Delhi BJP Chief Virendra Sachdeva Slams AAP Leaders Over Pollution Remarks, Questions Absence of Manish Sisodia and Saurabh Bharadwaj’s “Baseless” Claims

Delhi BJP President Mr. Virendra Sachdeva said that ever since the Aam Aadmi Party (AAP) leaders, including the missing-from-Delhi former Deputy Chief Minister Manish Sisodia and former Minister Saurabh Bharadwaj, started making irrational statements about Delhi’s pollution situation, Delhiites have been left astonished. Mr. Sachdeva stated that although Delhi’s pollution situation is somewhat concerning, residents are well aware that the city’s air quality has improved over the past few years. The Delhi BJP President added that before questioning our BJP Chief Minister and a few ministers for visiting Bihar for election campaigning, the AAP Delhi President should clarify where they managed to bring the non-resident former Deputy Chief Minister Manish Sisodia from, just to issue a press statement today. Saurabh Bharadwaj is known for making baselessMr. Sachdeva further said that Saurabh Bharadwaj is known for making baseless and fabricated statements. But he should explain why, when Delhi’s average AQI is around 310 today, he is promoting an organization calling Delhi a gas chamber — whereas in the past three years, on November 3, 2024, 2023, and 2022, the AQI levels were recorded at 382, 468, and 450 respectively — where was his concern then? Mr. Sachdeva said that the BJP government is a responsible government, and Environment Minister is continuously working with environmental experts. The Delhi BJP President added that it is normal for Chief Ministers and ministers from different states to travel and campaign during elections. But now that Saurabh Bharadwaj has raised this issue, he should clarify — if it is wrong for Mrs. Rekha Gupta to go to Bihar during the pollution period, then what will he say about flood-affected Punjab Chief Minister Sardar Bhagwant Mann’s visit to Gujarat, Delhi Leader of Opposition Ms. Atishi Marlena’s long stay in Goa, and former Environment Minister Gopal Rai’s extended election stay in Gujarat ?
AAP Blames BJP’s ‘Four-Engine Government’ for Delhi’s Toxic Air, Accuses Rekha Gupta of Negligence and AQI Data Manipulation Amid Health Emergency

As Delhi’s air turns increasingly toxic, the Aam Aadmi Party (AAP) has slammed the BJP’s four-engine government for its complete failure to control pollution. Senior AAP leaders including Delhi State President Saurabh Bharadwaj and former Deputy Chief Minister Manish Sisodia said the capital is gasping for breath while BJP ministers remain busy with election campaigns in Bihar. Saurabh Bharadwaj said residents can no longer breathe safely in the city’s poisonous air, forcing concerned groups like the Warrior Moms to write to the Health Minister as pollution becomes life-threatening for children. Bharadwaj took to ‘X’AAP Delhi State President Saurabh Bharadwaj took to ‘X’ and wrote: “The Warrior Moms have written to the Health Minister about the alarming pollution levels. But during this health emergency, Delhi’s Health Minister has not been seen in the city for the past month, while other BJP ministers have been occupied with election campaigning in Bihar for several days.” Senior AAP leader and former Deputy CM Manish Sisodia stated on X: “Delhi is facing a full-fledged public health emergency. The truth is, it’s not Delhi’s air but the BJP’s mindset that has become toxic.” Sanjeev Jha wrote on X: “The situation is Chief Whip and senior AAP leader Sanjeev Jha wrote on X: “The situation is worsening by the day. The government itself is more poisonous than the air. The BJP Chief Minister and her ministers are busy making reels instead of taking concrete steps to reduce pollution. They are manipulating AQI data by falsifying records from monitoring stations.” AAP’s Chief Spokesperson Priyanka Kakkar took to ‘X’ and wrote: “CM Rekha Gupta ji, now that you are done campaigning in Bihar, please pay some attention to Delhi too. Do you have any plan beyond blaming former CM Arvind Kejriwal?” More poisonous than ever beforeThe AAP said Delhi’s air this year is more poisonous than ever before, and the BJP’s four engines have left no stone unturned in destroying the capital. “Pollution is at a record high, and instead of saving lives, the BJP government is busy manipulating AQI data. Where has this government gone hiding now? The visuals emerging from Delhi are terrifying. People are being forced to breathe this toxic air while the BJP government is occupied with fudging figures. It’s clear that this ‘dramebaaz government’ gave up before even trying,” the party said AAP further stated that even foreign visitors arriving in India know how bad Delhi’s air has become, but the Rekha Gupta government seems oblivious to the gravity of the situation. “What else explains the BJP’s inaction and its foolish manipulation of air quality data? To distract people from their failures, Rekha Gupta’s government staged a gimmick in the name of artificial rainfall, burning ₹34 crore of Delhi’s money. Despite such a huge expenditure on theatrics, not a single drop of rain fell, nor did pollution levels reduce,” the party said.
कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्रंप के दावों को लेकर केंद्र सरकार पर साधा निशाना, कहा भारत‑पाक संघर्ष को व्यापार से रोकने का दावा अब भारत के लिए दर्दनाक

कांग्रेस ने सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया दावे को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा। दरअसल, ट्रंप ने एक बार फिर एकइंटरव्यू में दावा किया कि उन्होंने भारत-पाकिस्तान संघर्ष को व्यापार के जरिए रोका था। पार्टी ने कहा कि अमेरिका के साथ होने वाला संभावितव्यापार समझौता अब भारत के लिए एक दर्दनाक अनुभव बन गया है। कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट में कहा, “एक समय कहागया था कि भारत नवंबर 2025 में क्वाड (अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया और भारत का समूह) के शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा, लेकिन अब वहनहीं हो रहा है।” उन्होंने आगे कहा, “एक समय यह भी कहा गया था कि अमेरिका के साथ सबसे पहले व्यापार समझौता करने वालों में भारत होगा।वह तथाकथित समझौता अब एक कठिनाई बन गया है, जबकि अमेरिका को निर्यात घट रहे हैं और यहां रोजगार खो रहे हैं।” परमाणु युद्ध होतारमेश ने कहा कि इस बीच राष्ट्रपति ट्रंप ने 57वीं बार यह दोहराया है कि उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर को अचानक और अप्रत्याशित रूप से कैसे रोका औरइसकी पहली घोषणा वॉशिंगटन से हुई, न कि नई दिल्ली से। कांग्रेस नेता ने ट्रंप का एक वीडियो भी साझा किया, जिसमें उन्होंने दावा किया किउन्होंने व्यापार और शुल्क का उपयोग करके भारत-पाकिस्तान के बीच सैन्य संघर्ष को रोका। ट्रंप ने अमेरिकी टीवी नेटवर्क को दिए साक्षात्कार में कहा, “अगर व्यापार और शुल्क नहीं होते, तो मैं यह समझौते नहीं करा पाता। उदाहरण के लिए, भारत हमारे साथ बहुत व्यापार करता है। वे पाकिस्तान केसाथ परमाणु युद्ध करने वाले थे। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री ने हाल ही में कहा कि अगर डोनाल्ड ट्रंप शामिल नहीं होते, तो आज लाखों लोग मारेजाते।”उन्होंने कहा, “वह बहुत बुरा युद्ध होने वाला था। मैंने दोनों देशों से कहा कि अगर उन्होंने जल्दी कोई समझौता नहीं किया, तो वे अमेरिका के साथव्यापार नहीं कर पाएंगे। और उन्होंने समझौता किया, युद्ध रुक गया। वह परमाणु युद्ध होता।” दावा करते आ रहेकांग्रेस ने पिछले हफ्ते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए कहा था कि स्वयंभू 56 इंच का सीना अब पूरी तरह सिमट चुका है और उजागर हो गयाहै। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप लगभग हर दूसरे द्विपक्षीय या वैश्विक सम्मेलन में भारत-पाकिस्तान के साथ-साथ कई और देशों के विवादों को खत्मकराने का दावा करते आ रहे हैं। सितंबर में उन्होंने संयुक्त राष्ट्र में विश्व नेताओं को संबोधित करते हुए दावा किया था कि उन्होंने भारत-पाकिस्तान संघर्षको रोका था। भारत ने हमेशा यह रुख रखा है कि पाकिस्तान के साथ संघर्ष विराम की समझ दोनों सेनाओं के डायरेक्टर जनरल ऑफ मिलिट्रीऑपरेशंस (डीजीएमओ) के बीच सीधे संवाद से बनी थी। कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट में कहा, “एक समय कहा गया था किभारत नवंबर 2025 में क्वाड (अमेरिका, जापान, ऑस्ट्रेलिया और भारत का समूह) के शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा, लेकिन अब वह नहीं हो रहाहै।”
मुरादाबाद में बोले आजम खां “सरकार बताए, मुझे सुरक्षा क्यों दी गई थी”; बिहार को बताया जंगलराज, प्रचार से दूरी पर दिया जवाब

सपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खां ने कहा कि सरकार बताए आखिर उन्हें सुरक्षा क्यों दी थी। उनके पास कोई सुरक्षा नहीं है लेकिनजब सुरक्षा दी गई थी तो उन्होंने सरकार से लिखकर पूछा था कि आखिर इसकी क्या वजह है। अगर सुरक्षा दी जा रही है तो पूरी तरह से दी जाए।रविवार को पूर्व मंत्री मुरादाबाद दौरे पर आए थे। मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने सियासी तंज भी कसे। उन्होंने कहा कि उन्हें वाई श्रेणी सुरक्षा सेज्यादा कुछ और कहा गया था मगर अब वह इस मामले में कुछ ज्यादा नहीं बोलना चाहते। स्टार प्रचारक बनाए जाने के बावजूद बिहार जाकर प्रचारक्यों नहीं किया इस सवाल के जवाब में पूर्व मंत्री ने कहा कि बिहार में जंगलराज है। रहमान पाशा समेत कई लोग मौजूदऐसे में वहां अकेले जाना खतरे से खाली नहीं। मगर उन्हें उम्मीद है कि बिहार में जंगलराज का अंत होगा। उन्होंने मीडिया के माध्यम से ही बिहार केलोगों से अपील की। कहा लोकतंत्र को बचाकर रखिए। किसी के बहकावे, जज्बाती नारों या धोखे में मत आइए। जब तक इंसानियत जिंदा रहेगी तबतक मुल्क भी महफूज रहेगा। अपने दौरे पर पूर्व मंत्री ने बिलारी विधायक हाजी मो. फहीम, कुंदरकी के पूर्व विधायक हाजी मो. रिजवान, कांठविधायक कमाल अख्तर और बांग्ला गांव स्थित क्लीनिक में पहुंचे। यहां उन्होंने अपने करीबी लोगों के निधन पर शोक जाहिर किया। इस मौके परसपा जिलाध्यक्ष जयवीर यादव, पूर्व जिला पंचायत सदस्य हाजी उवैश, मो. फैजान, मो. अजीम, वसीम अहमद, अयाज, शोएब, अब्दुल, हारूनपाशा, शाहनवाज हुसैन, राबिल हुसैन और जियाउर रहमान पाशा समेत कई लोग मौजूद रहे। चर्चा सपा कार्यकर्ताओं के बीच भीआजम खां के शहर में होने की जानकारी पूर्व सांसद डॉ. एसटी हसन को नहीं मिली। उन्होंने बताया कि आजम खां के दौरे की उन्हें कोई जानकारी नहींमिली। वह शहर से भी बाहर हैं। मालूम हो कि डॉ. एसटी हसन भी आजम खां के करीबी नेताओं में गिने जाते थे। 2024 के लोकसभा चुनाव में डॉ. एसटी हसन का नामांकन के बाद टिकट कट गया था। इसके बाद से ही वह आजम खां से नाराज चल रहे हैं। हालांकि आजम खां के जेल से रिहा होनेके बाद डॉ. एसटी हसन और आजम खां दोनों का लहजा एक दूसरे के लिए नर्म हुआ था। आजम खां ने अपने एक बयान में कहा था कि वह एसटीहसन को उनके घर जाकर मना लेंगे। लेकिन मुरादाबाद दौरे पर आए आजम खां के कार्यक्रम की जानकारी ही पूर्व सांसद को नहीं मिली मुलाकात तोदूर की बात है। इसकी चर्चा सपा कार्यकर्ताओं के बीच भी होती रही।
सपा में गुटबाजी पर शिवपाल यादव का बड़ा एक्शन, बदायूं जिले की सभी फ्रंटल इकाइयां भंग, कहा एकजुटता ही हमारी ताकत

बदायूं जिले में समाजवादी पार्टी में संगठनात्मक अनुशासन और एकजुटता को लेकर बड़ा कदम उठाया गया है। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपालसिंह यादव ने साफ कहा है कि गुटबाजी अब सपा में किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इसी क्रम में बदायूं जिले की सभी फ्रंटल इकाइयों कोभंग कर दिया गया है, जबकि जिला कार्यकारिणी को भी भंग करते हुए केवल जिलाध्यक्ष को पद पर बनाए रखा गया है। शिवपाल यादव का दोदिवसीय बदायूं दौरा पहले से निर्धारित था। उनके आगमन से दो दिन पहले ही सपा के प्रदेश कार्यालय से आदेश जारी कर सभी फ्रंटल संगठनों युवासभा, छात्रसभा, महिला सभा, लोहिया वाहिनी और प्रकोष्ठों को तत्काल प्रभाव से भंग करने के निर्देश दिए गए थे। सपा के राष्ट्रीय महासचिवशिवपाल सिंह