सिद्धारमैया और शिवकुमार के घरों को धमकी देने वाला झूठा ईमेल तमिलनाडु से आया, पुलिस जांच हुई तेज “जानें क्या है पूरा मामला”

कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया और उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार के घरों पर बम की धमकी देने वाला एक झूठा ईमेल मिला था। इसे भेजने वालेतमिलनाडु के व्यक्ति की पहचान के लिए पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, 11 अक्तूबर को तमिलनाडु के डीजीपी को बम कीधमकी भरा एक ईमेल भेजा गया था। इस ईमेल में दावा किया गया था कि कर्नाटक के मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के घरों में चार आरडीएक्स बमऔर कई आईडी उपकरण रखे गए हैं और इन्हें दूर से उड़ा दिया जाएगा। इस सूचना के बाद कर्नाटक पुलिस तुरंत सतर्क हो गई और सुरक्षा उपायअपनाए गए। बंगलूरू पुलिस ने दोनों घरों में बम निरोधक दल के साथ तलाशी अभियान चलाया। हालांकि, पूरी जांच के बाद पाया गया कि यहधमकी ईमेल झूठा था। 11 अक्तूबर को तमिलनाडु के डीजीपी को यह ईमेलहालासुरु गेट पुलिस स्टेशन में इस झूठे ईमेल के भेजने वाले के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 351(4) (आपराधिक धमकी) और 353(1)(b) (सार्वजनिक अशांति फैलाने वाले बयान) के तहत मामला दर्ज किया गया। कर्नाटक के सीएम सिद्धारमैया और डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार केघरों को धमकी देने वाला एक झूठा ईमेल भेजा गया। यह ईमेल तमिलनाडु के एक व्यक्ति ने भेजा था। पुलिस अब उस व्यक्ति को पकड़ने कीकोशिश कर रही है। जानकारी के मुताबिक, 11 अक्तूबर को तमिलनाडु के डीजीपी को यह ईमेल मिला। आरोपी को पकड़ने की कोशिश जारीपुलिस ने बताया कि यह ईमेल आईडी तमिलनाडु के एक व्यक्ति से जुड़ी हुई है और आरोपी को पकड़ने के प्रयास जारी हैं। वरिष्ठ अधिकारी ने कहाकि पिछले कुछ महीनों में ऐसे कई झूठे ईमेल मिल चुके हैं, जिनमें धमकी दी गई होती है, लेकिन बाद में वे झूठे साबित होते हैं। एक विशेष जांच दल(एसआईटी) भी इस तरह के झूठे ईमेल भेजने वालों का पता लगाने के लिए बनाया गया है। एसआईटी झूठे ईमेल भेजने वालों की पहचान कर रही हैऔर आरोपी को पकड़ने की कोशिश जारी है।
भाजपा ने बिहार विधानसभा चुनाव के लिए 71 उम्मीदवारों की पहली लिस्ट जारी, भ्रष्टाचार और जिताऊ चेहरे पर जोर

भाजपा ने आज बिहार विधानसभा चुनाव के लिए 71 उम्मीदवारों की अपनी पहली लिस्ट जारी कर दी। इस लिस्ट को देखते ही भाजपा का बिहारप्लान समझ में आ जाता है। पार्टी ने सामाजिक समीकरणों का ध्यान रखते हुए हर जाति, हर वर्ग के उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है। किसी भी दूसरेसमीकरण की बजाय उम्मीदवारों के केवल जिताऊ होने पर ध्यान दिया है। पार्टी ने केवल साफ-स्वच्छ छवि के नेताओं को अवसर देकर साफ करदिया है कि उसका बड़ा मुद्दा भ्रष्टाचार के विरुद्ध लड़ाई ही रहेगा। भाजपा ने पहली सूची में सभी स्थानीय बड़े नेताओं को अवसर दिया है। सम्राटचौधरी, तारकिशोर और मंगल पांडेय सहित सभी बड़े नेताओं पर दांव लगाया है। विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव का टिकट काटकर पार्टी नेस्पष्ट संकेत दे दिया है कि उम्र को लेकर उसकी नीति आगे चलती रहेगी। पहली सूची में भाजपा ने नौ विधायकों का टिकट काट दिया है। लेकिन नौमहिलाओं को टिकट दिया गया है। श्रेयसी सिंह को जमुई से मैदान में उतारा गयापूर्व केंद्रीय मंत्री दानापुर से मैदान में उतारा गया है। नीरज कुमार बबलू को छातापुर से चुनाव मैदान में उतारा गया है। पूर्व उपमुख्यमंत्री रेणु देवी कोबेतिया और पूर्व उपमुख्यमंत्री तारकिशोर प्रसाद को कटिहार से चुनाव मैदान में उतारा गया है। पहली सूची में यदि नंद किशोर यादव को छोड़ दें तोपार्टी ने अपने सभी दिग्गजों को चुनाव लड़ने के लिए मैदान में उतार दिया है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को