बंगाल में ऐप कैब ड्राइवरों का फूटा गुस्सा, किराया नियंत्रण की मांग तेज, पेट्रोल-डीजल महंगा होने से बढ़ा संकट

पश्चिम बंगाल में एप-आधारित कैब ऑपरेटरों के संगठन ने राज्य परिवहन विभाग से किराए को विनियमित करने की पुरजोर अपील की है। संगठन ने लगातार बढ़ती ईंधन की कीमतों और ऑनलाइन कैब कंपनियों की ओर से सर्ज प्राइसिंग यानी किराया बढ़ोतरी के जरिए किए जा रहे कथित शोषण का हवाला दिया है। परिवहन विभाग के प्रधान सचिव को सौंपे गए पत्र में ‘ऑनलाइन कैब ऑपरेटर्स गिल्ड’ ने राज्य में एप-आधारित टैक्सी किरायों के तत्काल नियमन और पुनर्गठन की मांग उठाई है।गिल्ड के सचिव इंद्रनील बनर्जी ने बताया कि पेट्रोल, डीजल और सीएनजी की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी ने वाणिज्यिक वाहनों की परिचालन लागत को काफी बढ़ा दिया है। इससे ऑनलाइन टैक्सी सेवा प्लेटफार्मों से जुड़े ड्राइवरों पर भारी वित्तीय दबाव पड़ रहा है। गौरतलब है कि महज एक हफ्ते के भीतर ईंधन की कीमतों में दो बार संशोधन किया गया है। संगठन ने अपने पत्र में कहा कि वाणिज्यिक वाहनों की परिचालन लागत में बेतहाशा वृद्धि हुई है, जिससे अपनी बुनियादी आजीविका के लिए संघर्ष कर रहे कैब ड्राइवरों पर असहनीय बोझ पड़ रहा है। प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गईएप-आधारित कैब ऑपरेटरों के संगठन ने आरोप लगाया कि व्यस्त समय, खराब मौसम और अधिक मांग के दौरान कंपनियां सर्ज प्राइसिंग के नाम पर यात्रियों से मनमाना किराया वसूलती हैं। इसके विपरीत, ड्राइवरों को मिलने वाला हिस्सा बेहद कम रहता है। गिल्ड के अनुसार, कंपनियां मांग बढ़ने पर यात्रियों से मूल किराए का दो से तीन गुना तक वसूल लेती हैं। संगठन ने मांग की है कि बुनियादी किराए को ईंधन की कीमतों से जोड़ा जाए, सर्ज प्राइसिंग की एक वैधानिक सीमा तय हो और विभिन्न श्रेणियों, जैसे हैचबैक, सेडान, एसयूवी के लिए न्यूनतम और अधिकतम प्रति किलोमीटर दर निर्धारित की जाए।गिल्ड ने ड्राइवरों को कुल किराए का उचित हिस्सा मिलना सुनिश्चित करने के लिए एक ऑडिट व्यवस्था की भी मांग की है। उनका कहना है कि एक सुव्यवस्थित कैब इकोसिस्टम से यात्रियों को पारदर्शी किराया मिलेगा और ड्राइवरों को सम्मानजनक आजीविका मिल सकेगी। इस बीच, ईरान संघर्ष के चलते वैश्विक कच्चे तेल की कीमतों में आए उछाल के कारण सरकारी तेल कंपनियों के घाटे को कम करने के लिए मंगलवार को पेट्रोल और डीजल के दाम में 90 पैसे प्रति लीटर की बढ़ोतरी की गई। इससे पहले शुक्रवार को भी कीमतों में तीन रुपये प्रति लीटर की वृद्धि की गई थी, जो चार साल से अधिक समय में पहला संशोधन था।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ानों की शुरुआत तय, 15 जून 2026 से कमर्शियल फ्लाइट्स होंगी शुरू

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट ने शुक्रवार को आधिकारिक घोषणा करते हुए जानकारी दी है कि यहां से 15 जून 2026 से व्यावसायिक विमान सेवाएं शुरू होंगी। पहली कमर्शियल फ्लाइट इंडिगो द्वारा संचालित की जाएगी। इसके तुरंत बाद अकासा एयर और एयर इंडिया एक्सप्रेस भी अपनी सेवाएं शुरू करेंगे। यही वजह है कि एयरपोर्ट प्रबंधन जून के मध्य तक उड़ान शुरू होने की बात कह रहा है। यीडा व नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (नायल) के सीईओ राकेश कुमार