
इथियोपिया ने प्रधानमंत्री मोदी को अपने सर्वोच्च सम्मान- द ग्रेट ऑनर निशान ऑफ इथियोपिया से सम्मानित किया। इथियोपिया ने पीएम मोदी कोसम्मानित करने में पुरानी परंपराएं तोड़ दीं। पीएम मोदी दुनिया के पहले विदेशी राष्ट्र प्रमुख हैं, जिन्हें इथियोपिया ने देश के सर्वोच्च सम्मान द ग्रेट ऑनरनिशान ऑफ इथियोपिया से नवाजा। उन्हें दुनिया के 25वां देश सर्वोच्च सम्मान से सम्मानित कर चुके हैं। मोदी से पहले किसी भी भारतीय प्रधानमंत्रीको इतने शीर्ष सम्मान हासिल नहीं हुए हैं। पीएम मोदी को यह सम्मान अदीस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन केंद्र में आयोजित एक विशेष समारोह में प्रदानकिया गया। विदेश मंत्रालय ने नई दिल्ली में जारी एक बयान में कहा कि प्रधानमंत्री को भारत-इथियोपिया साझेदारी को मजबूत करने में उनकेअसाधारण योगदान और वैश्विक राजनेता के रूप में उनके दूरदर्शी नेतृत्व के लिए यह सम्मान दिया गया है।
महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को जॉर्डन का दौरा खत्म कर इथियोपिया पहुंचे। इस दौरान पीएम मोदी ने इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमदअली के साथ बैठक की। पीएम मोदी ने इथियोपियाई पीएम अहमद अली को अपना भाई और दोस्त बताया। प्रधानमंत्री मोदी ने इथियोपिया कासर्वोच्च सम्मान दिए जाने पर कहा, ‘आप सभी के बीच इथियोपिया की इस महान भूमि पर होना मेरे लिए सौभाग्य की बात है। आज दोपहर मैंइथियोपिया पहुंचा। यहां पहुंचते ही यहां के लोगों ने मुझे अद्भुत आत्मीयता और अपनेपन का अनुभव कराया। प्रधानमंत्री अली मुझे हवाई अड्डे पर लेनेआए थे। वे मुझे फ्रेंडशिप पार्क और विज्ञान संग्रहालय लेकर गए। यहां नेतृत्व से मेरी महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा हुई।’
दोगुना करने का निर्णय लिया
इससे पहले इथियोपिया के प्रधानमंत्री अबी अहमद अली से मुलाकात के दौरान पीएम मोदी ने कहा, ‘इथियोपिया की यात्रा से मुझे बहुत खुशी हुईहै। यह मेरी इथियोपिया की पहली यात्रा है। लेकिन यहां कदम रखते ही मुझे एक गहरा अपनापन और आत्मीयता का अहसास हुआ।’ पीएम मोदी नेकहा, ‘पहलगाम आतंकी हमले पर आपकी सहानुभूति और आतंकवाद के खिलाफ हमारी लड़ाई में आपके समर्थन के लिए हम आपके आभारी हैं।आतंकवाद के खिलाफ हमारी लड़ाई में मित्र देशों का समर्थन हमारे लिए बहुत मायने रखता है।’ पीएम मोदी ने कहा, ‘भविष्य की अपार संभावनाओंको साकार करने के लिए एक स्पष्ट रोडमैप तैयार किया जाएगा। आज हमें अर्थव्यवस्था, नवाचार, प्रौद्योगिकी, रक्षा, स्वास्थ्य, क्षमता निर्माण औरबहुपक्षीय सहयोग जैसे हमारे सहयोग के मुख्य पहलुओं पर विचार-विमर्श करने का अवसर मिला। मुझे खुशी है कि आज हमने भारत में इथियोपियाके छात्रों के लिए छात्रवृत्ति को दोगुना करने का निर्णय लिया है।’