तारापुर विधानसभा सीट से और भाजपाके ब्राह्मण चेहरे और नीतीश कुमार सरकार में मंत्री मंगल पांडेय को सिवान से मैदान में उतारा गया है। भाजपा के पिछड़े नेता संजीव चौरसिया कोदीघापुर से और चर्चा में रहने वाली श्रेयसी सिंह को जमुई से मैदान में उतारा गया है। टिकट काटकर पार्टी ने स्पष्ट संकेत दे दियाभाजपा ने केवल जिताऊ समीकरणों को ध्यान में रखते हुए ऐसे चेहरों को भी टिकट दे दिया है जो हाल ही में पार्टी में शामिल हुए थे। केवल तीन दिनपहले पार्टी में शामिल होने वाली रमा देवी को टिकट दे दिया गया है। वे पूर्व सांसद अजय निषाद की पत्नी हैं। इसी तरह 2019 में जनता दलयूनाइटेड के टिकट पर सांसद बने सुनील कुमार पिंटू को सीतामढ़ी से चुनाव में उतारा गया है। वे सीतामढ़ी से ही सांसद हुआ करते थे। भाजपा नेपहली सूची में सभी स्थानीय बड़े नेताओं को अवसर दिया है। सम्राट चौधरी, तारकिशोर और मंगल पांडेय सहित सभी बड़े नेताओं पर दांव लगाया है।विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव का टिकट काटकर पार्टी ने स्पष्ट संकेत दे दिया है कि उम्र को लेकर उसकी नीति आगे चलती रहेगी।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रस्तावित की व्यापक शहरी पुनर्विकास नीति, पारदर्शिता और PPP मॉडल को दिया प्राथमिकता

सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा, प्रदेश के नगरों के तीव्र गति से बदलते विकास स्वरूप को देखते हुए अब एक व्यापक ‘शहरी पुनर्विकास नीति’ कीआवश्यकता है। यह नीति केवल भवनों के पुनर्निर्माण तक सीमित न रहकर शहरों के समग्र पुनर्जागरण का मार्ग प्रशस्त करेगी। हमारे नगर केवलइमारतों का समूह नहीं, बल्कि जीवंत सामाजिक संरचनाएं हैं। इनके पुनर्जीवन के लिए ऐसी नीति आवश्यक है, जो आधुनिकता, परंपरा और मानवतातीनों का संतुलित समन्वय करे। मुख्यमंत्री ने मंगलवार को आवास विभाग की बैठक में कहा, नई नीति का उद्देश्य पुराने, जर्जर और अनुपयोगी क्षेत्रों कोआधुनिक शहरी बुनियादी ढांचे, पर्याप्त सार्वजनिक सुविधाओं और पर्यावरणीय संतुलन के साथ विकसित करना है। नीति में ऐसे प्रावधान किए जाएं, जिनसे निवास योग्य, सुरक्षित, स्वच्छ और सुव्यवस्थित नगरों का निर्माण सुनिश्चित हो।पीपीपी मॉडल को प्राथमिकता दी जाएउन्होंने निर्देश दिए कि नीति में भूमि पुनर्गठन, निजी निवेश को प्रोत्साहन, पारदर्शी पुनर्वास व्यवस्था और प्रभावित परिवारों की आजीविका की सुरक्षाको प्राथमिकता दी जाए। हर परियोजना में ‘जनहित सर्वोपरि’ की भावना हो तथा किसी की संपत्ति या जीविका पर प्रतिकूल प्रभाव न पड़े। इसके लिएन्यायसंगत और मानवीय दृष्टिकोण अपनाया जाए। सीएम योगी ने कहा, नई नीति में राज्य स्तरीय पुनर्विकास प्राधिकरण, परियोजनाओं की सिंगलविंडो अप्रूवल प्रणाली व पीपीपी मॉडल को प्राथमिकता दी जाए। निवेशकों को स्पष्ट दिशा-निर्देश, प्रोत्साहन और सुरक्षा दी जाए, ताकि निजी क्षेत्रपुनर्विकास में सक्रिय भागीदारी कर सके। साथ ही हर परियोजना में हरित भवन मानक, ऊर्जा दक्षता और सतत विकास के प्रावधान अनिवार्य किएजाएं। ऑनलाइन और न्यूनतम मानव हस्तक्षेप वाला होनानगरों की ऐतिहासिक विरासत और सांस्कृतिक पहचान के संरक्षण पर विशेष ध्यान दिया जाए। पुराने बाजारों, सरकारी आवास परिसरों, औद्योगिकक्षेत्रों और अनधिकृत बस्तियों के लिए क्षेत्रवार अलग रणनीति तैयार की जाए। नीति में सेवानिवृत्त सरकारी आवासों, पुरानी हाउसिंग सोसाइटियों वअतिक्रमण प्रभावित क्षेत्रों के पुनर्विकास को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए हैं। सीएम योगी ने कहा, नई नीति का मसौदा जनप्रतिनिधियों, नगरनिकायों और आम नागरिकों से प्राप्त सुझावों के आधार पर अंतिम रूप से तैयार किया जाए और शीघ्र मंत्रिपरिषद के अनुमोदन हेतु प्रस्तुत किया जाए।वर्तमान में सभी प्रकार के भूमि उपयोग आवासीय, व्यावसायिक, औद्योगिक और कृषि पर समान शुल्क दरें लागू हैं, जो व्यावहारिक नहीं हैं। मुख्यमंत्रीने निर्देश दिए कि नई व्यवस्था में स्थान और भूमि उपयोग के आधार पर शुल्क दरों में अंतर रखा जाए। मुख्यमंत्री ने बाह्य विकास शुल्क की गणनाप्रणाली में पारदर्शिता और सरलता लाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था बनाई जाए जिसमें सामान्य व्यक्ति भी बिना किसी परेशानी केस्वयं अपने शुल्क की गणना कर सके। इसके लिए शुल्क निर्धारण का फॉर्मूला स्पष्ट, ऑनलाइन और न्यूनतम मानव हस्तक्षेप वाला होना चाहिए।
