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भारतीयों के डिपोर्टेशन पर संसद में हंगामा, विपक्ष ने किया हथकड़ी पहनकर सड़न के बाहर प्रदर्शन

डोनाल्ड ट्रंप की डिपोर्टेशन पॉलिसी को लेकर दुनियाभर में विवाद बढ़ता जा रहा है। इस नीति के तहत अमेरिका में अवैध रूप से रह रहे प्रवासियों कोउनके मूल देश वापस भेजा जा रहा है। इसमें भारतीय प्रवासी भी शामिल हैं। अब तक 104 भारतीयों को वापस भेजा जा चुका है। संसद में विपक्ष का विरोध प्रदर्शनअमेरिका की इस कार्रवाई के खिलाफ भारत में भी विरोध देखने को मिल रहा है। संसद भवन के मकर द्वार पर कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के सांसदोंसहित कई विपक्षी नेता विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। इन नेताओं ने प्रदर्शन के दौरान हथकड़ियां पहनकर अपनी नाराजगी जाहिर की। विपक्ष के गंभीर आरोपकांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल, समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव, कांग्रेस सांसद गुरजीत सिंह औऱ अन्य नेताओं ने डिपोर्ट किए गएभारतीयों के साथ अमानवीय व्यवहार का आरोप लगाया है। अखिलेश यादव का तीखा हमलासमाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार दावा कर रही थी कि भारत ‘विश्वगुरु’ बन गया है, लेकिन अमेरिकी कार्रवाई ने इस दावे की पोल खोल दी। उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीयों को दास की तरह बेड़ियां डालकर वापस भेजा गया।अखिलेश ने यह भी सवाल उठाया कि लोग आखिर भारत छोड़ने को मजबूर क्यों हुए, और विदेश मंत्रालय इस मुद्दे पर चुप क्यों है। अमेरिका से भारत डिपोर्ट किए गए 104 भारतीयों को लेकर अमेरिकी सेना का विमान सी-17 बुधवार को अमृतसर के श्री गुरु रामदास इंटरनेशनलएयरपोर्ट पर उतरा। इस विमान में सवार सभी भारतीयों के हाथों में हथकड़ियां लगी हुई थीं और उन्हें जंजीरों से बांधकर लाया गया था। अमेरिका काकहना है कि ये सभी भारतीय वहां अवैध रूप से रह रहे थे, जिसके चलते उन्हें भारत वापस भेजा गया। लेकिन सबसे हैरान करने वाली बात यह है किइन लोगों को हथकड़ियों और जंजीरों में बांधकर डिपोर्ट किया गया।

