पटना में कोविड-19 की वापसी, एम्स के डॉक्टर सहित दो नए मामले सामने आए

पटना में एक 31 वर्षीय युवक के कोविड-19 से संक्रमित होने की पुष्टि हुई है, जो राज्य में हालिया लहर का पहला मामला माना जा रहा है। जिलासिविल सर्जन डॉ. अविनाश कुमार सिंह ने जानकारी दी कि संक्रमित युवक की कोई यात्रा इतिहास नहीं है और उसकी स्थिति हल्की है। उसका इलाजएक निजी अस्पताल में चल रहा है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा निगरानी और सभी आवश्यक प्रोटोकॉल का पालन किया जा रहा है। एम्स पटना के डॉक्टर भी संक्रमितपटना के जिलाधिकारी चंद्रशेखर सिंह ने बताया कि अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स), पटना के एक डॉक्टर भी कोविड संक्रमण की चपेट मेंआ गए हैं। दोनों मामलों को लेकर स्वास्थ्य विभाग सतर्क है। घबराने की नहीं, सतर्कता की जरूरत: प्रशासनअधिकारियों ने जनता से अपील की है कि वे घबराएं नहीं लेकिन सतर्क रहें। कोविड के बढ़ते मामलों को देखते हुए राज्य सरकार पूरी तरह से तैयार हैऔर हालात पर नजर रखी जा रही है। अस्पतालों को अलर्ट, सभी जरूरी संसाधन सुनिश्चितजिलाधिकारी ने बताया कि पटना के सरकारी अस्पतालों को तैयार रहने के निर्देश पहले ही दिए जा चुके हैं। इसमें बेड, ऑक्सीजन, आवश्यक दवाएंऔर टीकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश शामिल हैं। देशभर में कोविड मामलों में इजाफापिछले कुछ हफ्तों में देश के विभिन्न हिस्सों में कोविड-19 संक्रमण के मामलों में वृद्धि देखी गई है, जिसके चलते स्वास्थ्य विभाग ने एहतियात औरसतर्कता को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया है।
पुरी में बड़ा हादसा टला,सौरव गांगुली के भाई स्नेहाशीष और पत्नी स्पीडबोट पलटने से बाल-बाल बचे

पुरी के समुद्र में एक बड़ा हादसा उस वक्त टल गया जब भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली के बड़े भाई स्नेहाशीष गांगुली और उनकीपत्नी अर्पिता गांगुली की स्पीडबोट पलट गई। यह घटना शनिवार शाम ‘लाइटहाउस’ के पास हुई, जब वे समुद्री सैर का आनंद ले रहे थे। अर्पिता गांगुली ने साझा किया अनुभवपीटीआई को दिए एक वीडियो संदेश में अर्पिता ने बताया कि वे भगवान की कृपा से सुरक्षित हैं, लेकिन वह अब भी सदमे में हैं। उन्होंने कहा, “ऐसानहीं होना चाहिए था। समुद्र में जलक्रीड़ा की व्यवस्थाएं बेहतर और सुरक्षित होनी चाहिए। मैं कोलकाता लौटकर इस मामले में पुरी के एसपी औरओडिशा के मुख्यमंत्री को पत्र लिखूंगी।” लहरों की चपेट में आकर पलटी स्पीडबोटघटना के बारे में बताते हुए अर्पिता ने कहा कि तेज लहर के कारण उनकी स्पीडबोट असंतुलित होकर पलट गई, जिससे वह, उनके पति और अन्य यात्रीसमुद्र में गिर गए। लाइफगार्ड की तत्परता ने बचाई जानअर्पिता ने बताया कि समुद्र में गिरने के तुरंत बाद तटरक्षक कर्मियों ने त्वरित कार्रवाई की और सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। स्थानीय लोगों ने दी जानकारीमौके पर मौजूद चश्मदीद स्थानीय लोगों ने बताया कि समुद्र की एक विशाल लहर ने स्पीडबोट को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे वह पलट गई औरयात्री समुद्र में गिर पड़े। गनीमत रही कि किसी को गंभीर चोट नहीं आई और सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
