प्रधानमंत्री मोदी ने INSV कौंडिन्य की टीम को नए साल से पहले दी विशेष शुभकामनाएं, भारत की समुद्री विरासत को बनाया गौरव

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नए साल से पहले भारतीय नौसेना के ऐतिहासिक नौकायन पोत INSV कौंडिन्य की टीम का उत्साह बढ़ाया है। पीएम मोदी ने समुद्र में यात्रा कर रही टीम की एक तस्वीर सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर साझा करते हुए उनके जोश और समर्पण की सराहना की। प्रधानमंत्री ने लिखा कि आईएनएसवी कौंडिन्य की टीम से यह तस्वीर पाकर उन्हें बेहद खुशी हुई है। उन्होंने कहा कि जैसे ही देश वर्ष 2026 में प्रवेश करने जा रहा है, समुद्र के बीच इस ऐतिहासिक अभियान पर निकली टीम को उनकी विशेष शुभकामनाएं हैं और आशा है कि आगे की यात्रा भी सफलता और आनंद से भरी होगी। आईएनएसवी कौंडिन्य को सोमवार को गुजरात के पोरबंदर से ओमान के लिए रवाना किया गया था। इस अवसर पर पश्चिमी नौसेना कमान के प्रमुख वाइस एडमिरल कृष्णा स्वामीनाथन मौजूद रहे। साथ ही भारत में ओमान के राजदूत ईसा सालेह अल शिबानी भी इस ऐतिहासिक क्षण के साक्षी बने। मिशन को और अधिक प्रेरणादायक बना दियारक्षा मंत्रालय के अनुसार, आईएनएसवी कौंडिन्य भारत की प्राचीन समुद्री परंपराओं से प्रेरित एक अनोखा पोत है। यह पूरी तरह लकड़ी से बना है और इसे पारंपरिक स्टिच्ड-प्लैंक तकनीक से तैयार किया गया है। आधुनिक जहाजों के विपरीत, इसके लकड़ी के तख्तों को नारियल की रस्सियों से सिला गया है और प्राकृतिक रेज़िन से सील किया गया है। यह तकनीक कभी भारत के तटीय क्षेत्रों और हिंद महासागर क्षेत्र में व्यापक रूप से प्रचलित थी। आईएनएसवी कौंडिन्य इतिहास, कारीगरी और आधुनिक नौसैनिक कौशल का दुर्लभ संगम है, जो भारत की समृद्ध समुद्री विरासत को दुनिया के सामने प्रस्तुत करता है। आईएनएसवी कौंडिन्य की यह यात्रा केवल एक नौसैनिक अभियान नहीं, बल्कि भारत और ओमान के बीच ऐतिहासिक समुद्री संबंधों की भी याद दिलाती है। पीएम मोदी की शुभकामनाओं ने इस मिशन को और अधिक प्रेरणादायक बना दिया है, जो नए साल में भारत की सांस्कृतिक और समुद्री पहचान को वैश्विक मंच पर मजबूत करेगा।