भारत की सुरक्षा को मिलेगा और मजबूती: इस साल आएगा S-400 का चौथा स्क्वाड्रन

रूस निर्मित एस-400 एयर डिफेंस सिस्टम, जिसे दुनिया की सबसे प्रभावशाली वायु रक्षा प्रणाली माना जाता है, का चौथा स्क्वाड्रन इस साल के अंततक भारत को मिलने की संभावना है। इससे पहले, भारत ने इस प्रणाली के तीन स्क्वाड्रन प्राप्त कर लिए हैं, जिन्हें देश के सामरिक महत्व वाले क्षेत्रों मेंतैनात किया गया है। चीन और पाकिस्तान की साजिशों पर रोकएस-400 एयर डिफेंस सिस्टम की तैनाती से भारत की पश्चिमी और उत्तरी सीमाओं की सुरक्षा को पहले से अधिक मजबूत किया गया है। सिलीगुड़ीकॉरिडोर में इसकी तैनाती चौकसी बढ़ाने के उद्देश्य से की गई है, जबकि पठानकोट और पश्चिमी सीमा पर इसकी उपस्थिति जम्मू-कश्मीर, पंजाब, राजस्थान और गुजरात की सीमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित कर रही है। यह अत्याधुनिक प्रणाली चीन और पाकिस्तान की किसी भी साजिश या हरकत परकड़ी नजर रखने और उसे नाकाम करने में सक्षम है। 2018 में हुई थी 35,000 करोड़ की डील2018 में भारत और रूस के बीच एस-400 के पांच स्क्वाड्रन की डील पर सहमति बनी थी, जिसकी लागत लगभग 35,000 करोड़ रुपये थी। चौथास्क्वाड्रन 2025 के अंत तक भारत आ सकता है, जबकि पांचवां स्क्वाड्रन 2026 में मिलने की उम्मीद है। एस-400 की क्षमताएं?एस-400 एयर डिफेंस सिस्टम अपनी बेहतरीन क्षमताओं के लिए जाना जाता है। यह प्रणाली एक साथ 72 मिसाइल लॉन्च करने में सक्षम है, जिससेदुश्मन के किसी भी हमले को आसानी से नाकाम किया जा सकता है। यह माइनस 50 डिग्री से लेकर 70 डिग्री तक के अत्यधिक तापमान में भीप्रभावी ढंग से काम कर सकती है। इसके अलावा, यह घात लगाकर किए गए हमलों का तुरंत जवाब देने में सक्षम है, जिससे इसे बेहद घातक औरकारगर बनाया गया है। इसे एक स्थान से दूसरे स्थान पर आसानी से ले जाया जा सकता है, जो इसकी उपयोगिता को और बढ़ाता है। भारतीय वायुसेना को मिलेगी मजबूतीएस-400 की तैनाती से भारतीय वायुसेना की ताकत में जबरदस्त इजाफा हुआ है। यह सिस्टम सीमा पर सतर्कता बढ़ाने और दुश्मनों की साजिशों कोविफल करने के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। एस-400 की पूरी तैनाती के बाद भारत की सुरक्षा इजरायल जैसी मजबूत और अत्याधुनिक हो जाएगी।

हरियाणा में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल: 12 आईएएस और 67 एचसीएस अधिकारियों के तबादले, कई को अतिरिक्त जिम्मेदारी

हरियाणा सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ा बदलाव करते हुए 12 आईएएस और 67 एचसीएस अधिकारियों के तबादले और नई नियुक्तियों केआदेश जारी किए हैं। अतिरिक्त जिम्मेदारियां और नई नियुक्तियांसुधीर राजपाल: स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान और आयुष विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव सुधीर राजपाल कोमहिला एवं बाल विकास विभाग का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है।अमनीत पी. कुमार: महिला एवं बाल विकास और अभिलेखागार विभाग की आयुक्त एवं सचिव अमनीत पी. कुमार को अब मत्स्य पालन औरअभिलेखागार विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।आशिमा बराड़: आबकारी एवं कराधान आयुक्त और हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम की प्रबंध निदेशक आशिमा बराड़ को सहकारिता विभाग काआयुक्त एवं सचिव नियुक्त किया गया है। मंडलायुक्त और अन्य पदस्थापनाएंफूल चंद मीणा: अंबाला के मंडलायुक्त फूल चंद मीणा को रोहतक का मंडलायुक्त बनाया गया है। शेखर विद्यार्थी: अभिलेखागार विभाग के महानिदेशक एवं सचिव शेखर विद्यार्थी को अब अग्निशमन सेवा विभाग का अतिरिक्त कार्यभार दिया गया है।दुष्मंता कुमार बेहरा: विकास एवं पंचायत विभाग के महानिदेशक एवं सचिव दुष्मंता कुमार बेहरा को परिवहन आयुक्त और परिवहन विभाग के सचिवका प्रभार दिया गया है। अन्य महत्वपूर्ण बदलावअंशज सिंह: रोहतक के मंडलायुक्त और स्वर्ण जयंती हरियाणा वित्तीय प्रबंधन संस्थान के महानिदेशक अंशज सिंह को अंबाला का मंडलायुक्त बनायागया है। विनय प्रताप सिंह: मानव संसाधन विभाग के निदेशक विनय प्रताप सिंह को आबकारी एवं कराधान आयुक्त के साथ-साथ आबकारी एवं कराधानविभाग के विशेष सचिव का प्रभार सौंपा गया है।

