इज़राइल ने पास किया अब तक का सबसे बड़ा बजट, नेतन्याहू सरकार को समय से पहले चुनाव से राहत

इस्राइल की संसद ने सालाना बजट पास कर दिया है। इससे प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू की सरकार को बड़ी राहत मिली है। दरअसल, बजट पास होने के साथ ही समय से पहले चुनाव का खतरा टल गया है। अब सरकार अपने कार्यकाल को जारी रख सकती है। हालांकि इस फैसले के बाद विपक्ष ने सरकार पर तीखा हमला बोला है। इसे गलत प्राथमिकताओं वाला बजट बताया है। इस्राइल में एक अप्रैल तक बजट पास करना जरूरी था, नहीं तो देश में समय से पहले चुनाव हो सकते थे। संसद ने देर रात चली लंबी बैठक के बाद 62 के मुकाबले 55 वोट से बजट पास कर दिया। यह इस्राइल का अब तक का सबसे बड़ा बजट है। इसके साथ ही नेतन्याहू सरकार के लिए सत्ता में बने रहने का रास्ता साफ हो गया है। सीधा असर शासन पर भी पड़ रहाबजट पास होने के बाद अब सरकार अपने कार्यकाल को पूरा करने की स्थिति में है। इस्राइल में चुनाव अक्तूबर तक होने हैं, लेकिन अगर बजट पास नहीं होता तो पहले ही चुनाव कराने पड़ते। हालांकि प्रधानमंत्री के पास अभी भी अधिकार है कि वे चाहें तो समय से पहले चुनाव करा सकते हैं। विपक्ष ने इस बजट को लेकर सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। विपक्षी नेता यायर लापिड ने इसे देश के इतिहास की सबसे बड़ी लूट वाला वजट बताया। वहीं, पूर्व प्रधानमंत्री नफ्ताली बेनेट ने भी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि यह जनता के साथ अन्याय है। खासतौर पर अल्ट्रा-ऑर्थोडॉक्स समुदाय के लिए बढ़ाए गए फंड को लेकर विरोध तेज है। इस बार के बजट में रक्षा मंत्रालय के लिए करीब 20 प्रतिशत ज्यादा राशि रखी गई है। ईरान के साथ चल रहे युद्ध के कारण रक्षा बजट बढ़ाकर लगभग 45 अरब डॉलर कर दिया गया है। इसके चलते सरकार को अन्य मंत्रालयों के खर्च में कटौती करनी पड़ी है। बजट पर चर्चा के दौरान कई बार ईरान से मिसाइल हमले की चेतावनी सायरन बजे। सुरक्षा कारणों से संसद की बैठक मुख्य सदन की बजाय ऐसे हॉल में हुई, जो बम शेल्टर के करीब है। यह स्थिति दिखाती है कि देश में युद्ध जैसे हालात का सीधा असर शासन पर भी पड़ रहा है।