शिक्षक दिवस पर निगम शिक्षकों का सम्मान, हर्ष मल्होत्रा और प्रवेश वाही ने शिक्षकों की भूमिका को बताया देश के भविष्य की नींव

नई दिल्ली में शिक्षक दिवस पर आयोजित हुआ भव्य सम्मान समारोह नई दिल्ली, 5 सितम्बर। शिक्षक दिवस के अवसर पर दिल्ली नगर निगम द्वारा शिक्षकों के सम्मान के लिए एक विशेष और भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम सिविक सेंटर स्थित केदारनाथ साहनी सभागार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री एवं भाजपा दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा और दिल्ली के महापौर प्रवेश वाही ने निगम विद्यालयों के शिक्षकों को सम्मानित किया। इस अवसर पर शिक्षकों के योगदान को याद किया गया और उन्हें समाज तथा देश के भविष्य के निर्माण में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका के लिए सम्मान दिया गया। कार्यक्रम में शिक्षा के क्षेत्र में नई योजनाओं और पहलों की भी घोषणा की गई। दिल्ली नगर निगम ने नई दिशा, नई उड़ान कार्यक्रम के अंतर्गत निगम श्री विद्यालय, निगम मिनी लीग और प्रतिभागिता कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में शिक्षक, अधिकारी और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों के सम्मान के साथ-साथ निगम विद्यालयों की शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाना था। हर्ष मल्होत्रा ने कहा- शिक्षक समाज और राष्ट्र को दिशा देने का काम करता हैकेंद्रीय राज्य मंत्री एवं भाजपा दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने शिक्षक दिवस के अवसर पर शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षक केवल बच्चों को किताबों का ज्ञान नहीं देता, बल्कि वह समाज और राष्ट्र को भी दिशा देने का काम करता है। उन्होंने कहा कि आज के बच्चे ही कल देश का भविष्य बनेंगे और उनके भविष्य को सही दिशा देने की बहुत बड़ी जिम्मेदारी शिक्षकों के कंधों पर होती है। इसलिए शिक्षक का काम केवल पढ़ाना नहीं है, बल्कि बच्चों को अच्छा इंसान और जिम्मेदार नागरिक बनाना भी है। हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि शिक्षक समाज के निर्माण में बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। एक अच्छा शिक्षक अपने छात्रों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकता है। शिक्षक बच्चों को शिक्षा के साथ-साथ अनुशासन, संस्कार और जीवन के महत्वपूर्ण मूल्यों की भी सीख देता है। गुरु-शिष्य परंपरा का सम्मान करने का दिन है शिक्षक दिवसहर्ष मल्होत्रा ने कहा कि शिक्षक दिवस केवल किसी एक व्यक्ति के सम्मान का दिन नहीं है। यह दिन भारत की महान गुरु-शिष्य परंपरा का सम्मान करने का दिन है। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में गुरु को हमेशा बहुत ऊंचा स्थान दिया गया है। गुरु अपने शिष्य को सही रास्ता दिखाता है और उसके जीवन को बेहतर बनाने में मदद करता है। इस अवसर पर हर्ष मल्होत्रा ने देश के पूर्व राष्ट्रपति और महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन को भी याद किया। उन्होंने कहा कि डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्मदिवस के अवसर पर पूरे देश में शिक्षक दिवस मनाया जाता है। उन्होंने कहा कि शिक्षक दिवस हमें यह याद दिलाता है कि हमारे जीवन में शिक्षकों का योगदान कितना महत्वपूर्ण है और हमें हमेशा अपने शिक्षकों का सम्मान करना चाहिए। नई तकनीक और नए कौशल सीखने पर