भारतीय सेना ने औपनिवेशिक विरासत से अलग होने की पहल की, फोर्ट विलियम का बदला नाम

भारतीय सेना ने औपनिवेशिक विरासत से दूरी बनाते हुए कोलकाता स्थित पूर्वी कमान मुख्यालय फोर्ट विलियम का नाम बदलकर ‘विजय दुर्ग’ करदिया है। इस ऐतिहासिक बदलाव की जानकारी एक रक्षा अधिकारी ने दी। सेना ने किले के भीतर मौजूद कुछ अन्य महत्वपूर्ण इमारतों के नाम भीबदले हैं। फोर्ट विलियम का नया नाम: विजय दुर्गफोर्ट विलियम, जिसे ब्रिटिश शासनकाल के दौरान बनाया गया था, अब विजय दुर्ग के नाम से जाना जाएगा। यह बदलाव नवंबर-दिसंबर में सेना द्वारालिए गए निर्णय का हिस्सा है। यह नाम भारतीय परंपरा और गौरव को उजागर करता है। औपनिवेशिक नामों को भारतीय पहचान सेंट जॉर्ज गेट का नाम: अब इसे ‘शिवाजी द्वार’ कहा जाएगा। किचनर हाउस का नाम: इसे बदलकर ‘मानेकशॉ हाउस’ कर दिया गया है, जो फील्ड मार्शल सैम मानेकशॉ के सम्मान में रखा गया है। रसेल ब्लॉक का नाम: यह अब ‘बाघा जतिन ब्लॉक’ के नाम से जाना जाएगा, जो स्वतंत्रता सेनानी जतिन्द्रनाथ मुखर्जी की स्मृति में रखा गया है। औपनिवेशिक इतिहास से जुड़ी संरचनाओं का महत्वफोर्ट विलियम का निर्माण 1781 में ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी ने अपने अधिकार और पूर्वी हिस्से पर नियंत्रण को दर्शाने के लिए किया था। इसकानाम इंग्लैंड के राजा विलियम तृतीय के नाम पर रखा गया था। यह 170 एकड़ में फैला है और इसमें कई ऐतिहासिक और आधुनिक संरचनाएं मौजूदहैं। फोर्ट विलियम: पूर्वी सेना कमान का मुख्यालयफोर्ट विलियम 1963 में चीन-भारत युद्ध के बाद सेना की पूर्वी कमान का मुख्यालय बना। इससे पहले यह मुख्यालय लखनऊ में स्थित था। किलाहुगली नदी के किनारे स्थित है और इसकी स्थापत्य कला इसे विशिष्ट बनाती है। बाघा जतिन की स्मृति में नया नामरसेल ब्लॉक का नाम स्वतंत्रता सेनानी जतिन्द्रनाथ मुखर्जी (बाघा जतिन) के नाम पर रखा गया है। ओडिशा के बालासोर में 1915 में ब्रिटिश पुलिसके साथ मुठभेड़ में उनकी शहादत हुई थी। भारतीय सेना की पहलरक्षा अधिकारी ने बताया कि औपनिवेशिक पहचान से अलग होकर सेना अपनी परंपरा और गौरव को प्राथमिकता दे रही है। यह नाम परिवर्तन भारतीयसांस्कृतिक विरासत और इतिहास को सम्मान देने का प्रयास है।

मिगसन ग्रुप पर जीएसटी एसआईबी की छापेमारी से हड़कंप, अन्य बिल्डर भी जांच के दायरे में