यादव ने रविवार को सहसवान पहुंचकर दहगवां चौराहे पर एक होटल व हाल का फीता काटकर उद्घाटन किया। इस अवसर पर सपासांसद आदित्य यादव और सहसवान विधायक बृजेश यादव समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता व क्षेत्रीय नेता मौजूद रहे। हमारी ताकत हमारी एकजुटताउद्घाटन कार्यक्रम के दौरान शिवपाल सिंह यादव ने भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा ने प्रदेश में विकास कार्यों को ठेकेदारी केहवाले कर दिया है। अधिकतर काम गुजरात की कंपनियों को दिए जा रहे हैं। जनता के मुद्दे महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार आज भी जस के तस हैं।समाजवादी पार्टी ही जनता को राहत देने में सक्षम है। सभा को संबोधित करते हुए सपा सांसद आदित्य यादव ने कार्यकर्ताओं से कहा कि अब हवा मेंचुनाव लड़ने का समय नहीं है। गुटबाजी छोड़कर सबको एकजुट होना पड़ेगा। अगर हम एक रहेंगे तो प्रदेश की हर विधानसभा सीट पर समाजवादीपार्टी का परचम लहराएगा। उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव में जनता ने सपा को भरपूर समर्थन दिया, अब विधानसभा चुनाव में उसी एकता औरजनसमर्थन को बनाए रखना है। एक दूसरे की टांग खींचने से संगठन कमजोर होता है, जबकि हमारी ताकत हमारी एकजुटता है। केंद्र सरकार के दबाव में आए बिना निष्पक्ष चुनावइस मौके पर पूर्व मंत्री ओमकार सिंह यादव, पूर्व सांसद सलीम इकबाल शेरवानी, विधायक रामखिलाड़ी सिंह यादव, पूर्व विधायक आर.के. शर्मा, वरिष्ठ नेता नरोत्तम सिंह, नवाब सिंह, पूरन सिंह सहित सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ता व क्षेत्रवासी उपस्थित रहे। इससे पहले सहसवान पहुंचने परशिवपाल सिंह यादव और आदित्य यादव का मेरठ हाईवे पर सपा कार्यकर्ताओं ने माला पहनाकर और नारों के बीच भव्य स्वागत किया। सहसवान मेंपत्रकारों से वार्ता करते हुए सपा नेता शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि मायावती पूरी तरह से भाजपा से मिली हैं। जो भाजपा कहती है वह वही करतीहैं। पीड़ितों के साथ सपा है, हम सभी को एकत्र कर रहे हैं। इसी से भाजपा बौखलाई हुई है। बीते 2024 के चुनाव में इसका उदाहरण सामने आ चुकाहै। बोले, बिहार चुनाव में राजद की जीत होगी और तेजस्वी की सरकार बनेगी। कहा कि भाजपा के लोग वोटर लिस्ट में गड़बड़ी करने का काम करतेहैं। शिवपाल यादव ने कहा कि स्वामी प्रसाद मौर्य बड़े नेता हैं और वह मेरे मित्र हैं। हालांकि वह कब क्या बोल दें, इसलिए उनकी बात को हम लोगगंभीरता से नहीं लेते हैं। शिवपाल ने कहा कि चुनाव आयोग केंद्र सरकार के दबाव में आए बिना निष्पक्ष चुनाव कराए।
तेज प्रताप यादव का तेजस्वी को संदेश, “पार्टी या परिवार नहीं, जनता ही सबसे बड़ी होती” महुआ सीट पर चतुष्कोणीय मुकाबले से बढ़ी सियासी गर्मी”

जनशक्ति जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष और महुआ विधानसभा सीट से प्रत्याशी तेज प्रताप यादव ने अपने छोटे भाई तेजस्वी यादव के नाम संदेश जारीकिया है। उन्होंने अपने भाई को लोकतंत्र का पाठ पढ़ाया और स्पष्ट कह दिया है कि पार्टी या परिवार से बड़ी जनता होती है। तेज प्रताप यादव ने कहाकि हमारे छोटे और नादान भाई तेजस्वी ने आज महुआ में कहा कि पार्टी से बड़ा कोई नहीं होता है। लेकिन हम अपने छोटे भाई को यह कहना चाहेंगेकि पार्टी से बड़ी हमारी जनता मालिक होती है। लोकतंत्र में सबसे बड़ी केवल जनता होती है, कोई पार्टी या परिवार नहीं। पूर्व मंत्री ने कहा कि महुआमेरी राजनीतिक कर्मभूमि है, और मेरे लिए पार्टी और