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श्रद्धा वाकर हत्याकांड: गहरे सदमे में पिता विकास वाकर का दिल का दौरा पड़ने से निधन

श्रद्धा वाकर के पिता विकास वाकर का रविवार को मुंबई में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वह अपनी पत्नी और परिवार के साथ वसई में रहतेथे। बेटी की नृशंस हत्या के बाद से वह गहरे सदमे में थे। श्रद्धा वाकर हत्याकांडश्रद्धा वाकर (27) की 18 मई 2022 को दिल्ली के महरौली में उसके लिव-इन पार्टनर आफताब अमीन पूनावाला (28) ने हत्या कर दी थी। श्रद्धाऔर आफताब महरौली के किराए के घर में रहते थे। हत्या के बाद आफताब ने श्रद्धा के शव के 35 टुकड़े कर फ्रिज में रख दिए और 18 दिनों तक रातके समय छतरपुर के जंगलों में उन्हें फेंकता रहा। पुलिस की जांच और खुलासाश्रद्धा के दोस्तों ने जब परिवार को बताया कि वह ढाई महीने से संपर्क में नहीं है, तो उसके पिता विकास वाकर ने मुंबई पुलिस में गुमशुदगी कीशिकायत दर्ज कराई। जांच के दौरान पता चला कि श्रद्धा दिल्ली में आफताब के साथ रह रही थी। मुंबई पुलिस ने दिल्ली पुलिस से संपर्क किया, जिसके बाद आफताब को गिरफ्तार किया गया। आफताब ने पुलिस पूछताछ में अपना गुनाह स्वीकार किया। उसने बताया कि 18 मई 2022 को बहस के बाद उसने श्रद्धा की गला दबाकर हत्या करदी थी। पुलिस ने उसके फ्लैट से फ्रिज में रखे शव के टुकड़े और अन्य साक्ष्य बरामद किए। शव के अवशेष नहीं कर पाए अंतिम संस्कारविकास वाकर अपनी बेटी के शव के अवशेषों का अंतिम संस्कार करना चाहते थे, लेकिन यह संभव नहीं हो सका। श्रद्धा के अवशेष इस केस के प्रमुखसाक्ष्य हैं, इसलिए पुलिस ने इन्हें परिवार को सौंपा नहीं। आफताब के खिलाफ ट्रायल जारीदिल्ली पुलिस ने आफताब के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी है और कोर्ट में ट्रायल चल रहा है। विकास वाकर ने अपनी बेटी के लिए न्याय कीमांग करते हुए आफताब के लिए मौत की सजा की अपील की थी। श्रद्धा वाकर हत्याकांड ने देशभर में गहरा आक्रोश और शोक पैदा किया था, और विकास वाकर का निधन इस मामले में न्याय की लड़ाई के दौरान एकऔर दुखद मोड़ है।

एयरो इंडिया-2025 की भव्य शुरुआत: एयर चीफ मार्शल और थल सेनाध्यक्ष ने तेजस में भरी उड़ान