बरेली बवाल के मुख्य आरोपी मौलाना तौकीर रजा की न्यायिक हिरासत 14 दिन बढ़ी, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से कोर्ट में पेश

बवाल के मामले में आरोपी मौलाना तौकीर रजा की मंगलवार को वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए सीजेएम अलका पांडेय की कोर्ट में पेशी हुई। तौकीररजा फर्रुखाबाद की फतेहगढ़ जेल में बंद है। वहीं से वह वर्चुअल माध्यम से जुड़ा। बरेली पुलिस ने उसे बवाल का मुख्य आरोपी बताया है। कोर्ट ने मौलाना तौकीर की 14 दिन की न्यायिक हिरासत बढ़ा दी है। अब 28 अक्तूबर को अगली सुनवाई पर कोर्ट ने पेशी के आदेश दिए हैं। कोतवाल अमित पांडेय ने बताया कि बवाल से संबंधित सभी मुकदमों में रिमांड मंजूर कर ली गई है। कोतवाली में दर्ज मुकदमे में मौलाना तौकीरको बवाल का मुख्य आरोपी बताया गया है। अन्य 10 मुकदमों में साजिश रचने का आरोपी है। उधर, सीजेएम कोर्ट में तौकीर के करीबी नदीम, डॉनफीस, नफीस का बेटा और अनीस सकलैनी को पेश किया गया। मौलाना के कई करीबी भी शामिलबरेली में 26 सितंबर (शुक्रवार) को आई लव मोहम्मद के समर्थन में इत्तेहाद-ए-मिल्लत कौंसिल (आईएमसी) के प्रमुख मौलाना तौकीर रजा खां केबुलावे पर भीड़ जुटी थी। मौलाना के नदारद रहने से भीड़ बेकाबू हो गई। पुलिस का दावा है कि भीड़ ने दुकानों और वाहनों में तोड़फोड़ की थी। बेकाबूभीड़ पर काबू पाने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा था। आंसू गैस के गोले दागे गए थे। पुलिस के मुताबिक बवाल में 22 पुलिसकर्मीघायल हुए थे। बवाल के दिन ही शहर के अलग-अलग थानों में पुलिस ने 10 मुकदमे दर्ज किए थे। बाद में एक और मुकदमा लिखा गया। कोतवालीमें दर्ज मुकदमे में मौलाना तौकीर को मुख्य आरोपी बनाया गया है। अन्य मुकदमों में साजिशकर्ता के तौर पर नाम है। बवाल के अगले दिन 27 सितंबरको पुलिस ने तौकीर रजा को गिरफ्तार किया था। सुरक्षा की दृष्टि से मौलाना तौकीर रजा को फतेहगढ़ जेल में रखा गया है। अब तक सौ से अधिकआरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है। इनमें मौलाना के कई करीबी भी शामिल हैं। 14 दिन की न्यायिक हिरासत बढ़ा दीमौलाना तौकीर की गिरफ्तारी के बाद बीडीए और नगर निगम ने आरोपियों और उनके मददगारों पर कार्रवाई की। बीडीए ने आरोपी नफीस के बरातघरको अवैध बताकर पूरी तरह ध्वस्त कर दिया था। मौलाना के करीबी सपा पार्षद के अवैध चार्जिंग स्टेशन पर नगर निगम ने ध्वस्तीकरण की कार्रवाईकी थी। विद्युत निगम ने बिजली चोरी के आरोप में आठ मुकदमे दर्ज किए थे। इसके अलावा तौकीर रजा के करीबी के दो बरातघर, एक होटल औरशरण देने वाले फरहत का मकान सील किया गया है। बीडीए ने कई अन्य अवैध संपत्तियों पर भी सीलिंग की कार्रवाई की है। फतेहगढ़ जेल में बंदमौलाना तौकीर रजा की वीडियो क्रॉन्फ्रेंसिग के जरिए मंगलवार को बरेली कोर्ट में पेशी हुई। पुलिस ने तौकीर रजा को बरेली बवाल का मुख्य आरोपीबताया है। कोर्ट ने उसकी 14 दिन की न्यायिक हिरासत बढ़ा दी है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 1456 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र वितरित किए, सेवा में निष्ठा और पारदर्शिता पर दिया जोर