दिया जोरहर्ष मल्होत्रा ने कहा कि आज का समय तेजी से बदल रहा है। नई तकनीक और नए कौशल हमारे जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बनते जा रहे हैं। ऐसे समय में यह जरूरी है कि हमारे बच्चे आधुनिक शिक्षा और नई तकनीक से पीछे न रहें। उन्होंने शिक्षकों से कहा कि वे बच्चों को बदलते समय के अनुसार तैयार करें। छात्रों को पढ़ाई के साथ-साथ नए कौशल और आधुनिक तकनीक की जानकारी भी दी जानी चाहिए। हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि निगम विद्यालयों में पढ़ने वाला कोई भी बच्चा शिक्षा के मामले में पीछे न रह जाए। उन्होंने विशेष रूप से शिक्षकों से कहा कि जब कोई बच्चा निगम विद्यालय से पांचवीं कक्षा पास करके छठी कक्षा में जाए तो शिक्षक और शिक्षा व्यवस्था यह सुनिश्चित करें कि बच्चा अपनी पढ़ाई बीच में न छोड़े और आगे भी अपनी शिक्षा जारी रखे। शिक्षकों को बच्चों के भविष्य निर्माण की जिम्मेदारी उठानी होगीकार्यक्रम के दौरान हर्ष मल्होत्रा ने अपने छात्र जीवन से जुड़े अनुभव भी शिक्षकों के साथ साझा किए। उन्होंने शिक्षकों को प्रेरित करते हुए कहा कि उनके द्वारा पढ़ाया गया हर बच्चा भविष्य में समाज और देश का हिस्सा बनेगा। उन्होंने कहा कि शिक्षकों को बच्चों की शिक्षा के साथ-साथ उनके भविष्य की चिंता भी करनी चाहिए। शिक्षक को यह प्रयास करना चाहिए कि हर बच्चा आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़े और जीवन में सफलता प्राप्त करे। हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि शिक्षक की जिम्मेदारी बहुत बड़ी है क्योंकि उसके द्वारा तैयार किया गया छात्र ही आगे चलकर देश के विकास में अपनी भूमिका निभाता है। प्रवेश वाही ने कहा- निगम विद्यालयों के शिक्षक निजी विद्यालयों से बेहतरदिल्ली के महापौर प्रवेश वाही ने शिक्षक सम्मान समारोह में निगम विद्यालयों के शिक्षकों की जमकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि अपने लगभग 18 से 19 वर्ष के सार्वजनिक जीवन के दौरान उन्हें कई बार निगम विद्यालयों में जाने और वहां बच्चों तथा शिक्षकों से मिलने का अवसर मिला है। प्रवेश वाही ने कहा कि जब भी वह निगम विद्यालयों में जाते हैं तो उन्हें बहुत गर्व महसूस होता है। उन्होंने कहा कि निगम विद्यालयों के शिक्षक बहुत मेहनती और प्रतिभाशाली हैं। महापौर प्रवेश वाही ने कहा कि हर मामले में निगम विद्यालयों के शिक्षक निजी विद्यालयों के शिक्षकों से बेहतर हैं। उन्होंने निगम विद्यालयों में हो रहे बदलावों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि आज निगम विद्यालय पहले की तुलना में काफी बेहतर स्थिति में हैं। विद्यालयों में स्मार्ट कक्षाएं और आधुनिक शिक्षा सुविधाएं उपलब्ध हो रही हैं। स्मार्ट कक्षाओं और स्मार्ट शिक्षकों को देखकर गर्व होता है- प्रवेश वाहीमहापौर प्रवेश वाही ने कहा कि निगम विद्यालयों में स्मार्ट कक्षाओं और आधुनिक तकनीक के उपयोग से शिक्षा व्यवस्था लगातार बेहतर हो रही है। उन्होंने कहा कि जब वह निगम विद्यालयों में स्मार्ट कक्षाओं और आधुनिक तकनीक का उपयोग करने वाले शिक्षकों को देखते हैं तो उन्हें बहुत खुशी और गर्व महसूस होता है। प्रवेश वाही ने कहा कि आज के समय में बच्चों को आधुनिक शिक्षा देना बहुत जरूरी है। नई तकनीक का सही उपयोग करके बच्चों की पढ़ाई को अधिक आसान और बेहतर बनाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि निगम विद्यालयों को लगातार आधुनिक बनाने का