खंडवा में आदिवासी महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म पर कांग्रेस का तीखा हमला, कांग्रेस ने मध्य प्रदेश की कानून व्यवस्था पर जताई गंभीर चिंता

कांग्रेस ने मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में एक आदिवासी महिला के साथ हुई जघन्य सामूहिक दुष्कर्म की घटना को “आदिवासी निर्भया कांड” बतातेहुए प्रदेश में कानून व्यवस्था की खराब स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त की है। आदिवासी कांग्रेस अध्यक्ष विक्रांत भूरिया ने भाजपा सरकार पर साधा निशानानई दिल्ली में कांग्रेस कार्यालय में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में विक्रांत भूरिया ने मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार और प्रशासन की निष्क्रियता को कड़ाआरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देशभर में बढ़ रहे गंभीर अपराधों के बावजूद सरकार और प्रशासन गहरी नींद में हैं। उन्होंने यह भी कहा कि बड़े शहरोंके अपराधों को मीडिया में तो प्राथमिकता मिलती है, लेकिन ग्रामीण इलाकों में घटित भयावह अपराध अक्सर अनदेखा किए जाते हैं। खंडवा कांड का दर्दनाक विवरणभूरिया ने बताया कि शराब के नशे में चूर आरोपियों ने एक आदिवासी महिला के साथ सामूहिक दुष्कर्म किया, उसके बाद अत्यंत क्रूरता से उसकेगर्भाशय और आंतें बाहर निकाल दीं। पीड़िता की दर्दनाक मौत हो गई, और जब उसकी 16 वर्षीय बेटी घटनास्थल पर पहुंची तो वह सदमे में बेहोशहो गई। मध्य प्रदेश में कानून व्यवस्था पर गंभीर सवालभूरिया ने भाजपा सरकार पर कटाक्ष करते हुए कहा कि प्रदेश में कानून व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई है। मुख्यमंत्री मोहन यादव के पास गृह मंत्रालयहोते हुए भी ऐसी घटनाएं कैसे हो रही हैं, यह बेहद चिंता का विषय है। उन्होंने विधानसभा के आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि मुख्यमंत्री के गृहमंत्री बनने के बाद दुष्कर्म के मामले 18 प्रतिशत बढ़े हैं, जिनमें 26 प्रतिशत पीड़ित महिलाएं आदिवासी समुदाय की हैं। शराबबंदी में सरकार की विफलताभूरिया ने कहा कि मध्य प्रदेश में शराबबंदी नाम की केवल दिखावा है। सरकार धार्मिक स्थलों पर शराब बंद करने का नाटक करती है, लेकिन शराबमाफियाओं पर नियंत्रण नहीं है। उन्होंने कहा कि मध्य प्रदेश धीरे-धीरे रेप कैपिटल और शराब की राजधानी बनता जा रहा है। कांग्रेस की मांगें और प्रधानमंत्री से अपीलभूरिया ने 31 मई को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भोपाल दौरे के मद्देनजर उनसे आग्रह किया कि वे प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा के लिए ठोस कदमउठाएं। उन्होंने मध्य प्रदेश में पूर्णकालिक गृह मंत्री नियुक्ति की मांग की और खंडवा दुष्कर्म मामले में दोषियों को फास्ट ट्रैक कोर्ट में कठोर सजा दिएजाने की अपील की। आदिवासी कांग्रेस का समर्थन और सड़कों पर संघर्ष का एलानभूरिया ने कहा कि आदिवासी कांग्रेस पीड़ित परिवार से मिलने के लिए एक प्रतिनिधिमंडल भेजेगी। उन्होंने साफ कहा कि कांग्रेस इस तरह की महिलाविरोधी और आदिवासी विरोधी नीतियों के खिलाफ चुप नहीं बैठेगी और सड़कों पर लड़ाई जारी रखेगी ताकि महिलाओं, गरीबों और वंचितों की सुरक्षासुनिश्चित हो सके।
दिल्ली भाजपा संगठन चुनाव, 14 जिला अध्यक्ष और 105 प्रदेश परिषद सदस्यों की घोषणा