सिंह का कहना है कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कॉमर्शियल सेवाएं शुरू हो सकें। इसके लिए हर संभव प्रयास यापल और नायल के स्तर पर किया जा रहा है। एयरपोर्ट से उड़ान शुरू करने के लिए वर्तमान में करीब 70 फ्लाइट के प्रस्ताव पूर्व में मिल चुके हैं। इससे कमोबेश सभी प्रमुख शहरों के लिए उड़ान यहां से शुरू होनी हैं। इंडिगो के अलावा अकासा एयर, एयर इंडिया एक्सप्रेसवे के भी प्रस्ताव इन उड़ान के लिए हैं। जल्दी ही उड़ान यहां से शुरू हो सकेंगीं। लाख करोड़ रुपये की आय वाला केंद्र बनेगा28 मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों उद्घाटन हो चुका है। यहां घरेलू और कार्गो टर्मिनल बनकर तैयार है। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय टर्मिनल का काम जारी है। प्रथम चरण में एयरपोर्ट को 1334 हेक्टेयर में पूरा किया गया है। इसमें 3900 मीटर लंबा पहला रनवे, यात्री टर्मिनल, एटीसी, कार्गो हब शामिल है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट यात्रियों को विश्वस्तरीय सुविधाएं देने के साथ सरकार की आय का बड़ा स्रोत बनने जा रहा है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (नायल) को प्रति यात्री लगभग 496 रुपये की आय होगी। अनुमान है कि अगले 30 वर्षों में इस एयरपोर्ट से कुल कमाई एक लाख करोड़ रुपये तक पहुंच सकती है। एयरपोर्ट परियोजना के चलते आसपास के क्षेत्रों में जमीन की मांग तेजी से बढ़ी है। यीडा के सीईओ आरके सिंह ने बताया कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के साथ यमुना सिटी क्षेत्र का तेजी से विकास हुआ है। केवल जमीन लेकर काम न करने वाली इकाइयों पर सख्ती के अप्रत्याशित सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस यह एयरपोर्ट वर्ष 2060-61 तक एक लाख करोड़ रुपये की आय वाला केंद्र बनेगा।
दिल्ली से Somnath Temple तक मुफ्त यात्रा! 1300 श्रद्धालुओं के लिए स्पेशल ट्रेन रवाना

दिल्ली सरकार सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के तहत 1300 श्रद्धालुओं को मुफ्त में सोमनाथ धाम की यात्रा कराएगी। इसके लिए 30 अप्रैल को राजधानी से एक विशेष ट्रेन रवाना होगी। यात्रा में शामिल होने के इच्छुक लोग अपने-अपने क्षेत्र के विधायक से संपर्क कर सकते हैं। दिल्ली सरकार सोमनाथ स्वाभिमान पर्व सोमनाथ यात्रा आयोजित करने जा रही है। इस पहल के तहत 30 अप्रैल को सफदरजंग रेलवे स्टेशन से 1300 श्रद्धालुओं को लेकर एक विशेष ट्रेन गुजरात के सोमनाथ धाम के लिए रवाना होगी। मुख्यमंत्री खुद इस ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगी। यह यात्रा 1000 वर्षों की अखंड आस्था थीम पर आधारित है और इसका मकसद लोगों को अपनी सांस्कृतिक और आध्यात्मिक जड़ों से जोड़ना है। यात्रा पूरी तरह निशुल्क होगी। पूरी व्यवस्था गुजरात सरकार की ओर से की जाएगीयह ट्रेन 30 अप्रैल को दिल्ली से रवाना होकर अगले दिन सुबह सोमनाथ पहुंचेगी। इसके बाद 1, 2 और 3 मई को श्रद्धालु भगवान शिव के ज्योतिर्लिंग सोमनाथ मंदिर के दर्शन करेंगे और आसपास के अन्य प्रमुख मंदिरों में भी पूजा-अर्चना का अवसर मिलेगा। यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं के ठहरने, भोजन, पेयजल और अन्य जरूरी सुविधाओं की पूरी व्यवस्था गुजरात सरकार की ओर से की जाएगी। मुख्यमंत्री ने इसके लिए गुजरात सरकार का आभार भी जताया है।