जीएसटी विभाग की विशेष जांच शाखा (एसआईबी) द्वारा मिगसन ग्रुप पर छापेमारी के बाद रियल एस्टेट सेक्टर में हलचल मच गई है। बताया जारहा है कि एसआईबी के रडार पर करीब 15 बड़े बिल्डर हैं। इन बिल्डरों के खिलाफ ग्राहकों ने रेरा और शासन तक शिकायतें दर्ज कराई हैं। सूत्रों केअनुसार, मिगसन ग्रुप पर छापेमारी एक शुरुआत भर है और आने वाले समय में अन्य बिल्डरों के खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है। छापेमारी में लैपटॉप और दस्तावेज जब्तएसआईबी की टीम ने मिगसन ग्रुप की 15 फर्मों की 41 शाखाओं पर छापेमारी की। इस दौरान टीम ने लैपटॉप, हार्डडिस्क और महत्वपूर्ण दस्तावेजकब्जे में लिए। छापेमारी के पीछे फ्लैट बुकिंग के बाद बायर्स से हिडन चार्ज वसूलने की शिकायत प्रमुख कारण थी। 10 करोड़ से अधिक जीएसटी चोरी का मामला उजागरसूत्रों की मानें तो मिगसन ग्रुप पर की गई 12 घंटे की छानबीन के दौरान 10 करोड़ रुपए से अधिक की जीएसटी चोरी का खुलासा हुआ। जांच के बादमिगसन ग्रुप को अपनी विभिन्न शाखाओं में 10 करोड़ रुपए जमा कराने पड़े। टीम ने जब्त किए गए दस्तावेजों की समीक्षा के आधार पर ऑडिट औरसमन जारी करने की योजना बनाई है। अन्य बिल्डरों पर भी नजरएसआईबी ने जिले में अन्य रियल एस्टेट फर्मों के इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) के दावों की भी जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों को शक है कि बड़ेपैमाने पर धोखाधड़ी हुई है। इस जांच के बाद अन्य बिल्डरों पर भी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है। मिगसन कियाना प्रोजेक्ट पर 50 करोड़ का बकायागाजियाबाद के वसुंधरा सेक्टर-14 में चल रहे मिगसन कियाना प्रोजेक्ट पर आवास विकास का 50 करोड़ रुपए से अधिक का बकाया है। आवासविकास ने प्रोजेक्ट के बाहर नोटिस चस्पा कर चेतावनी दी है कि बिल्डर ने अभी तक कंप्लीशन सर्टिफिकेट प्राप्त नहीं किया है। जब तक बिल्डरबकाया राशि जमा नहीं करता और सर्टिफिकेट नहीं लेता, तब तक फ्लैट की रजिस्ट्री नहीं की जा सकती। 350 फ्लैट अवैध, कार्रवाई की तैयारीमिगसन कियाना में 350 से अधिक फ्लैट और निचले फ्लोर पर दुकानें हैं। कई फ्लैट मालिक बिना रजिस्ट्री के ही रहने लगे हैं। आवास विकास नेफ्लैट आवंटियों को चेतावनी दी है कि बिना कंप्लीशन सर्टिफिकेट फ्लैट का आवंटन अवैध है। दूसरे चरण की कार्रवाई में अवैध रूप से बनीकमर्शियल संपत्तियों को सील करने की योजना है। रेरा के आदेशों का पालन नहीं कर रहे बिल्डररेरा द्वारा गठित नियमों और आदेशों को कई बिल्डर नजरअंदाज कर रहे हैं। मिगसन ग्रुप के कई प्रोजेक्ट्स में खरीदारों को लंबे इंतजार के बावजूद फ्लैटनहीं मिले हैं। वर्ष 2016 में बुक किए गए फ्लैट 9 साल बाद भी ग्राहकों को नहीं दिए गए। आठ बिल्डरों पर लटकी कार्रवाई की तलवारराज्य कर विभाग के अपर आयुक्त (ग्रेड-1) भूपेंद्र शुक्ला ने बताया कि खरीदारों की शिकायतों के आधार पर आठ बिल्डरों के खिलाफ जांच जारी है।इन बिल्डरों पर जीएसटी फाइलिंग में गड़बड़ी और अधिक आईटीसी लाभ लेने का आरोप है। उनके गाजियाबाद और आसपास के इलाकों में कईप्रोजेक्ट चल रहे हैं, जिनमें धोखाधड़ी की आशंका है।

बिहार में राहुल गांधी ने उठाई जाति आधारित जनगणना की मांग, जानिए क्या क्या बोला?

लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने बुधवार को एक बार फिर बिहार में जाति आधारित जनगणना की वकालत की।उन्होंने कहा कि देश में वंचित, पिछड़े और आदिवासी वर्गों की सही स्थिति का पता लगाने और उनके विकास के लिए यह जनगणना अनिवार्य है।बिहार जैसी नहीं, कर्नाटक जैसी जनगणना का समर्थनराहुल गांधी ने कहा कि जाति आधारित गणना केवल बिहार जैसी नहीं, बल्कि कर्नाटक जैसी विस्तृत होनी चाहिए। उन्होंने यह बात पटना के श्रीकृष्णमेमोरियल हॉल में स्वतंत्रता सेनानी जगलाल चौधरी की जयंती समारोह के दौरान कही। सत्ता और संस्थानों में वंचितों की भागीदारी पर सवालराहुल गांधी ने कहा कि भारत के सत्ता तंत्र, न्यायपालिका, शिक्षा, स्वास्थ्य और कॉरपोरेट सेक्टर में वंचित समुदाय की भागीदारी बेहद कम है। उन्होंनेआरोप लगाया कि देश की शीर्ष 200 कंपनियों में एक भी ओबीसी या वंचित वर्ग का मालिक नहीं है। उन्होंने इसे “सत्ता के वास्तविक संस्थानों मेंवंचितों के प्रतिनिधित्व की कमी” करार दिया। 25 अमीरों के 16 लाख करोड़ रुपये माफ: राहुल गांधीभाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए राहुल गांधी ने कहा कि मोदी सरकार ने 25 अमीरों के 16 लाख करोड़ रुपये माफ कर दिए, लेकिन इस सूची मेंएक भी वंचित वर्ग का व्यक्ति नहीं है। उन्होंने कहा, “जीएसटी आप भरते हैं, अडानी भी भरते हैं, लेकिन लाभ का बंटवारा केवल गिने-चुने लोगों तकसीमित है।” शिक्षा व्यवस्था पर भी हमलाराहुल गांधी ने कहा कि भारत की शिक्षा व्यवस्था वंचितों के दर्द को समझने में असफल है। उन्होंने कहा, “किताबों में मैंने वंचितों को केवल ‘अछूत’ और ‘वंचित’ शब्दों में पढ़ा है। क्या उनके इतिहास और संघर्ष को केवल दो लाइनों में समझा जा सकता है?” संविधान को कमजोर करने का आरोपराहुल गांधी ने भाजपा और आरएसएस पर हमला करते हुए कहा कि ये संस्थाएं संविधान को कमजोर करना चाहती हैं। उन्होंने कहा, “संविधान ने सभीको समानता का अधिकार दिया है, लेकिन भाजपा और आरएसएस इसे समाप्त करने की कोशिश में हैं। उन्हें पता है कि संविधान खत्म किए बिनावंचितों, पिछड़ों और आदिवासियों को दबाया नहीं जा सकता।” कार्यक्रम में मौजूद प्रमुख नेता इस कार्यक्रम में कांग्रेस के कई प्रमुख नेता मौजूद थे, जिनमें बिहार कांग्रेस प्रभारी मोहन प्रकाश, प्रदेश अध्यक्ष अखिलेश प्रसाद सिंह, पूर्व अध्यक्ष मदनमोहन झा और संयोजक विनोद कुमार चौधरी शामिल थे।

महाराष्ट्र की सियासत में मुख्यमंत्री आवास से जुड़ा विवाद, UBT सांसद संजय राउत ने किया दावा