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज दून मेडिकल कॉलेज में 1456 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिए। इसमें लोक सेवा आयोग के माध्यम से चयनित109 समीक्षा अधिकारी और सहायक समीक्षा अधिकारी व उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के माध्यम से चयनित 1347 सहायक अध्यापक(एल.टी.) शामिल हैं। सीएम ने नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाले सभी अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि यह अवसर नियुक्ति अभ्यर्थियों के जीवनका एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, साथ ही राज्य के उज्ज्वल भविष्य की नींव निर्धारण के लिए भी महत्वपूर्ण है। उन्होंने नवनियुक्त युवाओं से अपने कर्तव्योंका निर्वहन पूरी निष्ठा, पारदर्शिता और समर्पण की भावना के साथ करने की अपेक्षा करते हुए कहा कि अपने कार्य क्षेत्र में उत्कृष्टता के नए मानकस्थापित करेंगे। उनकी सभी न्यायोचित मांगों को मानने का आश्वासन दियामुख्यमंत्री ने कहा, पिछले चार वर्षों में राज्य में 26 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी में सेवायोजित किया जा चुका है। यह संख्या राज्य केगठन के बाद पूर्ववर्ती सरकारों के कार्यकाल में मिली कुल नौकरियों से दो गुना से भी अधिक हैं। आज हमारे युवा पारदर्शी व्यवस्था और मेरिट केआधार पर सरकारी नौकरियों में अवसर पा रहे हैं। हाल ही में हरिद्वार के एक परीक्षा सेंटर पर एक व्यक्ति द्वारा नकल का एक प्रकरण सामने आया था।सरकार ने तुरंत एक्शन लेते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया और मामले की जांच के एसआईटी का गठन किया। युवाओं के हितों की रक्षा के लिए औरयुवाओं की मांग पर सीबीआई जांच की संस्तुति प्रदान कर पेपर को निरस्त करने का भी निर्णय लिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने स्वयं युवाओं केपास धरनास्थल पर जाकर उनकी सभी न्यायोचित मांगों को मानने का आश्वासन दिया। अनिवार्य रूप से दुर्गम क्षेत्रों में सेवाएं देनीशिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा शिक्षा विभाग में नियुक्तियों का सिलसिला लगातार जारी रहेगा जल्द ही बीआरपी, सीआरपी, बेसिकअध्यापकों और चतुर्थ श्रेणी में नियुक्तियां प्रदान की जाएंगी। उन्होंने नियुक्ति प्राप्त करने वाले सभी अध्यापकों से कहा कि सबको दुर्गम क्षेत्रों मेंनियुक्ति प्रदान की जा रही है। कुछ साल सभी को अनिवार्य रूप से दुर्गम क्षेत्रों में सेवाएं देनी है। सीएम ने नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाले सभीअभ्यर्थियों को बधाई देते हुए कहा कि यह अवसर नियुक्ति अभ्यर्थियों के जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, साथ ही राज्य के उज्ज्वल भविष्य की नींवनिर्धारण के लिए भी महत्वपूर्ण है।
मिस्र में गाजा शांति सम्मेलन में ट्रंप ने जताई इटली की पीएम जॉर्जिया मेलोनी की तारीफ, तुर्किये के एर्दोगन ने की मजाकिया अपील

मिस्र के शर्म अल शेख में बीते दिन गाजा युद्ध को खत्म करने के लिए अंतरराष्ट्रीय शांति सम्मेलन में कई देशों के नेता जमा हुए। इस सम्मेलन कीअध्यक्षता अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी ने की। इस कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अमेरिकी राष्ट्रपतिडोनाल्ड ट्रंप ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी की जमकर तारीफ की। वहीं तुर्किये के राष्ट्रपति एर्दोगन ने भी इस दौरान मजाकिया अंदाज मेंदिखे और जॉर्जिया मेलोनी से एक खास अपील करते नजर आए। ट्रंप ने मंच से जॉर्जिया मेलोनी की प्रशंसा की और कहा, ‘हमारे पास एक महिला है, एक युवा महिला जो… मुझे यह कहने की अनुमति नहीं है क्योंकि आमतौर पर अगर आप ऐसा कहते हैं तो यह आपके राजनीतिक करियर का अंतहोता है। फिर भी मैं कहूंगा कि वह एक खूबसूरत युवा महिला हैं!’ ट्रंप ने फिर मेलोनी के लिए कहा कि, ‘वह यहां आना चाहती थीं और वह अद्भुत हैंऔर इटली में लोग उनका बहुत सम्मान करते हैं। वह एक बहुत ही सफल, बहुत ही सफल राजनीतिज्ञ हैं।’ वीडियो सोशल मीडिया पर वायरलइस सम्मेलन में तुर्किये के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी से मजाक में कहा कि अब आपको स्मोकिंग छोड़ देनीचाहिए। बता दें कि, इस दौरान, एक हल्के फुल्के पल में राष्ट्रपति एर्दोगन ने मेलोनी से कहा, ‘आप बहुत अच्छी लग रही हैं, लेकिन मुझे आपकीस्मोकिंग छुड़वानी होगी।’ इस बातचीत का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस दौरान फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों भी पास मौजूदथे और एर्दोगन की यह बात सुनकर जोर से हंसते हुए कहते हैं, ‘यह असंभव है।’ तुर्किये के राष्ट्रपति ने भी मेलोनी से कुछ खास अपीलमिस्र में गाजा शांति समझौते के दौरान मंच पर कई देशों के प्रमुख नेता एक साथ दिखें। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे ट्रंप जब सभी नेताओं कामंच पर स्वागत कर रहे थे। इसी दौरान इतालवी पीएम जॉर्जिया मेलोनी ने एक बार फिर नमस्ते करके सभी ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया है। बतादें कि, मेलोनी जब मंच पर पहुंचती हैं तो राष्ट्रपति ट्रंप उनका हाथ मिलाकर स्वागत करते हैं, इसके बाद दोनों नेता हाथ मिलाते हुए तस्वीर भीखिंचवाते हैं। लेकिन इसके बाद जाते वक्त इतालवी पीएम ट्रंप को नमस्ते करके मंच से जाती है। इस वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल भीहो रहा है।अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने मिस्र में इतालवी पीएम जॉर्जिया मेलोनी की जमकर तारीफ की है तो वहीं एक बार फिर मेलोनी ने अपने ‘नमस्ते’ कहने केअंदाज से सुर्खियां बटोरी है। मिस्र में तुर्किये के राष्ट्रपति ने भी मेलोनी से कुछ खास अपील की। इन सभी का वीडियो तेजी से सोशल मीडिया परवायरल हो रहा है।
दुर्गापुर दुष्कर्म पर सियासी भूचाल ममता सरकार घिरी, बयान पर बढ़ा विरोध

दुर्गापुर सामूहिक दुष्कर्म मामले में पश्चिम बंगाल का राजनीतिक पारा चढ़ा हुआ है और राज्य की ममता बनर्जी सरकार सभी के निशाने पर है। विपक्षीपार्टी भाजपा ने इस मामले को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान भाजपा नेताओं ने ममता सरकार पर गंभीर आरोप लगाए और पीड़ित पक्ष कीबजाय अपराधियों को बचाने का आरोप लगाया। पश्चिम बंगाल के नेता प्रतिपक्ष और भाजपा विधायक सुवेंदु अधिकारी ने कहा कि ‘तृणमूल हटाओ, बेटी बचाओ, यह बंगाल में हर जगह मुख्य नारा है। तृणमूल को जाना चाहिए, उन्होंने पीड़ित परिवार का सहयोग नहीं किया, अब तक मेडिकल रिपोर्टनहीं सौंपी। वे नेता प्रतिपक्ष को डॉक्टर से बात नहीं करने दे रहे हैं। उन्होंने ओडिशा से आ रहे महिला आयोग को रोक दिया। प्राइवेट मेडिकल कॉलेजप्रशासन ने सुबह 8 बजे मुझे फोन किया और कहा कि हम दबाव में हैं, आखिर किसका दबाव? ममता बनर्जी का दबाव, ममता की पुलिस का दबावया ममता के गुंडों का दबाव।’ ममता बनर्जी सरकार और खुद मुख्यमंत्री से आग्रह करतीदुर्गापुर सामूहिक दुष्कर्म मामले पर सीएम ममता बनर्जी के बयान के एक बयान की खूब आलोचना हो रही है। उस पर भाजपा के राष्ट्रीय महासचिवतरुण चुघ ने कहा, ‘ममता बनर्जी का बयान पीड़ादायक, दुर्भाग्यपूर्ण और अपमानजनक है। लड़कियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के बजाय, ममतासरकार अपराधियों को संरक्षण दे रही है। संदेशखली हो, आरजी कर हो या अब दुर्गापुर…। एनसीआरबी के आंकड़ों ने साबित कर दिया है कि बंगालदेश का सबसे असुरक्षित राज्य है।’ भाजपा सांसद बांसुरी स्वराज ने ममता बनर्जी के बयान पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि ‘मुख्यमंत्री ममताबनर्जी दुष्कर्म को सही ठहरा रही हैं। वे कह रही हैं कि महिलाओं को देर रात बाहर न जाएं। बंगाल की टीएमसी सरकार पिछड़ी सोच का पर्याय बनगई है।’ उन्होंने कहा कि ‘मैं ममता बनर्जी से पूछना चाहती हूं, वो ‘मां, माटी, मानुष’ के नारे लगाती हैं। लेकिन आपकी संवेदनहीनता, कुशासन औरपिछड़ी मानसिकता के कारण आज बंगाल में ‘मां’ शर्मिंदा है, ‘माटी’ लहूलुहान है और ‘मानुष’ बदहाल है। मैं ममता बनर्जी सरकार और खुद मुख्यमंत्रीसे आग्रह करती हूं कि दुष्कर्म को जायज ठहराना बंद करें और पीड़िता को न्याय दिलाएं।’ अपनी सुरक्षा भी करनी होगीबंगाल सीएम ममता बनर्जी ने दुर्गापुर में MBBS छात्रा के साथ कथित सामूहिक दुष्कर्म मामले पर कहा, ‘बंगाल में जीरो टॉलरेंस है, हम यहां इसेबिल्कुल बर्दाश्त नहीं करते हैं। मैं बाहर से यहां पढ़ने आने वाले छात्रों से भी अनुरोध करती हूं कि वे रात में बाहर न जाएं। निजी कॉलेज का भी एकदायित्व है कि छात्रों का ध्यान रखें। घटना निंदनीय है लेकिन जो लोग हॉस्टल में रहते हैं, उनका एक सिस्टम होता है। मैंने पुलिस से सख्त कार्रवाईकरने को कहा है। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा।’ ममता बनर्जी ने कहा, ‘वह (पीड़िता) एक निजी मेडिकल कॉलेज में पढ़ रही थी। इसकीजिम्मेदारी किसकी है? वह रात के 12:30 बजे कैसे बाहर आई? लड़कियों को रात में (कॉलेज से) बाहर नहीं जाने देना चाहिए। उन्हें अपनी सुरक्षा भीकरनी होगी। वहां जंगल है। पुलिस सभी लोगों की तलाशी ले रही है।’
भारत-कनाडा रिश्तों को मिलेगी रफ्तार, PM मोदी से मुलाकात में अनीता आनंद ने रखे सहयोग के मुद्दे

कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। पीएम मोदी ने कहा कि उनका दौरा दोनों देशों के बीचद्विपक्षीय साझेदारी को गति देगा। प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने एक बयान में कहा गया कि पीएम मोदी ने विदेश मंत्री आनंद का स्वागत कियाऔर बताया कि उनका यह दौरा द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊर्जा देगा। इस साल मई में कनाडा की विदेश मंत्री बनने के बाद अनीता आनंद की यहपहली भारत यात्रा है। पीएमओ के मुताबिक, प्रधानमंत्री मोदी ने जून में जी-7 सम्मेलन के दौरान अपने कनाडा दौरे की चर्चा की, जिसमें उन्होंनेकनाडाई प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के साथ ‘बेहद उत्पादक’ मुलाकात की थी। पीएमओ ने कहा कि प्रधानमंत्री ने कहा कि दोनों देशों के बीच व्यापार, ऊर्जा, तकनीक, कृषि और जन‑जन संबंधों में सहयोग को बढ़ाना महत्वपूर्ण है। मोदी ने कार्नी को अपनी शुभकामनाएं दीं और कहा कि वह आगे कीबैठकों की उम्मीद करते हैं। अच्छे तरीके से कैसे साकार किया जा सकताइससे पहले अनीता आनंद ने अपने भारतीय समकक्ष एस जयशंकर के साथ बैठक की। बैठक में भारत के जयशंकर ने कहा, हमारी आज की बैठक 26 मई को हुई हमारी टेलीफोन पर बातचीत के बाद से लगातार रचनात्मक चर्चाओं का हिस्सा है। भारत-कनाडा द्विपक्षीय संबंध पिछले दो महीनों मेंलगातार आगे बढ़े हैं। हम अपनी साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए जरूरी तंत्रों को फिर से शुरू करने और उन्हें मजबूत करने पर काम कर रहे हैं।जयशंकर ने कहा, जैसा कि प्रधानमंत्री मोदी ने कनानास्किस में प्रधानमंत्री कार्नी से मुलाकात के दौरान कहा था कि भारत का दृष्टिकोण एकसकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने का है। आज सुबह आपने प्रधानमंत्री से मुलाकात की और उनसे व्यक्तिगत रूप से हमारे सहयोग के दृष्टिकोण केबारे में सुना और यह भी जाना कि उसे सबसे अच्छे तरीके से कैसे साकार किया जा सकता है। कई ऐसे मुद्दों को शामिल किया जाएगाजयशंकर ने कहा, हम दोनों पक्षों ने आज की बैठक के लिए एक महत्वाकांक्षी रोडमैप तैयार किया है, जिससे हमारे सहयोग को विभिन्न क्षेत्रों में बढ़ावामिलेगा, जिनमें व्यापार, निवेश, कृषि, विज्ञान और तकनीक, सिविल न्यूक्लियर सहयोग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, महत्वपूर्ण खनिज और ऊर्जाशामिल हैं। मुझे खुशी है कि दोनों