एयरोस्पेस क्षेत्र में एक ऐतिहासिक पहल करते हुए, एयरो इंडिया-2025 कार्यक्रम का शुभारंभ रविवार को येलहंका वायुसेना स्टेशन, बेंगलुरु में हुआ।एयर चीफ मार्शल ए.पी. सिंह और थल सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (एलसीए) तेजस में उड़ान भरकर कार्यक्रम कीशुरुआत की। थल सेनाध्यक्ष का अद्भुत अनुभवतेजस विमान में उड़ान के बाद, जनरल द्विवेदी ने इस अनुभव को अपने जीवन का सबसे खास पल बताया। उन्होंने कहा कि अगर वह एयर चीफमार्शल ए.पी. सिंह से पहले मिले होते, तो शायद वायुसेना में शामिल होते। उन्होंने एयर चीफ मार्शल को अपना गुरु मानते हुए कहा कि तेजस कीउड़ान ने उन्हें वायुसेना के पायलटों की चुनौतियों और उनके बेहतरीन तालमेल की गहरी समझ दी है। रक्षा मंत्री ने की भारतीय एयरोस्पेस क्षेत्र की सराहनारक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने एयरो इंडिया-2025 के कर्टेन रेजर कार्यक्रम में भारत की बढ़ती एयरोस्पेस क्षमताओं की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि भारतअब प्रमुख रक्षा उपकरण और प्लेटफॉर्म डिज़ाइन व निर्माण करने में सक्षम है। इस कार्यक्रम में 900 से अधिक प्रदर्शक, जिनमें 150 विदेशी प्रदर्शकशामिल हैं, ने भाग लिया। यह आयोजन भारत की एयरोस्पेस और रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को दर्शाता है। तेजस: भारतीय तकनीक का प्रतीकएलसीए तेजस, जिसे एडीए (एयरोनॉटिकल डेवलपमेंट एजेंसी) द्वारा डिजाइन और एचएएल (हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड) द्वारा निर्मित कियागया है, भारतीय वायुसेना और नौसेना के लिए एक आधुनिक लड़ाकू विमान है। यह विमान अपनी हल्की संरचना और बहु-भूमिकाओं के लिए जानाजाता है। एडवांस्ड मीडियम कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (एएमसीए): भविष्य की ताकतएएमसीए, भारतीय वायुसेना के लिए विकसित 5वीं पीढ़ी का लड़ाकू विमान है, जिसे स्टील्थ तकनीक और उन्नत AI-संचालित सिस्टम से लैस कियागया है। इसका उद्देश्य दुश्मन के रडार से बचते हुए अत्यधिक कुशलता के साथ मिशन को अंजाम देना है। यह मानवयुक्त और मानवरहित विमानों केसाथ सामंजस्य स्थापित करने में भी सक्षम है। भारत की बढ़ती क्षमताएयरो इंडिया-2025 और उसमें प्रदर्शित आधुनिक विमानों जैसे तेजस और एएमसीए ने यह साबित कर दिया है कि भारत का एयरोस्पेस उद्योग तेजी सेआत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है। यह न केवल भारत की रक्षा शक्ति को मजबूत करता है, बल्कि वैश्विक मंच पर उसकी स्थिति को भी सशक्त बनाताहै।

मणिपुर जातीय हिंसा: मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने दबाव में आकर दिया इस्तीफा, राज्य में शांति बहाली की उम्मीद

मणिपुर में मई 2023 से जारी जातीय हिंसा के बीच मुख्यमंत्री एन. बीरेन सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने राज्यपाल को अपनाइस्तीफा सौंप दिया। इस्तीफे से पहले उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात की थी।मुख्यमंत्री ने जनता से मांगी माफीपिछले साल के अंत में राज्य में हो रही हिंसा के लिए बीरेन सिंह ने जनता से माफी मांगी थी। उन्होंने कहा था कि यह वर्ष मणिपुर के लिए बेहद कठिनरहा है। उन्होंने तीन मई 2023 से अब तक हुई घटनाओं पर दुख व्यक्त करते हुए कहा था कि हिंसा के कारण कई लोगों ने अपनों को खोया और घरछोड़ने पर मजबूर हुए। उन्होंने उम्मीद जताई थी कि 2025 तक राज्य में सामान्य स्थिति बहाल हो सकेगी। जातीय हिंसा के दबाव में थे बीरेन सिंहराज्य में मई 2023 से शुरू हुई जातीय हिंसा के कारण बीरेन सिंह पर लगातार दबाव बना हुआ था। इस हिंसा में अब तक 200 से अधिक लोगों कीमौत हो चुकी है और हजारों लोग विस्थापित हो गए हैं। नवंबर 2023 में जिरीबाम में तीन महिलाओं और उनके बच्चों की हत्या ने हिंसा को और बढ़ादिया। एनडीए की सहयोगी पार्टी एनपीपी ने भी मणिपुर सरकार से समर्थन वापस लेते हुए नेतृत्व परिवर्तन की मांग की थी। जातीय हिंसा की शुरुआत कैसे हुई?मणिपुर में मैतेई और कुकी समुदायों के बीच हिंसा की शुरुआत तीन मई 2023 को हुई, जब मणिपुर उच्च न्यायालय ने मैतेई समुदाय को अनुसूचितजनजाति (एसटी) सूची में शामिल करने पर विचार करने का आदेश दिया। इस फैसले का विरोध करते हुए आदिवासी छात्रों के संघ (ATSUM) नेएक रैली आयोजित की, जिससे हिंसा भड़क उठी। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए केंद्र सरकार को अर्धसैनिक बलों की तैनाती करनी पड़ी।