महाराष्ट्र की राजनीति में इन दिनों मुख्यमंत्री आवास “वर्षा” बंगले को लेकर अंधविश्वास की चर्चा हो रही है। शिवसेना (उद्धव गुट) के सांसद संजयराउत ने दावा किया था कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस इस बंगले में इसलिए शिफ्ट नहीं हो रहे, क्योंकि वे अंधविश्वास पर भरोसा करते हैं। इस दावे परअब सीएम फडणवीस ने सफाई देते हुए असली वजह बताई है। सीएम फडणवीस ने बताया शिफ्टिंग का कारणदेवेंद्र फडणवीस ने अंधविश्वास के दावों को खारिज करते हुए कहा कि उनकी बेटी के 10वीं बोर्ड की परीक्षाएं चल रही हैं। उन्होंने कहा, “परीक्षाओं केखत्म होने के बाद ही हम शिफ्टिंग पर ध्यान देंगे।” सीएम ने स्पष्ट किया कि उनकी शिफ्टिंग में कोई अंधविश्वास की वजह शामिल नहीं है। संजय राउत का विवादास्पद दावासंजय राउत ने दावा किया था कि मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के कामाख्या मंदिर में दर्शन के दौरान भैंसों की बलि दी गई थी। उन भैंसों के सींग “वर्षा” बंगले के परिसर में दफनाए गए, ताकि मुख्यमंत्री की कुर्सी एकनाथ शिंदे के पास रहे। राउत के मुताबिक, इसी वजह से फडणवीस बंगले में शिफ्ट नहींहो रहे। “सागर” बंगले में रह रहे हैं फडणवीसदेवेंद्र फडणवीस दिसंबर 2024 में मुख्यमंत्री बने थे। हालांकि, वह अभी तक “वर्षा” बंगले में शिफ्ट नहीं हुए हैं और “सागर” बंगले में ही रह रहे हैं।सीएम ने कहा कि “वर्षा” बंगले में कुछ मरम्मत का काम बाकी है और एकनाथ शिंदे के वहां से शिफ्ट होने के बाद वे जल्द ही वहां रहने लगेंगे। डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने संजय राउत को दिया जवाबडिप्टी सीएम और पूर्व मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने संजय राउत के दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया। उन्होंने कहा, “इस तरह के झूठे और बेबुनियादआरोप लगाने वालों को खुद ऐसी बातें कहने का खामियाजा भुगतना पड़ सकता है।” सीएम फंडवीस का बयानफडणवीस ने राउत के दावों को फर्जी बताते हुए कहा कि ऐसी बातों पर प्रतिक्रिया देना भी जरूरी नहीं है। उन्होंने इस विवाद को पूरी तरह से राजनीतिसे प्रेरित बताया। “वर्षा” बंगले का महत्व“वर्षा” बंगला महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री का आधिकारिक आवास है। यह राजनीतिक और प्रशासनिक गतिविधियों का प्रमुख केंद्र है। हालांकि, इस बंगलेको लेकर अंधविश्वास और राजनीतिक विवाद पहले भी उठते रहे हैं।

प्रधानमंत्री मोदी ने संगम में लगाई डुबकी, साधु-संतों से की भेंट

ऐतिहासिक क्षण: पीएम मोदी का संगम स्नानप्रयागराज के महाकुंभ में बुधवार को एक विशेष दृश्य तब देखने को मिला, जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संगम में आस्था की डुबकी लगाई। इस दौरानउत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी उनके साथ मौजूद रहे। प्रधानमंत्री की इस यात्रा के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, ताकिश्रद्धालुओं और आयोजकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। भव्य स्वागतप्रधानमंत्री के प्रयागराज आगमन पर बमरौली एयरपोर्ट पर उनका गर्मजोशी से स्वागत किया गया। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगीआदित्यनाथ और उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक समेत कई वरिष्ठ नेता इस मौके पर मौजूद रहे। एयरपोर्ट से प्रधानमंत्री हेलिकॉप्टर द्वारा डीपीएस केहेलिपैड पहुंचे और वहां से संगम के वीआईपी घाट तक पहुंचे। धार्मिक आस्था और सूर्य पूजासंगम घाट पर भगवा वस्त्र धारण किए प्रधानमंत्री ने मंत्रोच्चारण के बीच डुबकी लगाई। इसके बाद उन्होंने सूर्य को अर्घ्य दिया और मंत्र जाप करते हुएसूर्य पूजा की। संगम स्नान के बाद मुख्यमंत्री योगी ने उन्हें महाकुंभ की तैयारियों और व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी दी। संगम तक मोटर बोट से यात्राप्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी मोटर बोट से संगम घाट तक पहुंचे। इस दौरान योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री को महाकुंभ के विभिन्न प्रबंधोंऔर श्रद्धालुओं की सुविधाओं के बारे में विस्तार से अवगत कराया। साधु–संतों से भेंट और चर्चासंगम स्नान के बाद प्रधानमंत्री ने महाकुंभ में मौजूद साधु-संतों से मुलाकात की। इस दौरान धार्मिक, सामाजिक और आध्यात्मिक विषयों पर चर्चा हुई।संतों ने प्रधानमंत्री को आशीर्वाद देते हुए देश की शांति और प्रगति के लिए प्रार्थना की। श्रद्धालुओं की सुविधा का ध्यानप्रधानमंत्री की इस यात्रा के दौरान इस बात का विशेष ख्याल रखा गया कि आम श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। हेलिकॉप्टर औरमोटर बोट के जरिए उनकी यात्रा का प्रबंधन किया गया, जिससे संगम क्षेत्र में भीड़ प्रबंधन सुचारु रूप से हो सके। महाकुंभ का महत्वमहाकुंभ दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन माना जाता है, जो हर 12 वर्षों में होता है। करोड़ों श्रद्धालु संगम में स्नान कर मोक्ष की कामना करतेहैं। यह आयोजन भारतीय संस्कृति, आस्था और अध्यात्म का प्रतीक है, जिसे वैश्विक स्तर पर भी विशेष मान्यता प्राप्त है। प्रधानमंत्री की यात्रा का संदेशमहाकुंभ में प्रधानमंत्री मोदी की उपस्थिति भारतीय संस्कृति और परंपराओं के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उनकी यह यात्रा न केवल भारतीयसांस्कृतिक विरासत को सशक्त करती है, बल्कि महाकुंभ को वैश्विक पहचान दिलाने में भी सहायक होगी। प्रधानमंत्री का संगम स्नान और साधु-संतोंसे संवाद इस आयोजन के महत्व को और भी बढ़ा देता है।

