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एपस्टीन फाइल्स का नया खुलासा: ट्रंप पर विदेशी दबाव और कुशनर के कथित रूसी कनेक्शन को लेकर गंभीर दावे

अमेरिका के न्याय विभाग ने बहुचर्चित एपस्टीन फाइल्स के एक और बैच को जारी कर दिया है। इस खेप में 30 लाख दस्तावेज के साथ 1.80 लाख फोटो और 2 हजार वीडियो शामिल है। शुक्रवार (31 जनवरी) को प्रकाशित किए गए दस्तावेजों में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लेकर कई गंभीर और सनसनीखेज आरोप सामने आए हैं। जिसके बाद हड़कंप मचना तय माना जा रहा है।जेफरी एपस्टीन से जुड़ी फाइलों के नवीनतम बैच में सामने आए आरोपों पर एफबीआई की एक रिपोर्ट में ‘विश्वसनीय’ गोपनीय सूत्रों के हवाले से दावा किया गया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर इस्राइल का दबाव था यानी इस्राइल के साथ समझौता किया गया। इतनी ही नहीं ट्रंप अपने एक करीबी शख्स के इतने जाल में थे कि उनके पहले कार्यकाल के दौरान ट्रंप के कारोबार और राष्ट्रपति के कामकाज दोनों पर बहुत ज्यादा दखल था। अमेरिकी परियोजनाओं में लगाया गया थाजिस शख्स के बारे में बताया गया है, वो ट्रंप के दामाद जैरेड कुशनर हैं। इस विस्फोटक दस्तावेज में यह भी दावा किया गया है कि कुशनर के परिवार के भ्रष्टाचार, रूसी धन प्रवाह और कट्टर यहूदी चबाड नेटवर्क से संबंध थे। रिपोर्ट में कुशनर के पारिवारिक इतिहास के बारे में बताया, जिसमें कहा गया कि उनके पिता को पहले वित्तीय आरोपों में दोषी ठहराया गया था, लेकिन बाद में उन्हें ट्रंप से राष्ट्रपति क्षमादान मिला। रिपोर्ट में दावा किया गया कि कुशनर ने रूसी निवेश की बड़ी रकम को इधर-उधर स्थानांतरित किया और रूसी राज्य से जुड़े संस्थानों से संबंधित हितों का ठीक से खुलासा नहीं किया। इसी के साथ रियल एस्टेट निवेश प्लेटफॉर्म कैडर में कुशनर की हिस्सेदारी को चिंता का विषय बताया गया है और सूत्र ने सवाल उठाया है कि क्या रूसी धन को बिचौलियों के माध्यम से अमेरिकी परियोजनाओं में लगाया गया था।

व्हाइट हाउस प्रेस ब्रीफिंग में हाई-वोल्टेज ड्रामा: पत्रकार को कहा वामपंथी, सवाल-जवाब के बीच भड़की तीखी नोकझोंक

व्हाइट हाउस में प्रेस ब्रीफिंग के दौरान तीखी नोकझोंक देखने को मिली। गुरुवार, 15 जनवरी को हुई ब्रीफिंग में प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट और द हिल के एसोसिएट एडिटर नायल स्टैनज के बीच माहौल उस वक्त तनावपूर्ण हो गया, जब स्टैनेज ने इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) से जुड़े मुद्दों पर लगातार कड़े सवाल दागे। सवालों से असहज दिखीं लेविट ने पत्रकार के रुख पर नाराजगी जाहिर करते हुए उन्हें (वामपंथी कार्यकर्ता) लेफ्ट-विंग एक्टिविस्ट तक कह डाला। व्हाइट हाउस प्रेस ब्रीफिंग में काफी तनावपूर्ण मोड़ पर पहुंच गई, जब पत्रकार नायल स्टैनेज ने आईसीई पर सवाल उठाते हुए कहा कि पिछले साल ICE की हिरासत में 32 लोगों की मौत हुई, यह संख्या एजेंसी के लिए पिछले दो दशकों में सबसे ज्यादा दर्ज की गई थी। इसके अलावा, उन्होंने कहा कि एक एजेंट ने रिनी गुड को गोली मारी और उनकी मौत हो गई, और कई अमेरिकी नागरिकों को गलत तरीके से हिरासत में लिया गया। तथ्यों के बजाय अपनी विचारधारा को बढ़ावा दे रहास्टैनेज ने पूछा कि ऐसे में कैसे माना जा सकता है कि ICE सबकुछ सही ढंग से कर रहा है। लेविट ने उन्हें रोकते हुए कहा कि रिनी गुड दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण रूप से क्यों मारी गई? जब स्टैनेज ने जवाब में कहा कि ICE एजेंट ने बेपरवाह व्यवहार किया, तो लेविट ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने स्टैनेज को पक्षपाती रिपोर्टर, वामपंथी कार्यकर्ता कहा और आरोप लगाया कि वह तथ्यों के बजाय अपनी विचारधारा को बढ़ावा दे रहा है। लेविट ने कहा कि हां, क्योंकि आप वामपंथी हैं। आप रिपोर्टर ही नहीं हैं। आपको यहां बैठना भी नहीं चाहिए। उन कहानियों को तक पढ़ा नहींब्रीफिंग के बाद लेविट ने फिर सवाल किया कि क्या स्टैनेज के पास गैरकानूनी अप्रवासियों द्वारा मारे गए अमेरिकी नागरिकों की संख्या के बारे में जानकारी है, और तर्क दिया कि आईसीई उन लोगों को हटाने की कोशिश कर रहा है जो अमेरिका में अवैध रूप से हैं। उन्होंने कहा कि मुझे यकीन है कि आपके पास वे आंकड़े नहीं हैं। मुझे यकीन है कि आपने उन कहानियों को तक पढ़ा नहीं है। लेविट ने पत्रकारों पर आरोप लगाया कि मीडिया में ऐसे लोग हैं जिनकी दृष्टि पक्षपाती और विकृत है, और जो खुद को ईमानदार पत्रकार का ढोंग कर रहे हैं।