दिल्ली भाजपा के संगठन चुनाव अधिकारी डॉ. महेन्द्र नागपाल ने आज राजधानी में पार्टी संगठन के लिए बड़ी घोषणा करते हुए 14 जिलों केनवनिर्वाचित अध्यक्षों और प्रदेश परिषद के 105 नवनिर्वाचित सदस्यों के नामों की सूची सार्वजनिक की। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष वीरेन्द्र सचदेवा की बधाईदिल्ली भाजपा के अध्यक्ष श्री वीरेन्द्र सचदेवा ने सभी नवचयनित जिला अध्यक्षों और प्रदेश परिषद सदस्यों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने विश्वासजताया कि यह नई टीम पार्टी के संगठनात्मक विस्तार और केंद्र एवं राज्य सरकार की नीतियों के क्रियान्वयन में सक्रिय भूमिका निभाएगी।नवनिर्वाचित जिला अध्यक्षों में अनुभव और नई भागीदारी का संतुलनघोषित जिला अध्यक्षों में कुछ पुराने चेहरे भी शामिल हैं, जैसे कि विजेन्द्र धामा (मयूर विहार), दीपक गाबा (शाहदरा), और चन्द्रपाल बक्शी (पश्चिमीदिल्ली), जो पहले भी इसी पद पर कार्य कर चुके हैं।इसके अलावा, चार अन्य नेताओं अरविन्द गर्ग (चांदनी चौक), विनोद सहरावत (उत्तर पश्चिमी), वीरेन्द्र बब्बर (करोल बाग), और मास्टर बिनोद कुमार(नवीन शाहदरा) – को पुनः उन्हीं जिलों की जिम्मेदारी सौंपी गई है। महिला नेतृत्व को नई भूमिकानई टीम में महिला भागीदारी को बढ़ावा देते हुए पहली बार दो महिला नेताओं को जिला अध्यक्ष के रूप में चुना गया है राज शर्मा गौतम (नजफगढ़) और माया बिष्ट (दक्षिणी दिल्ली)। यह संगठनात्मक विविधता का प्रतीक है। प्रदेश परिषद में प्रमुख चेहरे शामिल105 सदस्यों वाली दिल्ली प्रदेश परिषद में कई प्रमुख नेताओं को शामिल किया गया है। इनमें विधायक पवन शर्मा, कपिल मिश्रा, कैलाश गहलोत, करतार सिंह तंवर, प्रद्युम्न राजपूत, संदीप सहरावत, राजकुमार चौहान, नीरज बैसोया, अनिल शर्मा और राजकुमार भाटिया प्रमुख नाम हैं।अन्य उल्लेखनीय सदस्यों में तिलक राम गुप्ता, पूनम भारद्वाज, जितेन्द्र महाजन, कुलवंत राणा, श्याम शर्मा, पूर्व सांसद रमेश बिधूड़ी, पूर्व महापौरसुभाष आर्य, प्रीति अग्रवाल और नरेन्द्र चावला शामिल हैं।इसके अलावा, वर्तमान प्रदेश पदाधिकारी सुनीता कांगड़ा, विनय रावत, नरेश कुमार ऐरण, सारिका जैन, डॉ. सुमित भसीन और प्रवीण शंकर कपूर भीपरिषद में जगह पाने वालों में हैं।
पानी के संकट से दिल्ली बेहाल, महिलाओं ने किया मटका फोड़ प्रदर्शन, भाजपा सरकार पर जमकर निशाना

राजधानी दिल्ली में लगातार गहराते जल संकट से नाराज होकर आम आदमी पार्टी की महिला विंग ने राजेंद्र नगर विधानसभा में मटका फोड़ प्रदर्शनकिया। इस विरोध का नेतृत्व महिला विंग की दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सारिका चौधरी ने किया। उन्होंने भाजपा सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहाकि सत्ता में आने के बाद से भाजपा न तो स्वच्छ पानी दे पा रही है और न ही पर्याप्त जलापूर्ति सुनिश्चित कर रही है। भाजपा सरकार में जल संकट चरम परसारिका चौधरी ने कहा कि दिल्ली के पॉश इलाकों से लेकर गांवों तक पानी की आपूर्ति बेहद सीमित और बेहद अशुद्ध है। उन्होंने आरोप लगाया किसरकार लोगों को पीने योग्य पानी भी नहीं दे पा रही है, जबकि सत्ता में आने से पहले बड़े-बड़े वादे किए गए थे। उन्होंने कहा कि भाजपा की सरकार नेलोगों को भ्रमित कर सत्ता तो हासिल कर