दिल्ली चुनाव: आरोपों के भंवर में फंसी AAP, भाजपा को बढ़त का भरोसा – वीरेंद्र सचदेवा

नई दिल्ली: दिल्ली भाजपा अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने आम आदमी पार्टी (AAP) पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि इस बार पार्टी ने केवल आरोपलगाने की राजनीति की है, जबकि भाजपा ने जनता के बीच सार्थक और सकारात्मक चुनाव प्रचार किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेता रमेशबिधूड़ी ने ज़मीन पर जाकर प्रभावी अभियान चलाया, जिसका नतीजा 8 फरवरी को स्पष्ट हो जाएगा। वीरेंद्र सचदेवा ने दावा किया कि दिल्ली में आम आदमी पार्टी अपनी नीतियों और सरकार के प्रदर्शन को लेकर जवाब देने में असफल रही है। उन्होंनेकहा, “आम आदमी पार्टी इस चुनाव में आरोपों के जाल में फंस गई है और भाजपा को यह चुनाव ‘गिफ्ट’ करने का काम किया है। परिणाम आने केबाद AAP के अधिकांश मंत्री अपनी सीटें हारने वाले हैं।” आतिशी और समर्थकों पर गंभीर आरोपकालकाजी विधानसभा क्षेत्र को लेकर वीरेंद्र सचदेवा ने आरोप लगाया कि आतिशी और उनके समर्थकों ने गुंडागर्दी की है। उन्होंने दावा किया कि उत्तरप्रदेश की गाड़ियां, जिनमें आतिशी के समर्थक थे, दिल्ली में घुसाईं गईं। इनमें से एक काले रंग की थार (नंबर UP 16 AP 1414) भी शामिल थी।सचदेवा ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी के समर्थक खुलेआम धमकियां दे रहे हैं और पुलिस मुख्यमंत्री के दबाव में काम कर रही है। AAP पर जनता का भरोसा खत्म: सचदेवासचदेवा ने कहा कि दिल्ली की जनता अब आम आदमी पार्टी और अरविंद केजरीवाल के असली चेहरे को पहचान चुकी है। उन्होंने कहा, “चाहे AAP कितनी भी चालें चल ले, इस बार जनता इन्हें सही जवाब देने के लिए तैयार है।” दिल्ली भाजपा अध्यक्ष के बयान ने चुनावी माहौल में और तीखापन ला दिया है। अब सभी की नजरें 8 फरवरी के परिणामों पर टिकी हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर दिया जवाब, राहुल गांधी पर बोला हमला