दक्षिणी मैक्सिको में भीषण सड़क हादसा, 41 लोगों की मौत

दक्षिणी मैक्सिको के टबैस्को राज्य में हुए एक भीषण सड़क हादसे में 41 लोगों की मौत हो गई। एक बस, जिसमें 48 यात्री सवार थे, कैनकन सेटबैस्को की ओर जा रही थी। रास्ते में उसकी टक्कर एक ट्रक से हो गई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस में आग लग गई और वह पूरी तरह जलकरराख हो गई।38 यात्रियों और तीन ड्राइवरों की मौतइस हादसे में बस में सवार 38 यात्रियों की मौत हो गई। इसके अलावा, बस के दोनों ड्राइवर और ट्रक के चालक की भी जान चली गई। हादसे के बादबचाव कार्य के दौरान बस का केवल फ्रेम ही बचा पाया गया। शवों की बरामदगी और जांच जारीटबैस्को प्रशासन ने अब तक 38 शव बरामद किए हैं और बस से साक्ष्य जुटाने का काम जारी है। बस ऑपरेटर टूर्स एकोस्टा ने हादसे की पुष्टि करते हुएघटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। कंपनी ने कहा है कि वह अधिकारियों के साथ मिलकर हादसे के कारणों की जांच कर रही है। यह भी पता लगायाजा रहा है कि बस निर्धारित गति सीमा में थी या नहीं। प्रभावित परिवारों को दी जाएगी सहायताटूर ऑपरेटर ने बताया कि हादसे से जुड़े सभी कानूनी कार्य कैंडेलारिया, कैंपेचे नगर पालिका के अभियोजक कार्यालय द्वारा पूरे किए जाएंगे। हादसे मेंजान गंवाने वालों के परिवारों को आवश्यक प्रक्रियाओं को पूरा करने के लिए इस विभाग का रुख करना होगा। स्थानीय प्रशासन का सहयोगटबैस्को सरकार के सचिव रामिरो लोपेज ने कहा कि जल्द ही मृतकों की पहचान और संख्या से जुड़ी अंतिम जानकारी दी जाएगी। स्थानीय नगरपालिका परिषद ने घोषणा की है कि वह दुर्घटना में मारे गए लोगों के शवों को उनके घर तक पहुंचाने में पूरी सहायता करेगी।

बीजापुर में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़, 12 नक्सलियों के मारे जाने का दावा

छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले के इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान क्षेत्र में रविवार सुबह सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच मुठभेड़ शुरू हो गई। सुरक्षाबलों काएक दल नक्सल विरोधी अभियान के तहत जंगल में पहुंचा था, तभी यह मुठभेड़ हुई। 12 नक्सलियों के मारे जाने की प्रारंभिक सूचनाएक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस मुठभेड़ में अब तक 12 नक्सली मारे गए हैं। हालांकि, क्षेत्र में अब भीरुक-रुक कर गोलीबारी जारी है। मुठभेड़ से जुड़ी विस्तृत जानकारी जवानों के लौटने के बाद सामने आ सकेगी। फरसेगढ़ थाना क्षेत्र में संयुक्त बलों का अभियानघटना फरसेगढ़ थाना क्षेत्र में हुई, जो महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ की सीमा पर स्थित है। यहां सुबह करीब 8 बजे से डीआरजी, एसटीएफ और सी-60 बलों की संयुक्त टीम नक्सलियों से भिड़ी हुई है। नेशनल पार्क में सघन सर्चिंग अभियानसूत्रों के अनुसार, मुठभेड़ के दौरान कई नक्सलियों के शव देखे गए हैं, लेकिन इनकी संख्या की पुष्टि अभी नहीं हो पाई है। एएसपी चंद्रकांत गवर्ना नेबताया कि सुरक्षाबलों को इलाके में नक्सलियों की गतिविधियों की सूचना मिलने पर संयुक्त बल रवाना किया गया था। सघन सर्चिंग अभियान जारीहै, और विस्तृत जानकारी अभियान के समापन के बाद ही मिल सकेगी।