दिल्ली में बढ़ती गर्मी पर एलजी सख्त, एक हफ्ते में हीट एक्शन प्लान लागू करने के निर्देश

दिल्ली में बढ़ती गर्मी को देखते हुए उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने तैयारियों की समीक्षा की और अधिकारियों को एक हफ्ते के भीतर ठोस कदम जमीन पर उतारने के निर्देश दिए। राजधानी में तेज होती गर्मी और हीट एक्शन प्लान 2026 का जमीन पर पालन नहीं होता देख एलजी ने संज्ञान लिया है। प्लान में शामिल तैयारियों पर प्रशासन ने अब तक शायद अमल नहीं किया है। हीट वेब से सबसे ज्यादा तकलीफ बाहर काम करने वाले मजदूरों को हो रही है। बेसहारा पशु पक्षी भी तकलीफ में हैं। इनकी राहत के लिए जमीन पर कोई कार्यवाही अब तक नजर नहीं आ रही है। ‘ जरूरी इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा गयासोमवार को हीटवेव को लेकर दिल्ली के उपराज्यपाल ने सभी संबंधित विभागों और एजेंसियों के साथ उच्चस्तरीय बैठक की। बैठक में दिल्ली की तैयारियों की समीक्षा की गई और साफ निर्देश दिए गए कि हीट एक्शन प्लान को एक हफ्ते के भीतर प्रभावी तरीके से जमीन पर लागू किया जाए। उपराज्यपाल ने कहा कि जिला मजिस्ट्रेट इस पूरे अभियान में अहम भूमिका निभाएं और अपने-अपने क्षेत्रों में समन्वय के साथ काम करें। उन्होंने खास तौर पर महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों और मजदूरों जैसे संवेदनशील वर्गों की सुरक्षा पर जोर दिया। सार्वजनिक स्थानों पर गर्मी से राहत देने के लिए जरूरी इंतजाम सुनिश्चित करने को कहा गया है।
Swati Maliwal का बड़ा हमला—AAP छोड़ी, बोलीं केजरीवाल ने किया धोखा

राज्यसभा सांसद स्वाति मालीवाल ने एक इंटरव्यू में आम आदमी पार्टी और अरविंद केजरीवाल पर जमकर हमला बोला है। स्वाति मालीवाल ने कहा कि मैंने आप छोड़ दी है और भाजपा में शामिल हो गई हूं। मालीवाल ने रचनात्मक राजनीति करने के इच्छुक सभी लोगों से भाजपा में शामिल होने की अपील की। उन्होंने बताया कि वह 2006 से अरविंद केजरीवाल के साथ काम कर रही थीं। उन्होंने हर आंदोलन में उनका साथ दिया। मालीवाल ने आरोप लगाया कि केजरीवाल ने उनके घर में एक गुंडे से पिटाई करवाई। आवाज उठाने पर उन्हें धमकाया गया। उन पर एफआईआर वापस लेने का बहुत दबाव डाला गया। पार्टी ने उन्हें दो साल तक संसद में बोलने का अवसर नहीं दिया। इसे उन्होंने बहुत शर्मनाक बताया। उन्होंने केजरीवाल को महिला-विरोधी भी कहा। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व पर पूरा भरोसामालीवाल ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी पंजाब को रिमोट से नियंत्रित कर रही है। इससे पंजाब उनका निजी एटीएम बन गया है। पंजाब में रेत खनन और नशीली पदार्थों का इस्तेमाल चरम पर है। जो नेता आवाज उठाते हैं, उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज होती है। केजरीवाल भ्रष्टाचार और गुंडागर्दी के लिए जाने जाते हैं। मालीवाल ने प्रधानमंत्री मोदी को दुनिया का सबसे लोकप्रिय नेता बताया। मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देश के विकास के लिए ऐतिहासिक फैसले लिए हैं। इनमें ‘ऑपरेशन सिंदूर’ और नक्सलवाद का खात्मा शामिल है। उन्होंने संसद में महिला आरक्षण बिल पेश करने जैसे फैसलों की भी सराहना की। मालीवाल ने दोहराया कि उन्हें प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व पर पूरा भरोसा है।