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को लोकसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब दिया। उन्होंने इस अवसर को अपनी 14वींबार संबोधन करने का भाग्य बताया और जनता के प्रति आभार व्यक्त किया। कांग्रेस पर तंज और गरीबी उन्मूलन का जिक्रप्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा कि उनकी सरकार ने झूठे नारों की बजाय सच्चे विकास के रास्ते पर चलकर 25 करोड़ लोगों कोगरीबी से बाहर निकाला। इस दौरान उन्होंने राहुल गांधी पर भी एक किताब का जिक्र करते हुए तंज कसा, जहां उन्होंने कहा कि कुछ लोगों को विदेशीनीति पर बात करना फैंसी लगता है और उन्हें JFK’s Forgotten Crisis किताब पढ़ने की सलाह दी। केजरीवाल पर “जकूजी” वाला तंजप्रधानमंत्री ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर भी निशाना साधते हुए कहा कि एनडीए सरकार का ध्यान “जकूजी” पर नहीं, बल्कि भारत केनागरिकों को पानी की सुविधा देने पर है। बिना केजरीवाल का नाम लिए उन्होंने कहा कि कुछ नेताओं का फोकस स्टाइलिश शावर और “जकूजी” परहोता है, जबकि हमारी प्राथमिकता हर घर जल पहुंचाना है। पीएम मोदी ने बताया कि एनडीए सरकार के कार्यकाल से पहले 75 प्रतिशत घरों में नलका पानी नहीं था, लेकिन उनकी सरकार ने 12 करोड़ घरों को पानी का कनेक्शन दिया है। विकसित भारत के संकल्प को मजबूती देने वाला भाषणप्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण की सराहना करते हुए कहा कि इसमें आगामी 25 वर्षों के लिए एक विकसित भारत का दृष्टिकोण पेशकिया गया था। उनका मानना था कि यह भाषण देशवासियों में विश्वास और प्रेरणा का संचार करेगा। राहुल गांधी पर तंज: झोपड़ियों में फोटो सेशनप्रधानमंत्री ने राहुल गांधी पर परोक्ष रूप से हमला करते हुए कहा कि जो लोग गरीबों की झोपड़ियों में फोटो सेशन करते हैं, उन्हें संसद में गरीबों कीबातें उबाऊ लग सकती हैं। उन्होंने आगे कहा कि केंद्र सरकार ने 25 करोड़ लोगों को गरीबी से उबारने में सफलता हासिल की है। धन की बचत और विकास की ओर मोदी सरकार का दृष्टिकोणप्रधानमंत्री ने अपने भाषण में केंद्र सरकार द्वारा बचत और विकास को समान रूप से महत्व देने की बात की। उन्होंने कहा कि पहले दिल्ली से भेजे गएएक रुपये में से केवल 15 पैसे ही नीचे तक पहुंचते थे, लेकिन अब उनकी सरकार ने इस प्रणाली को बदलते हुए जनता के धन का सही उपयोग कियाहै। साथ ही, उन्होंने बताया कि 2014 के पहले केवल दो लाख रुपये की आय पर कर की छूट थी, अब यह सीमा बढ़ाकर 12 लाख रुपये कर दी गईहै। टिंकरिंग लैब और ए.आई. में भारत का भविष्यप्रधानमंत्री मोदी ने अपनी सरकार के “आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस” और “एस्पिरेशनल इंडिया” के दोहरे दृष्टिकोण का जिक्र करते हुए बताया कि एनडीएसरकार ने देश में 10,000 टिंकरिंग लैब स्थापित की हैं। आगामी बजट में 50,000 नई लैब्स के लिए प्रावधान किया गया है, जिससे भारत दुनिया मेंए.आई. के क्षेत्र में प्रमुख बन सके। इस तरह प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण में न केवल अपने कार्यकाल की उपलब्धियों का बखान किया, बल्कि विपक्ष पर भी कई तीखे हमले किए।