ली, लेकिन मात्र चार महीनों में ही उसकी नाकामी सामने आ गई है। नरायणा गांव में सीवर जैसा पानी, लोग बेहालराजेंद्र नगर क्षेत्र के नरायणा गांव की स्थिति को लेकर महिलाओं में भारी रोष देखने को मिला। उन्होंने बताया कि गांव में जो पानी आ रहा है, वह बेहदगंदा है और ऐसा प्रतीत होता है कि वह सीवर से मिलकर आ रहा है। इस पानी को पीना तो दूर, उसका उपयोग करना भी असंभव हो गया है। जल ही नहीं, अन्य सुविधाओं का भी बुरा हालप्रदर्शन कर रहीं महिलाओं ने कहा कि भाजपा सरकार के आने के बाद सिर्फ पानी ही नहीं, बिजली, स्वास्थ्य और सफाई व्यवस्था भी चरमरा गई है।उन्होंने अरविंद केजरीवाल सरकार को याद करते हुए कहा कि उस समय 24 घंटे बिजली, साफ पानी और मोहल्ला क्लीनिक जैसी सुविधाएं आसानीसे उपलब्ध थीं। टैंकर माफिया को बढ़ावा, विधायक गैर-जवाबदेहमहिलाओं ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने टैंकर माफिया को खुली छूट दे रखी है। केवल वे लोग जो टैंकर के लिए पैसे दे सकते हैं, उन्हें पानीमिल पा रहा है। साथ ही, स्थानीय विधायक को लेकर भी नाराजगी जताई गई। लोगों का कहना है कि विधायक न तो जनता की समस्याएं सुनते हैंऔर न ही उनसे मिलते हैं। महिलाओं ने चेतावनी दी कि अगर हालात ऐसे ही बने रहे, तो जनता नेताओं को सबक सिखाने से पीछे नहीं हटेगी। महिलाएं मजबूर होकर सड़क पर उतरी हैंप्रदर्शन में शामिल एक महिला ने कहा कि महिलाएं तभी सड़कों पर आती हैं जब हालात असहनीय हो जाते हैं। बिना पानी के घर का कोई भी कामनहीं हो सकता, और अब स्थिति यह है कि कई दिनों तक कपड़े भी नहीं धोए जा पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा से उम्मीदें बहुत थीं, लेकिन वेउम्मीदें चकनाचूर हो गई हैं। जनता में बढ़ता असंतोष, केजरीवाल सरकार की हो रही तुलनाएक अन्य महिला ने कहा कि पहले जब पानी आता था, तो उसकी मात्रा और गुणवत्ता दोनों अच्छी थीं, लेकिन अब गंदा पानी मिल रहा है और वह भीसीमित समय के लिए। उन्होंने कहा कि केजरीवाल सरकार में सुविधाएं व्यवस्थित थीं, जबकि अब दिल्ली की हालत दयनीय हो चुकी है। विधायक की गुंडागर्दी का भी आरोपप्रदर्शनकारी महिलाओं ने स्थानीय विधायक पर भी गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि जब भी कोई अपनी समस्या लेकर उनके पास जाता है, तो वे गाली-गलौज और धौंस दिखाते हैं। हाल ही में एक घटना में विधायक ने रेहड़ी-पटरी वालों से मारपीट की थी। महिलाओं ने कहा कि यदि यहीरवैया रहा, तो अगले चुनाव में जनता उन्हें सबक सिखाएगी।
एनआईए ने दिल्ली से पकड़ा देशद्रोही जवान, पाक खुफिया एजेंसी से था संपर्क

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने नई दिल्ली में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक जवान को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी के लिएजासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान मोटी राम जाट के रूप में हुई है, जो असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर के पद पर तैनात था। 2023 से लीक कर रहा था संवेदनशील जानकारीएनआईए के अनुसार, जाट पिछले वर्ष 2023 से पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी के संपर्क में था और लगातार राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ी गोपनीयजानकारियां साझा कर रहा था। इन जानकारियों के बदले उसे आर्थिक लाभ भी दिया जा रहा था, जो विभिन्न माध्यमों से पहुंचाया गया।