उच्चायुक्तों ने संबंधित राजधानियों में अपनी जिम्मेदारियां संभाल ली हैं और आज की बैठकों में भाग ले रहे हैं। वहींआनंद ने कहा, नमस्ते, इस सुबह हमें जो गर्मजोशी से स्वागत मिला, उसके लिए बहुत-बहुत धन्यवाद। हमें यह अवसर मिला कि हम आज यहां नईदिल्ली में आपके साथ कनाडा-भारत संबंधों को आगे बढ़ा सकें, इसके लिए हम बेहद आभारी हैं। सबसे पहले, मैं आपको उन बातचीत के लिएधन्यवाद देना चाहती हूं, जो हमारे बीच 13 मई के बाद से हुई हैं, जब मैं कनाडा की विदेश मंत्री नियुक्त की गई थी। साथ ही, प्रधानमंत्री कार्नी कोयह खुशी थी कि उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी का कनानास्किस में हुए जी7 सम्मेलन में स्वागत किया, जहां दोनों नेताओं के बीच एक सार्थक द्विपक्षीयवार्ता हुई, जिसने आज की हमारी चर्चा का मार्गदर्शन किया है। आज, हम भारत-कनाडा संयुक्त बयान पर चर्चा करेंगे, जिसमें ऐसे कई ऐसे मुद्दों कोशामिल किया जाएगा जो हमारे द्विपक्षीय संबंधों को और ऊंचा उठाने के काम को आगे बढ़ाने में मदद करेंगे।
तेजस्वी का पलटवार चुनाव आते ही याद आता है केस, लड़ाई कोर्ट में लड़ेंगे जानें क्या कुछ कहा

आईआरसीटीसी घोटाला में राष्ट्रीय जनता दल के सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और उनके बेटे तेजस्वी यादव पर राउज और एवेन्यू कोर्ट में आरोप तयहोने के मामले पर बिहार में सियासत गरमा गई है। आईआरसीटीसी घोटाले में तेजस्वी यादव ने कहा कि हम इस मामले में लड़ाई लड़ेंगे। हम शुरू सेकहते आ रहे हैं कि जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आएंगे, ऐसे-ऐसे मामले सामने आएंगे। हम अदालत के फैसले का सम्मान करते हैं और इस केस कोलड़ेंगे। बिहार की जनता समझदार है, उन्हें सब पता है कि क्या हो रहा है। यह सब राजनीतिक बदले की कार्रवाई है। जिस व्यक्ति ने रेलवे को 90 हजार करोड़ रुपये का मुनाफा दिलाया, जिसने हर बजट में किराया घटाया, जो ऐतिहासिक रेल मंत्री रहे। उसी व्यक्ति को आज निशाना बनाया जा रहाहै। हार्वर्ड और आईआईएम के छात्र लालू जी से मैनेजमेंट सीखने आते थे। उन्हें ‘मैनेजमेंट गुरु’ कहा जाता है। बिहार और देश की जनता सच्चाईजानती है। जब तक मैं जिंदा हूं, भाजपा के खिलाफ लड़ाई लड़ता रहूंगा। दोबारा सत्ता में नहीं देखना चाहतीराष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के नेताओं ने लालू परिवार पर जमकर हमला बोला। जदयू के मुख्य प्रवक्ता कहां कि लालू परिवार पर 420 और 120 बीका आरोप लगना स्वाभाविक है। लाल यादव ने अपने बड़े भाई के परिजन को नौकरी दी और फुलवरिया में जमीन बिकवा दिया। और राबड़ी देवी केचाचा के परिवार को नौकरी दिया तो भी जमीन लिखवा ली। नीरज कुमार ने कहा कि यह तो स्वाभाविक प्रक्रिया है यह न्याय हुआ है। अब लालूपरिवार की दुर्गति निश्चित है।एमएलसी नीरज कुमार ने तेजस्वी यादव से सवाल पूछा कि अगर आपका नाम पर संपत्ति थी तो अपने इसे सार्वजनिक क्यों नहीं किया? न्यायपालिकाको आप चुनाव से जोड़ रहे हैं तो आपके वकील ने जिरह क्यों नहीं किया? आपके घटक दल के लोग टाइमिंग पर सवाल उठा रहे हैं। लेकिन, लेकिनआपने घोटाला करके जितनी संपत्ति अर्जित की उसके बारे में क्यों नहीं बता रहे हैं। आज कोर्ट ने फिर से न्याय किया है। वह भाजपा प्रवक्ता इस देशका कानून सबसे ऊपर है। कोई कितनी बड़ी भी हस्ती हो कानून सबके लिए बराबर है। आज उन पर आरोप भी तय किए गए हैं, वह न्याय हुआ है।बिहार की जनता ऐसे परिवारवादी, वंशवादी, भ्रष्टाचारी परिवार को बिहार में दोबारा सत्ता में नहीं देखना चाहती। हम मांग करते हैं कि उन्हें करी से करीसजा दी जाए। राउज एवेन्यू कोर्ट ने लालू यादव के खिलाफ भ्रष्टाचारराउज एवेन्यू कोर्ट ने राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजस्वी यादव के खिलाफ भारतीयरेलवे खानपान और पर्यटन निगम (IRCTC) घोटाले से संबंधित एक मामले में भ्रष्टाचार, आपराधिक साजिश और धोखाधड़ी के आरोप तय किए हैं।