परिवार से कहीं बढ़कर है। पार्टी केवल एक व्यवस्था है, लेकिन जनता हमारी मालिक है। महुआकी जनता से अपील करते हुए कहा कि मुझे पूरी उम्मीद है कि महुआ की जनता जनार्दन हमें भारी मतों से जीताकर सदन भेजेगी और महुआ के विकासकी राह पर आगे बढ़ने का काम करेगी। अंत में उन्होंने नारा दिया कि विजयी महुआ, विकसित महुआ। राजद ने महुआ विधानसभा से निवर्तमानविधायक मुकेश रोशन को टिकट दिया है। यहां से लालू प्रसाद के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव जनशक्ति जनता दल के टिकट पर चुनाव लड़ रहे हैं।आज तेज प्रताप का अपने छोटे भाई के नाम संदेश सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहा है। चतुष्कोणीय संघर्ष बढ़ता दिख रहादरसअल, बिहार की राजनीति में महुआ विधानसभा सीट पर विशेष चर्चा चल रही है। पटना से करीब 50 किलोमीटर दूर महुआ बिहार विधानसभाचुनाव की सबसे हॉट सीट बन गई है। पहली बार यह सीट चर्चा में तब आई थी जब 2015 में लालू प्रसाद यादव ने अपने बड़े बेटे तेज प्रताप यादवको यहां से टिकट दिया था। तेज प्रताप यादव यहां से जीत भी गए। इस बार तेज प्रताप फिर से महुआ से चुनाव लड़ रहे हैं। लेकिन, पार्टी अलग है।वह जनशक्ति जनता दल के सिंबल से चुनाव लड़ रहे हैं। उनके सामने राजद ने वर्तमान विधायक डॉ. मुकेश रोशन को टिकट दिया है। मुकेश रोशन केलिए तेजस्वी खुद से वोट मांग रहे हैं। वहीं जदयू की बागी डॉ आसमां प्रवीण निर्दलीय चुनावी मैदान में उतर चुकी हैं। एनडीए खेमे से यह सीट लोकजनशक्ति पार्टी रामविलास के खाते में गई है। चिराग पासवान ने संजय सिंह चुनावी मैदान में उतारा है। इन चारों दिग्गजों के चुनाव लड़ने से इसविधानसभा में अब चतुष्कोणीय संघर्ष बढ़ता दिख रहा है।
उद्धव ठाकरे का फडणवीस पर हमला “कर्ज माफी जून तक क्यों? तब तक क्या किसान किश्तें भरते रहें?” मराठवाड़ा दौरे से पहले सरकार पर तीखे सवाल

शिवसेना (उद्धव-बालासाहेब ठाकरे) के प्रमुख उद्धव ठाकरे ने सोमवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस पर जुबानी हमला बोला। ठाकरे नेफडणवीस के उस एलान को लेकर निशाना साधा, जिसमें सीएम ने कहा था कि उनकी सरकार अगले साल 30 जून तक किसानों की कर्ज माफी परफैसला लेगी। ठाकरे ने कहा कि महायुति सरकार को तुरंत कर्ज माफी लागू करनी चाहिए, ताकि भारी फसल नुकसान झेल चुके किसानों को अपनीजिंदगी दोबारा संवारने में मदद मिल सके। उन्होंने यह भी बताया कि वे 5 नवंबर से चार दिनों के मराठवाड़ा दौरे पर रहेंगे। गौरतलब है कि मराठवाड़ाक्षेत्र में सितंबर के अंतिम हफ्ते में भारी वर्षा हुई थी, जिससे हजारों हेक्टेयर में खड़ी फसलें नष्ट हो गईं। इसे मुद्दा बनाते हुए ठाकरे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस मेंकहा, “किसान कर्ज माफी की मांग को लेकर सड़कों पर हैं और मुख्यमंत्री कहते हैं कि फैसला जून में होगा। तब तक क्या किसान किश्तें भरते रहें? दौरे के दौरान वे कोई जनसभा नहीं करेंगेउद्धव ठाकरे ने केंद्र सरकार की निरीक्षण टीम के मराठवाड़ा दौरे को भी बहुत छोटा बताया और कहा कि दो-तीन दिन में इतने बड़े पैमाने पर हुए नुकसानका आकलन मुमकिन नहीं है। उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री से केंद्र सहायता के लिए प्रस्ताव भेजने को कहा था, लेकिन मुझे नहींलगता ऐसा कोई प्रस्ताव भेजा गया है। यह मजाक है कि पालघर के किसानों को फसल बीमा के तौर पर सिर्फ दो रुपये और कुछ पैसे मिले हैं। राज्यसरकार को तत्काल कर्ज माफी घोषित करनी चाहिए और प्रभावित किसानों को प्रति हेक्टेयर 