सोशल मीडिया से पकड़ी गई संदिग्ध गतिविधियाँसीआरपीएफ और केंद्रीय एजेंसियों ने जाट की सोशल मीडिया पर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखनी शुरू की। जांच में सामने आया कि उसने कईसुरक्षा प्रोटोकॉल का उल्लंघन किया है। यह स्पष्ट होने के बाद उसे एनआईए को सौंप दिया गया। सीआरपीएफ से बर्खास्त, जांच जारीसीआरपीएफ ने अपने आधिकारिक बयान में कहा कि मोटी राम जाट को 21 मई 2025 से सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है। यह कार्रवाई संविधानऔर सीआरपीएफ के नियमों के तहत की गई है। एनआईए की हिरासत में, 6 जून तक पूछताछएनआईए ने आरोपी को कोर्ट में पेश किया, जिसके बाद अदालत ने उसे 6 जून 2025 तक एजेंसी की हिरासत में भेज दिया है। फिलहाल उससे यहपता लगाने की कोशिश की जा रही है कि उसने किस तरह की सूचनाएं साझा कीं और क्या इस साजिश में अन्य लोग भी शामिल हैं।
प्रधानमंत्री मोदी का दाहोद में बड़ा बयान, ‘ऑपरेशन सिंदूर’ ने रचा इतिहास, 22 मिनट में लिया बदला

भारतीय सेना की वीरता को सलामगुजरात के दाहोद में एक जनसभा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में भारतीय सेना के पराक्रम की जमकर सराहना की।उन्होंने कहा कि सरकार ने सेना को पूरी छूट दी थी और हमारे जवानों ने वह कर दिखाया जो कई दशकों तक दुनिया ने नहीं देखा था। 22 अप्रैल का बदला सिर्फ 22 मिनट मेंप्रधानमंत्री ने बताया कि भारत ने सीमापार मौजूद नौ आतंकी ठिकानों की पहचान की और 6 मई की रात को महज 22 मिनट में उन्हें पूरी तरह तबाहकर दिया। यह कार्रवाई 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में की गई। उन्होंने गर्व के साथ कहा, “हमने आतंकियों को उनकी हीजमीन पर धूल चटा दी।” पाकिस्तान का एजेंडा – भारत की प्रगति को रोकनापीएम मोदी ने पाकिस्तान पर सीधा हमला करते हुए कहा कि विभाजन के बाद से पाकिस्तान की सोच केवल भारत से नफरत और उसके विकास कोबाधित करने की रही है। उन्होंने इसके विपरीत भारत की सोच को रेखांकित करते हुए कहा कि देश का लक्ष्य गरीबी हटाना, विकास को गति देना औरएक समृद्ध राष्ट्र का निर्माण करना है। ‘सिंदूर’ का अपमान सहन नहीं करेगा भारतअपने भावुक संबोधन में प्रधानमंत्री ने कहा कि ‘ऑपरेशन सिंदूर’ सिर्फ एक सैन्य कार्रवाई नहीं, बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक भावना औरजनभावनाओं की अभिव्यक्ति है। उन्होंने स्पष्ट किया, “जो हमारी बहनों के सिंदूर को मिटाने की कोशिश करेगा, उसका मिटना तय है।”
मिगसन अल्टिमो सोसायटी के बिल्डर पर नहीं हुआ एक्शन, स्थानीय लोगो ने पुलिस पर लगाए मिलीभगत के आरोप, हादसे में 2 लोगों की हुई थी मौत

उत्तर प्रदेश के ग्रेटर नोएडा में चार दिन पहले हुए दर्दनाक हादसे में 1 मासूम और एक बुजुर्ग महिला की जान चली गई। बता दें कि ग्रेटर नोएडा कीओमीक्रॉन-3 सेक्टर की मिगसन अल्टिमो सोसाइटी में बुधवार रात तेज़ आंधी आई थी जिसके कारण एक टावर की छत से लोहे और टिन की भारीग्रिल गिरी,जिसमें एक महिला और उसके दो वर्षीय नाती की मौत हो गई थी। वहीं बता दें कि इस भयावक हादसे ने हादसा सोसाइटी के सुरक्षाइंतजामों पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है, जिसके बाद सोसाइटी के लोगों में आक्रोश का माहौल बन हुआ था।