नरेंद्र मोदी का बड़ा ऐलान: बंगाल में रेप-मर्डर के दोषियों को नहीं मिलेगी राहत, सत्ता में आते ही सख्त कार्रवाई का वादा

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पश्चिम बंगाल में एक बहुत बड़ा और कड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा है कि आरजी कर अस्पताल में हुए रेप और मर्डर केस की साजिश में शामिल किसी भी रसूखदार या अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। पीएम मोदी ने जनता को भरोसा दिलाया है कि अगले महीने जब राज्य में भाजपा की सरकार बनेगी, तो हर एक अपराधी को खोजकर उसे सजा दी जाएगी। यह खबर बंगाल के उन सभी आम लोगों के लिए बहुत बड़ी उम्मीद है जो लंबे समय से इस दर्दनाक मामले में न्याय की मांग कर रहे हैं। दूसरी जगह जा रहीप्रधानमंत्री ने मौजूदा सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि पिछले 15 वर्षों में इस सरकार ने बंगाल की पहचान को पूरी तरह से नष्ट कर दिया है। राज्य में लगातार घुसपैठियों को लाया जा रहा है और उन्हें यहां बसाया जा रहा है। ये घुसपैठिए बंगाल की जमीनों पर कब्जा कर रहे हैं और यहां के स्थानीय लोगों का रोजगार छीन रहे हैं। एक तरफ सरकार का भारी भ्रष्टाचार है और दूसरी तरफ घुसपैठियों का जुल्म है। इस कारण से बंगाल के युवाओं को नौकरी की तलाश में अपने घर छोड़कर बाहर जाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। राज्य में कोई नया निवेश नहीं आ रहा है और पुरानी फैक्ट्रियां भी बंद होकर दूसरी जगह जा रही हैं।
थूथुकुडी रैली में राहुल गांधी का हमला आरएसएस-भाजपा पर तीखे आरोप, ‘कठपुतली सरकार’ नहीं बनने देंगे

तमिलनाडु में चुनावी हलचल के बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने तमिलनाडु के थूथुकुडी में एक चुनावी रैली को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने आरएसएस और भाजपा पर तीखे हमले किए। राहुल गांधी ने आरोप लगाते हुए कहा, आरएसएस तमिल विरोधी और द्रविड़ विरोधी संगठन है। उन्होंने कहा कि आरएसएस और भाजपा का मानना है कि भारत एक लोग, एक संस्कृति, एक धर्म और एक भाषा वाला देश होना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने एआईएडीएमके की वर्तमान स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पुरानी एआईएडीएमके, जो तमिलनाडु के लोगों की सेवा करती थी, अब पूरी तरह खत्म हो चुकी है। राहुल के अनुसार, आज की एआईएडीएमके सिर्फ एक खोखला ढांचा बनकर रह गई है और भाजपा इस पार्टी का इस्तेमाल तमिलनाडु की राजनीति में घुसने के लिए करना चाहती है। ऐसी कठपुतली सरकार नहीं बनाने देंगेउन्होंने आरोप लगाया कि एआईएडीएमके के नेता भ्रष्टाचार की वजह से कमजोर पड़ गए हैं। इसी कमजोरी का फायदा उठाकर भाजपा तमिलनाडु में अपनी जगह बनाना चाहती है। राहुल ने दावा किया कि जो लोग अभी एआईएडीएमके को चला रहे हैं, उन्हें केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पूरी तरह नियंत्रित करते हैं। रैली में राहुल गांधी ने बिहार की राजनीति का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि बिहार में नीतीश कुमार को मुख्यमंत्री पद से हटाकर भाजपा के आदमी को वहां बैठा दिया गया। राहुल ने आरोप लगाया कि नीतीश कुमार के पुराने कामों