50,000 रुपये की सहायता देनी चाहिए।” पूर्वमुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी महा विकास आघाड़ी सरकार ने बिना किसी शर्त दो लाख रुपये तक की फसल कर्ज माफी दी थी। ठाकरे ने कहा, “प्रणाली और आंकड़े वही हैं, तो यह सरकार दूसरी किश्त की कर्ज माफी क्यों नहीं घोषित कर रही? हमने किसानों के साथ ईमानदारी बरती थी, अबइस सरकार को भी वैसा ही करना चाहिए।” उन्होंने कहा, “सरकार को किसानों को राहत देनी ही होगी, और मेरी पार्टी यह सुनिश्चित करेगी कि ऐसाहो।” उन्होंने स्पष्ट किया कि अपने दौरे के दौरान वे कोई जनसभा नहीं करेंगे। क्या किसान किश्तें भरते रहें?फडणवीस ने 30 अक्तूबर को पूर्व विधायक और प्रहार जनशक्ति पार्टी के नेता बच्चू कडू से मुलाकात के बाद कर्ज माफी को लेकर यह घोषणा कीथी। मुख्यमंत्री ने कहा था कि महायुति सरकार ने चुनाव अभियान के दौरान कर्ज माफी का वादा किया था और इस पर अमल के तौर-तरीके तय करनेके लिए उनके प्रमुख आर्थिक सलाहकार प्रवीण परदेशी की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय समिति अप्रैल 2026 के पहले सप्ताह में रिपोर्ट सौंपेगी, जिसकेबाद 30 जून तक निर्णय लिया जाएगा। मराठवाड़ा क्षेत्र में सितंबर के अंतिम हफ्ते में भारी वर्षा हुई थी, जिससे हजारों हेक्टेयर में खड़ी फसलें नष्ट होगईं। इसे मुद्दा बनाते हुए ठाकरे ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “किसान कर्ज माफी की मांग को लेकर सड़कों पर हैं
भारत ने रचा इतिहास, महिला वनडे विश्व कप 2025 में दक्षिण अफ्रीका को हराकर पहली बार बना चैंपियन, ड्रेसिंग रूम में ‘टीम इंडिया सॉन्ग’ के साथ मना जश्न

विश्व कप जीत के बाद ड्रेसिंग रूम में माहौल जश्न में डूबा हुआ रहा। जीत की खुशी, आंखों में चमक और हाथों में तिरंगा, भारतीय महिला क्रिकेट टीमकी ये तस्वीरें हर भारतीय के दिल को गर्व से भर देने वाली हैं। खिलाड़ियों ने ‘रहेगा सबसे ऊपर हमारा तिरंगा, हम हैं टीम इंडिया…’ गाना गाते हुएमैदान से लेकर लॉकर रूम तक जीत का जश्न मनाया। हरमनप्रीत कौर, शेफाली वर्मा, दीप्ति शर्मा, जेमिमा रॉड्रिग्स और पूरी टीम के चेहरों पर वहीमुस्कान थी, जो बरसों के संघर्ष और सपनों की पूर्ति का प्रतीक बन गई। अब बीसीसीआई ने इसका वीडियो जारी किया है। वीडियो में जेमिमा कहतीहैं, ‘हमने चार साल पहले यह तय किया था कि हम अपनी टीम सॉन्ग को तब उजागर करेंगे जब हम विश्व कप जीत जाएंगे। वह समय अब आ चुकाहै।’दोनों एक साथ इस टीम के लिए खेल चुकीइतना ही नहीं, सोशल मीडिया पर एक और वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में दक्षिण अफ्रीका की कप्तान वोल्वार्ट और भारत की जेमिमारॉड्रिग्स साथ में गाना गाती दिख रही हैं। जेमिमा गिटार बजा रही हैं, जबकि वोल्वार्ट गाना गा रही हैं। फैंस का कहना है कि इस गाने का नाम ‘फॉलिंगइन लव अगेन’ है और यह गाना वोल्वार्ट ने 11 साल पहले कम्पोज किया था। यह वीडियो इंग्लैंड के ‘द हंड्रेड’ टूर्नामेंट के दौरान का बताया जा रहा है, क्योंकि वोल्वार्ट और जेमिमा, दोनों ने सुपर चार्जर्स टीम की जर्सी पहन रखी है। दोनों एक साथ इस टीम के लिए खेल चुकी हैं। महिला वनडे विश्व कप 1973 में खेला गयावोल्वार्ट को रविवार को निराशा झेलनी पड़ी, क्योंकि उनकी टीम भारत से फाइनल हार गई। वोल्वार्ट ने शानदार प्रदर्शन करते हुए शतक जमाया, लेकिन यह काफी नहीं था। वह टूर्नामेंट की सबसे ज्यादा रन बनाने वाली खिलाड़ी रहीं। मैच की बात करें तो भारत की महिला टीम इतिहास रच दियाहै। टीम इंडिया ने महिला वनडे विश्व कप 2025 के फाइनल में द. अफ्रीका को 52 रन से हरा दिया। पहले बल्लेबाजी करते हुए भारत ने 50 ओवर मेंसात विकेट पर 298 रन बनाए थे। जवाब में दक्षिण अफ्रीका की टीम 246 रन पर सिमट गई। दीप्ति शर्मा ने पांच विकेट लेकर मैच पलट दिया।दक्षिण अफ्रीका की कप्तान एल वोल्वार्ट की 101 रन की पारी बेकार गई। 52 साल के महिला वनडे विश्व कप के इतिहास में यह भारत का पहलावनडे विश्व कप का खिताब है। पहला महिला वनडे विश्व कप 1973 में खेला गया था।