शोक में बदला गुस्सा, सड़कों पर उतरे लोगघटना के बाद पीड़ित परिवार और सोसाइटी के लोगों में आक्रोश फैल गया। गुरुवार सुबह बड़ी संख्या में निवासी, जिनमें महिलाएं भी शामिल थीं, क्लब हाउस से मार्च करते हुए 130 मीटर रोड तक पहुंचे और सड़क को पूरी तरह जाम कर दिया। “बिल्डर हाय-हाय” और “पुलिस प्रशासन मुर्दाबाद” के नारों से इलाका गूंज उठा। बिल्डर पर अब तक नहीं हुआ एक्शनइस घटना के बाद पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठे हैं। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पुलिस ने बिल्डर पर कार्रवाई करने के बजाय पीड़ितों परही लाठीचार्ज कर दिया। इतना ही नहीं, सोसाइटी के बिल्डर पर इससे से पहले भी GST घोटाले में लिप्त होने के कड़े आरोप लगे थे, जिसके बाद भीनोएडा प्रशासन ने अभी तक कोई कड़ी कार्रवाई नहीं की है। इस हादसे से प्रतीत होता है कि इंसानों की जान कितनी सस्ती हो गई है। बिल्डर की लापरवाही बना मौत का कारणनिवासियों का कहना है कि छत पर लगी भारी ग्रिल को बिना सुरक्षा उपायों के एक शॉफ्ट के ऊपर अस्थायी रूप से रखा गया था। जब आंधी आई, तो वह ग्रिल नीचे गिर गई और यह दर्दनाक हादसा हो गया। लोगों ने प्रशासन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि अब तक बिल्डर केखिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। प्रदर्शन में हुई झड़प, कई घायलप्रदर्शन को नियंत्रित करने पहुंचे पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने की कोशिश की, लेकिन जब लोग नहीं माने, तो बल प्रयोग किया गया। इससे कई लोगों को चोटें भी आईं। इस झड़प के बाद हालात और तनावपूर्ण हो गए। लगभग तीन घंटे चले विरोध केबाद, अधिकारियों द्वारा उचित कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने पर लोग शांत हुए।
भाजपा नेताओं की टिप्पणियों पर कांग्रेस का हमला, शहीदों और सेना के अपमान पर प्रधानमंत्री की चुप्पी पर उठाए सवाल

कांग्रेस ने भाजपा नेताओं द्वारा शहीदों, उनके परिजनों और भारतीय सेना के खिलाफ की गई आपत्तिजनक टिप्पणियों पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कीचुप्पी पर गंभीर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस का कहना है कि भाजपा नेता ऑपरेशन सिंदूर की सफलता का पूरा श्रेय सेना को देने के बजाय प्रधानमंत्री कोदेने में लगे हैं, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और अपमानजनक है। अलका लांबा का भाजपा नेतृत्व पर हमलाअखिल भारतीय महिला कांग्रेस की अध्यक्ष अलका लांबा ने एक प्रेस वार्ता के दौरान भाजपा नेताओं के बयानों पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहाकि पार्टी के वरिष्ठ नेता और मंत्री सेना के बलिदान को नजरअंदाज कर, प्रधानमंत्री की छवि गढ़ने में लगे हैं। लांबा ने प्रेस को उन वीडियो क्लिप्स भीदिखाए, जिनमें भाजपा सांसद, मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री और एक अन्य मंत्री शहीदों और उनके परिवारों को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियाँ करतेदिखाई दे रहे हैं। जांगड़ा की टिप्पणी पर तीखा विरोधहरियाणा से भाजपा के राज्यसभा सांसद राम चंद्र जांगड़ा की उस टिप्पणी पर कांग्रेस ने कड़ा ऐतराज जताया, जिसमें