से मिली फुटेज के आधारपर संदिग्ध या ब्लैकलिस्टेड व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें पकड़ने में मदद करती है। जैसे ही कोई चिह्नित व्यक्ति सिस्टम में पकड़ा जाता है, अलर्टजारी कर सुरक्षा बलों को सतर्क किया जाता है। सीसीटीवी निगरानी और अतिरिक्त फोर्स की तैनातीहर रूट पर हजारों सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं, जो लगातार निगरानी कर रहे हैं। साथ ही, यात्रा की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती की गई है। यह पूरा सुरक्षा कवच अप्रैल में हुए आतंकी हमले की पृष्ठभूमि में तीर्थयात्रियों की रक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से तैयारकिया गया है।केंद्र सरकार की सिफारिश पर लिया गया निर्णयजम्मू-कश्मीर गृह विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार, केंद्रीय गृह मंत्रालय की सिफारिश पर यह निर्णय लिया गया है। आदेश में यह भी बताया गयाकि यात्रा को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित रूप से संचालित करने के लिए सभी हितधारकों के साथ सुरक्षा स्थिति की समीक्षा कर अतिरिक्त लॉजिस्टिकव्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है। तीर्थयात्रा 3 जुलाई से 9 अगस्त तकइस वर्ष श्री अमरेश्वर धाम की यात्रा 3 जुलाई से आरंभ होकर 9 अगस्त 2025 तक चलेगी। इस दौरान लाखों श्रद्धालुओं के जम्मू-कश्मीर पहुंचने कीसंभावना है, जिसके मद्देनज़र प्रशासन ने यात्रा को सुरक्षित और शांतिपूर्ण रूप से संपन्न कराने के लिए कई सख्त कदम उठाए हैं।

गोपालपुर बीच पर 20 वर्षीय छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म, 10 आरोपी गिरफ्तार

ओडिशा के गंजाम जिले स्थित प्रसिद्ध गोपालपुर बीच पर एक बेहद दर्दनाक घटना घटी। वीकेंड पर अपने बॉयफ्रेंड के साथ वहां पहुंची 20 साल कीछात्रा से 10 युवकों ने सामूहिक दुष्कर्म किया। मोटरसाइकिल सवार बदमाशों ने ली तस्वीरें, दी धमकीपीड़िता के अनुसार, तीन मोटरसाइकिलों पर सवार लगभग दस लोग वहां आए और दोनों की तस्वीरें लेने लगे। उन्होंने तस्वीरें वायरल करने की धमकीदी और जब पीड़िता के बॉयफ्रेंड ने इसका विरोध किया, तो उसके साथ मारपीट की गई। बॉयफ्रेंड को बनाया बंधकआरोपियों ने लड़के के हाथ बांध दिए और लड़की को पास के एक खाली घर में घसीट कर ले गए। वहां पर एक के बाद एक सभी आरोपियों ने युवतीके साथ बलात्कार किया। पीड़िता ने पुलिस में दर्ज कराई शिकायतघटना के बाद पीड़िता और उसका साथी थाने पहुंचे और पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी। शिकायत के आधार पर पुलिस ने घटनास्थल कादौरा किया और आरोपियों की धरपकड़ शुरू कर दी। अब तक दस लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। डिप्टी सीएम की प्रतिक्रिया, जांच के आदेशओडिशा की उपमुख्यमंत्री प्रवती परिदा ने घटना पर गहरी संवेदना जताई है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर लिखा, “गोपालपुर बीच परयुवती से सामूहिक बलात्कार की घटना अत्यंत दुखद है। मैंने एसपी से बात की है और विस्तृत जांच के निर्देश दिए हैं। यह सुनिश्चित किया जाएगा किऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।” सख्त कार्रवाई और सुरक्षा के वादेराज्य सरकार ने घटना को गंभीरता से लेते हुए सख्त कदम उठाने की बात कही है। प्रशासन की ओर से गोपालपुर और अन्य पर्यटक स्थलों पर सुरक्षाबढ़ाने की तैयारी की जा रही है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।