
दिल्ली सरकार ने वर्ष 2026-27 के बजट में शिक्षा, महिला सुरक्षा, गिग वर्कर्स और बुनियादी सुविधाओं पर फोकस करते हुए हर वर्ग को साधने कीकोशिश की है। बजट में शिक्षा को एक बार फिर विकास की धुरी बनाते हुए सबसे बड़ी प्राथमिकता दी गई है, वहीं सामाजिक सुरक्षा और शहरीसुविधाओं को भी मजबूती देने की दिशा में कई अहम घोषणाएं की गई हैं। सरकार ने कुल 1,03,700 करोड़ रुपये के बजट में शिक्षा के लिए19,326 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड प्रावधान किया है, जो कुल बजट का 18.64 प्रतिशत है। यह अब तक का सबसे अधिक आवंटन है। सरकार काकहना है कि यह खर्च नहीं बल्कि भविष्य में निवेश है। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना और उत्पादन आधारित प्रोत्साहन योजना के जरियेलोगों को सोलर पावर अपनाने के लिए प्रेरित किया जाएगा, पुरानी दिल्ली के चांदनी चौक इलाके में 28 ऐतिहासिक सड़कों और गलियों में लटकतेबिजली के तारों को हटाने का काम शुरू हो चुका है। करीब 160 करोड़ रुपये की लागत से 52.5 किलोमीटर लंबी ओवरहेड लाइनों को भूमिगतकिया जाएगा। अन्य क्षेत्रों में हाई और लो टेंशन लाइनों को अंडरग्राउंड करने के लिए 200 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है। नए सब-स्टेशन औरट्रांसफॉर्मर भी लगाए जा रहे हैं।
553 सीट को बढ़ाकर 762 किया जाएगा
राजधानी की स्वास्थ्य व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए दिल्ली सरकार ने बजट 2026-27 में शिक्षा के बाद स्वास्थ्य पर सबसे ज्यादा फोकस कियाहै। दिल्ली की सेहत सुधारने के लिए बजट में 13034 करोड़ रुपये का प्रावधान किया है। बजट में अस्पताल परियोजनाओं को रफ्तार देने, यमुनापारमें पहला ट्रामा सेंटर स्थापित करने, नवजातों की सेहत के लिए पहली बार अनमोल योजना की घोषणा की गई है। पिछले बजट की तुलना में इस बारबजट में 141 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी की गई है। मादीपुर, सिरसपुर, हस्तसाल और ज्वालापुरी में 515 करोड़ के निवेश से अस्पताल परियोजनाएं पूरीहोंगी। राव तुला राम मेमोरियल अस्पताल, बाबा साहेब अंबेडकर अस्पताल और लाल बहादुर शास्त्री अस्पताल के बुनियादी ढांचे को मजबूत कियाजाएगा। अधूरे पड़े लोकनायक अस्पताल एवं सत्यवादी राजा हरिशचंद्र अस्पताल का निर्माण कार्य पूरा किया जाएगा। 787 करोड़ से चिकित्सीयउपकरणों और दवा की खरीद होगी। आईसीयू अस्पतालों के निर्माण कार्य को पूरा करने के लिए 150 करोड़ का प्रावधान है और 750 नए आयुष्मानआरोग्य मंदिर बनेंगे, पीएम जन आरोग्य योजना के विस्तार करते हुए ट्रांसजेंडर को भी इसका हिस्सा बनाया है। यमुनापार में बनेगा ट्रामा सेंटर जीटीबीअस्पताल में 200 करोड़ की लागत से ट्रामा सेंटर का निर्माण प्रस्तावित। द्वारका स्थित इंदिरा गांधी अस्पताल में 50 करोड़ से नए मेडिकल कॉलेज काप्रस्ताव है। मेडिकल कॉलेज में यूजी की सीट को 595 से बढ़ाकर 820, पीजी की 553 सीट को बढ़ाकर 762 किया जाएगा। मौलाना आजादमेडिकल कॉलेज में छात्र-छात्राओं के लिए एक नए हॉस्टल निर्माण के लिए 50 करोड़ का बजट आवंटित किया है।