उन्होंने पहलगाम आतंकी हमले मेंमारे गए पर्यटकों की पत्नियों की तुलना वीरांगनाओं से करते हुए कहा कि अगर वे मुकाबला करतीं तो जानें नहीं जातीं। लांबा ने कहा कि यह बयान नकेवल संवेदनहीन है, बल्कि महिलाओं के साहस और बलिदान का भी अपमान है। विदेश सचिव और शहीद की पत्नी के खिलाफ ट्रोलिंग पर चिंतालांबा ने विदेश सचिव विक्रम मिस्री और लेफ्टिनेंट विनय नरवाल की पत्नी हिमांशी नरवाल को भाजपा समर्थकों द्वारा ट्रोल किए जाने का मुद्दा भीउठाया। उन्होंने कहा कि यह सब सिर्फ इसलिए हुआ क्योंकि वे सरकार से भिन्न विचार रख रहे थे या शांति की अपील कर रहे थे। मोदी के पुराने बयान का उल्लेखलांबा ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस पुराने बयान की भी चर्चा की, जिसमें उन्होंने एक व्यापारी को सैनिक से अधिक बहादुर बताया था। उन्होंने कहाकि भाजपा के नेता उसी मानसिकता से प्रेरित होकर सेना की अवमानना कर रहे हैं। संसद का विशेष सत्र और सर्वदलीय बैठक की मांगमहिला कांग्रेस अध्यक्ष ने फिर से ऑपरेशन सिंदूर पर संसद का विशेष सत्र बुलाने और सर्वदलीय बैठक आयोजित करने की मांग की। उन्होंने सवालकिया कि जब विपक्षी सांसदों को विदेश भेजा जा सकता है, तो संसद का विशेष सत्र बुलाकर देशवासियों को इस सैन्य कार्रवाई की पूरी जानकारीक्यों नहीं दी जा सकती? सीमा के पास बसे लोगों की उपेक्षा पर सवाललांबा ने जम्मू-कश्मीर के पुंछ क्षेत्र में नियंत्रण रेखा के पास रहने वाले नागरिकों की शिकायतों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने अपनेभाषणों में इन लोगों का जिक्र तक नहीं किया, जबकि ये सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। राहुल गांधी की एकजुटता की मिसालअंत में उन्होंने बताया कि विपरीत स्थिति में, लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने आतंकी हमले और गोलीबारी से प्रभावित लोगों से मिलने केलिए दो बार जम्मू-कश्मीर का दौरा किया और उनके प्रति संवेदना व्यक्त की।
Priyanka Gandhi Vadra Assesses Monsoon Preparedness in Wayanad, Malappuram, and Kozhikode

Wayanad, Kerala In response to the ongoing weather alerts across Kerala, AICC General Secretary and Member of Parliament from Wayanad, Smt. Priyanka Gandhi Vadra, reached out to the District Collectors of Wayanad, Malappuram, and Kozhikode to review their readiness for any rain-induced emergencies. The discussions focused on the steps taken to address the risks of landslides and urban flooding in vulnerable regions. District officials informed her that critical zones have been marked, and precautionary measures have been strengthened accordingly. Priyanka Gandhi also asked about the status of relocation plans for families likely to be affected and whether relief camps are adequately equipped. She reviewed the communication systems in place to warn residents of adverse weather conditions and stressed the need for efficient public alert mechanisms. She assured the officials of the support of local Congress teams and her personal commitment to assist with relief work wherever needed during the monsoon season.