विशेष न्यायाधीश (पीसी एक्ट) विशाल गोगने ने इस मामले में सोमवार को यह आदेश पारित किया। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने आरोप लगायाहै कि लालू यादव, जो 2004 से 2009 तक रेल मंत्री रहे, ने अपनी स्थिति का दुरुपयोग करते हुए निजी कंपनी सुजाता होटल्स को रांची और पुरी मेंदो आईआरसीटीसी होटलों के पट्टे के लिए अनुचित तरीके से ठेके दिए। राउज एवेन्यू कोर्ट ने लालू यादव के खिलाफ भ्रष्टाचार और आपराधिकसाजिश के आरोप तय किए, जबकि राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव पर भी साजिश और धोखाधड़ी के कई अपराधों के आरोप लगाए गए हैं। लालूप्रसाद यादव, राबड़ी यादव और तेजस्वी यादव तीनों ने आरोपों को स्वीकार करने से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि वो ट्रायल का सामना करेंगे।
IRCTC घोटाले में लालू-राबड़ी-तेजस्वी पर लगे भ्रष्टाचार और धोखाधड़ी के आरोप, कोर्ट में मुकदमे का करेंगे सामना

राउज एवेन्यू कोर्ट ने राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजस्वी यादव के खिलाफ भारतीयरेलवे खानपान और पर्यटन निगम (IRCTC) घोटाले से संबंधित एक मामले में भ्रष्टाचार, आपराधिक साजिश और धोखाधड़ी के आरोप तय किए हैं।विशेष न्यायाधीश (पीसी एक्ट) विशाल गोगने ने इस मामले में सोमवार को यह आदेश पारित किया। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने आरोप लगायाहै कि लालू यादव, जो 2004 से 2009 तक रेल मंत्री रहे, ने अपनी स्थिति का दुरुपयोग करते हुए निजी कंपनी सुजाता होटल्स को रांची और पुरी मेंदो आईआरसीटीसी होटलों के पट्टे के लिए अनुचित तरीके से ठेके दिए। वे मुकदमे का सामना करेंगेइतना ही नहीं इसके बदले में, उनकी पत्नी राबड़ी देवी और बेटे तेजस्वी यादव से जुड़ी एक कंपनी को बाजार मूल्य से काफी कम कीमत पर करोड़ों कीजमीन हस्तांतरित की गई। कोर्ट ने लालू यादव के खिलाफ भ्रष्टाचार और आपराधिक साजिश के आरोप तय किए, जबकि राबड़ी देवी और तेजस्वीयादव पर भी साजिश और धोखाधड़ी के कई अपराधों के आरोप लगाए गए हैं। लालू प्रसाद यादव, राबड़ी यादव और तेजस्वी यादव तीनों ने आरोपोंको स्वीकार करने से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि वो ट्रायल का सामना करेंगे। दिल्ली की कोर्ट ने आरोपियों के खिलाफ उनकी कथित भूमिका केआधार पर अलग-अलग धाराओं में आरोप तय किए थे। राबड़ी देवी और तेजस्वी यादव पर धोखाधड़ी और षड्यंत्र रचने के अपराध के लिए आईपीसीकी धारा 420 और 120बी के तहत आरोप लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि वे मुकदमे का सामना करेंगे। कोर्ट ने अलग-अलग धाराओं के तहत आरोपतय किए हैं। हालांकि, सभी आरोपियों पर आपराधिक षड्यंत्र रचने का आरोप है। लालू प्रसाद यादव ने खुद को निर्दोष बताया है और उनका कहना हैकि वे मुकदमे का सामना करेंगे। तेजस्वी यादव और अन्य के खिलाफ आरोप तयबीती 24 सितंबर को विशेष न्यायाधीश विशाल गोगने ने पूर्व रेल मंत्री लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी व बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, उनकेबेटे व पूर्व उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव सहित अन्य आरोपियों को उक्त तारीख पर पेश होने का निर्देश दिया था। अदालत ने मामले में सभी पक्षों कीदलीलें सुनने के बाद 29 मई को अपना निर्णय सुरक्षित रख लिया था। यह मामला 2004 से 2009 के बीच रेल मंत्री के रूप में लालू प्रसाद यादवके कार्यकाल के दौरान आईआरसीटीसी होटलों के रखरखाव के ठेकों के आवंटन में भ्रष्टाचार के आरोपों से संबंधित है। वहीं दूसरी तरफ दिल्ली कीराउज एवेन्यू कोर्ट में आज लैंड फॉर जॉब मामले में फैसला टल गया है। इस मामले में आज लालू यादव, तेजस्वी यादव और अन्य के खिलाफ आरोपतय होने थे। अब 10 नवंबर को आरोप तय होंगे।