दरभंगा के केवटी में गरजे योगी आदित्यनाथ, महागठबंधन के तीन बंदर पप्पू, टप्पू और अप्पू “कांग्रेस रामद्रोही और देशद्रोही”

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने केवटी विधानसभा क्षेत्र में आयोजित जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने महागठबंधन पर जमकर हमलाबोला। कहा कि राजद सांप है और कांग्रेस रामद्रोही, देशद्रोही और मां जानकी के विरोधी हैं। यह लोग सनातन परंपरा को कमजोर करना चाहते हैं।उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि आज गांधी जी के तीन बंदरों की तरह बिहार के महागठबंधन में भी तीन बंदर हैं। इना नाम पप्पू, अप्पू और टप्पू। पप्पूसच बोल नहीं सकता, अप्पू सच सुन नहीं सकता और टप्पू सच देख नहीं सकता। उन्होंने बिना नाम लिए राहुल गांधी, अखिलेश यादव और तेजस्वीयादव पर टिप्पणी करते हुए कहा कि वह तीनों (पप्पू, टप्पू और अप्पू) बंदर न सच देखते हैं, न सुनते हैं, न बोलते हैं। उन्हें एनडीए सरकार का विकासदिखाई नहीं देता। योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश में बुलडोज़र कार्रवाई से माफिया और अपराधियों का सफाया हुआ है, और अब राज्य माफिया औरअपराध-मुक्त बन चुका है। उन्होंने जनता से अपील की कि बिहार में भी डबल इंजन की सरकार बनाकर विकास, विरासत और खुशहाली का मार्गप्रशस्त करें। कहा कि वह मां जानकी का संदेश लेकर उत्तर प्रदेश से आए हैं। उन्होंने मिथिला में जानकी मंदिर (पुनौरा धाम) के निर्माण, राम-जानकीसड़क और अन्य विकास परियोजनाओं का उल्लेख करते हुए डबल इंजन सरकार” की उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं पर जोर दिया। विपक्षपर प्रहार करते हुए उन्होंने कहा कि 2005 से पहले बिहार की स्थिति ऐसी थी कि बीमार लोग घर में ही मर जाते थे।कश्मीर में मिथिला और बिहार का बेटा भी बस सकतायोगी ने कांग्रेस पर कश्मीर को विवादित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि ऐसी क्या मुसीबत आई कि कश्मीर हिन्दू विहीन हो गया? एक फिल्मका कलाकार 27 वर्षों बाद अपने ही कश्मीर लौट पाया। कांग्रेस के पाप का परिणाम था कि धारा 370 कश्मीर पर थोपी गई, जिसके कारण बिहार, मिथिला या देश का कोई भी व्यक्ति वहां बस नहीं सकता था। कांग्रेस ने पाप किया, जबकि पाकिस्तानी कश्मीर में लोग बसते गए। लेकिन मोदी जीके आने के बाद धारा 370 समाप्त की गई, अब कश्मीर में मिथिला और बिहार का बेटा भी बस सकता है।” जनता से उनके पक्ष में मतदान करने की अपीलउत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि माता जानकी की इस धरा को कोटि-कोटि नमन। रामलला विराजमान हो गए हैं, तो मां जानकी का मंदिर पुनौराधाम, मिथिला में बनना शुरू हो गया है। आपकी आस्था के अनुरूप जानकी मंदिर का निर्माण केंद्र और राज्य सरकार मिलकर कर रही हैं। अयोध्या औरपुनौरा धाम को जोड़ने वाली राम-जानकी सड़क भी बनाई जा रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किए गए कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा किमखाना बोर्ड और हल्दिया से पटना जलमार्ग जैसी परियोजनाओं से मिथिला की शोभा और महिलाओं के सम्मान में वृद्धि हुई है। योगी ने कहा किप्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री अमित शाह की नीतियों से गरीबों के जीवन में बड़े बदलाव आए हैं। जैसे धुएं रहित रसोई का सपना साकार हुआ औरकश्मीर से जुड़ा विवाद भी धारा 370 हटाकर समाप्त कर दिया गया। सभा के अंत में योगी आदित्यनाथ ने एनडीए प्रत्याशी डॉ. मुरारी मोहन झा कोमंच पर जीत की माला पहनाकर समर्थन जताया और जनता से उनके पक्ष में मतदान करने की अपील की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लॉन्च किया 1 लाख करोड़ रुपये का आरडीआई फंड, अनुसंधान, विकास और नवाचार को नई उड़ान देने की तैयारी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को एक लाख करोड़ रुपये के अनुसंधान, विकास और नवाचार (आरडीआई) फंड का शुभारंभ किया। इस आर्थिकसहायता से उच्च स्तर की तकनीकी और जोखिम वाले क्षेत्रों में रिसर्च को बढ़ावा दिया जाएगा। इस फंड को जारी करने के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्रमोदी ने कहा कि रजिस्टर्ड पेटेंट के मामले में भारत में 17 गुना वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप्स के काम करने के लिए बेहतर वातावरण उपलब्धकराने के मामले में भारत दुनिया में तीसरे नंबर पर है। यह बताता है कि भारत अपने यहां नवाचार करने वालों और नए उद्यमियों के लिए बेहतर वातारणउपलब्ध करा रहा है। पीएम ने इमर्जिंग साइंस, टेक्नॉलोजी एंड इन्नोवेशन कांक्लेव (ESTIC) में यह बातें कही। अंतर्गत एक विशेष निधि बनाई जाएगीआरडीआई फंड की शुरुआत अनुसंधान और विकास में निजी क्षेत्र की भागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए की गई है। यह घोषणा विज्ञानप्रौद्योगिकी व नवाचार सम्मेलन (ईएसटीआईसी) में की गई है। एक ऐसा मंच है जो सरकार के विकसित भारत 2047 विजन को आगे बढ़ाने के लिएनीति निर्माताओं और नए इनोवेटर्स को एक मंच पर लाएगी। इसका लाभ देश में अनुसंधान से जुड़े फर्मों को मिलेगा। आरडीआई फंड का प्रबंधनविज्ञान व प्रौद्योगिकी विभाग की दो स्तरीय संरचना के जरिए किया जाएगा। इस योजना के तहत शुरुआती स्तर पर अनुसंधान राष्ट्रीय अनुसंधानफाउंडेशन (एएनआरएफ) के अंतर्गत एक विशेष निधि बनाई जाएगी। यह निधि 1 लाख करोड़ रुपये की होगी। एएनआरएफ इसका देखरेख औरप्रबंधन करेगी। नीति निर्माताओं और नए इनोवेटर्स को एक मंच पर लाएगीआरडीआई फंड दूसरे स्तर के फंड मैनेजरों जरिए पूंजी निर्माण की कवायद करेगा। इसमें वैकल्पिक निवेश फंड (एआईएफ), विकास वित्त संस्थान(डीएफआई) और गैर-बैंकिंग वित्त कंपनियां (एनबीएफसी) शामिल हैं। ये प्रबंधक, वित्तीय, व्यावसायिक और तकनीकी विशेषज्ञों वाली स्वतंत्र निवेशसमितियों के मार्गदर्शन में, समर्थन के लिए परियोजनाओं की पहचान करेंगे और उनकी सिफारिश करेंगे। पीएम मोदी ने इसकी लॉन्चिंग के दौरान भारतकी वैज्ञानिक उपलब्धियों पर प्रकाश डालने वाली एक कॉफी टेबल बुक और देश के भविष्य के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी लक्ष्यों को रेखांकित करनेवाला एक विजन दस्तावेज भी लॉन्च किया। आरडीआई फंड की शुरुआत अनुसंधान और विकास में निजी क्षेत्र की भागीदारी को प्रोत्साहित करने केलिए की गई है। यह घोषणा विज्ञान प्रौद्योगिकी व नवाचार सम्मेलन (ईएसटीआईसी) में की गई है। एक ऐसा मंच है जो सरकार के विकसित भारत2047 विजन को आगे बढ़ाने के लिए नीति निर्माताओं और नए इनोवेटर्स को एक मंच पर लाएगी.