की वजह से भाजपा उन्हें पूरी तरह काबू कर रही है। उन्होंने दावा किया कि नीतीश कुमार ने एक शब्द भी नहीं कहा और चुपचाप राज्यसभा चले गए। राहुल ने आगे कहा , भाजपा तमिलनाडु में भी यही बिहार मॉडल दोहराना चाहती है। वे तमिलनाडु में ऐसी सरकार चाहते हैं जिसे वे पूरी तरह अपने इशारों पर नचा सकें। वे यहां एक ऐसा मुख्यमंत्री चाहते हैं जो वही करे जो भाजपा कहे। राहुल ने साफ शब्दों में कहा कि वे तमिलनाडु में भाजपा को कभी भी ऐसी कठपुतली सरकार नहीं बनाने देंगे।
चाय वाले पर कार्रवाई से गरमाई सियासत, Akhilesh Yadav का तंज“मेरा घर भी सील कर दो

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने फतेहपुर में जिस चाय वाले के यहां पर चाय पी थी। उस चाय वाले शेषमन यादव की दुकान पर खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने छापेमारी कर दुकान बंद करने चेतावनी दी थी। अखिलेश ने रविवार को शेषमन और उनको चाय पिलाने वाले शेषमन के पुत्र आर्यन यादव को अपने कार्यालय बुलाया और उन्हें पीतल के बर्तन भेंट किए। अखिलेश यादव ने कहा कि आरोप हैं कि एल्युमिनियम के बर्तन में चाय बनाई जा रही थी। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि मेरे घर में भी एल्युमिनियम के बर्तन हैं। मेरा घर भी सील कर दो। चाय वाले को परेशान किया जा रहा है। एक मुस्लिम नेता को आगे करके शिकायत करवाई गई है जिससे कि केस बन सके। सोने-चांदी के बर्तन में चाय बनाएंगेअखिलेश यादव ने 20 फरवरी में एक दौरे पर जाते समय फतेहपुर में रुककर एक दुकान पर चाय पी थी जिसकी तस्वीर उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर दी थी। ये पोस्ट वायरल हो गई। इस पर अखिलेश यादव ने लिखा था कि मत डरिए, अपना काम करिए। बुरे दिन जाने वाले हैं। फतेहपुर में चाय की दुकान चलाने वाले शेषमन ने बताया कि जब से अखिलेश भैया दुकान पर आए थे तभी से परेशान किया जा रहा है। 16 अप्रैल को फूड सेफ्टी विभाग के अधिकारी और कर्मचारी आए और पूछा कि एल्यूमिनियम के बर्तन में चाय क्यों बनाते हो? हमारा जीना मुश्किल हो गया है। हम एल्यूमिनियम के बर्तन में नहीं तो क्या सोने-चांदी के बर्तन में चाय बनाएंगे।
दिल्ली को मिली 200 नई इलेक्ट्रिक बसों की सौगात, CM रेखा गुप्ता ने दिखाई हरी झंडी

दिल्ली में साफ-सुथरे और आधुनिक सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने की दिशा में शुक्रवार को बड़ा कदम उठाया गया। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने ईस्ट विनोद नगर बस डिपो से 200 नई इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसके साथ ही ईस्ट विनोद नगर बस डिपो की नई प्रशासनिक इमारत और मदनपुर खादर बस टर्मिनल का भी उद्घाटन किया गया। राजधानी दिल्ली में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को मजबूत करने के लिए शुक्रवार को 200 नई इलेक्ट्रिक बसें सड़कों पर उतारी गईं। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने पूर्वी दिल्ली स्थित ईस्ट विनोद नगर बस डिपो से इन बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन बसों में 140 देवी (दिल्ली इलेक्ट्रिक व्हीकल इंटरचेंज) बसें भी शामिल हैं, जिनका उद्देश्य खास तौर पर मोहल्लों और अंदरूनी इलाकों तक बेहतर कनेक्टिविटी देना है। हरियाणा जाने वाले यात्रियों को राहत मिलेगीनई बसों के शामिल होने के बाद दिल्ली परिवहन निगम (डीटीसी) और क्लस्टर व्यवस्था के तहत राजधानी में इलेक्ट्रिक बसों की संख्या बढ़कर करीब 6300 हो गई है। सरकार का कहना है कि इससे प्रदूषण कम करने और लोगों को आरामदायक सफर देने में मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री ने इस मौके पर ईस्ट विनोद नगर बस डिपो की नई प्रशासनिक बिल्डिंग का उद्घाटन किया। साथ ही दक्षिणी दिल्ली क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण मदनपुर खादर बस टर्मिनल का भी शुभारंभ किया गया। इन दोनों परियोजनाओं से बस संचालन और यात्रियों की सुविधा में सुधार होने की उम्मीद है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली में परिवहन क्षेत्र में लगातार काम हो रहा है और हर महीने नई सुविधाएं शुरू की जा रही हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार राजधानी के विकास के लिए बजट की कमी नहीं आने देगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का दिल्ली के विकास पर विशेष ध्यान है और राजधानी को देश की सबसे तेज विकसित होने वाली शहरों में शामिल किया जाएगा। उन्होंने भरोसा जताया कि नई ईवी बसें दिल्ली के हर इलाके तक बेहतर सेवा पहुंचाएंगी। उन्होंने शुक्रवार को दिल्ली से रोहतक के लिए नई इंटरस्टेट बस सेवा भी शुरू की है, जिससे हरियाणा जाने वाले यात्रियों को राहत मिलेगी। सरकार आगे भी दूसरे राज्यों के लिए ऐसी सेवाएं बढ़ाने की तैयारी में है।
नोएडा में फेक वीडियो पर एक्शन, RJD प्रवक्ता प्रियंका भारती पर FIR

नोएडा की साइबर थाना पुलिस ने सोशल मीडिया पर फर्जी और भड़काऊ वीडियो प्रसारित कर सार्वजनिक शांति भंग करने के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए राष्ट्रीय जनता दल की प्रवक्ता प्रियंका भारती और कांचाना यादव सहित कई के खिलाफ गौतम बुद्ध नगर साइबर पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज की गई है। यह घटना बुधवार को सामने आई, जब अधिकारियों ने मामले की जानकारी दी। यह आरोप लगाया गया है कि RJD नेताओं ने मध्य प्रदेश की एक घटना, जिसमें एक व्यक्ति को पुलिस ने पीटा था, को नोएडा में चल रहे श्रम विरोध प्रदर्शनों से जोड़ा। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर इस मामले को पोस्ट कर उन्होंने कथित तौर पर तनाव भड़काने की कोशिश की। “मामूली बल” का प्रयोग किया गयापुलिस ने ‘X’ हैंडल @ItsKtyni और जितेंद्र शर्मा दौसा नामक फेसबुक प्रोफाइल के खिलाफ भी FIR दर्ज की है। इन सभी पर आरोप है कि उन्होंने मध्य प्रदेश का एक वीडियो साझा किया, जबकि वे यह दावा कर रहे थे कि यह घटना नोएडा में हुई है। अधिकारियों के अनुसार, सभी आरोपियों पर नोएडा में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के दौरान अफवाहें फैलाने का प्रयास करने का आरोप है। नोएडा में सोमवार को हजारों की संख्या में फैक्ट्री मजदूरों, जिनमें महिलाएं भी शामिल थीं, ने वेतन वृद्धि सहित अन्य मांगों को लेकर हड़ताल की थी। प्रदर्शन के दौरान कुछ जगहों पर हिंसा भड़क उठी, जिसके चलते आगजनी, पथराव और तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं। पुलिस द्वारा विरोध प्रदर्शनों से निपटने के तरीके की कुछ हलकों में आलोचना भी हुई है, हालांकि पुलिस का कहना है कि “मामूली बल” का प्रयोग किया गया था।