
पाकिस्तान के सेना प्रमुख आसिम मुनीर ने एक बार फिर कश्मीर राग अलापा है. भारत की लगातार लताड़ के बाद भी बड़बोले मुनीर अपनी हरकतों सेबाज नहीं आ रहे हैं. अमेरिका दौरे पर गए मुनीर ने कहा कि कश्मीर पाकिस्तान की गले की नस है. उन्होंने यह बात पहलगाम हमले से पहले भी कहीथी। उन्होंने कहा था कि पाकिस्तान कश्मीर के मुद्दे को नहीं भूलेगा. इस पर भारत के विदेश मंत्रालय ने उनको करारा जवाब दिया था .विदेश मंत्रालयने कहा था कि कोई विदेशी चीज कैसे गले में अटक सकती है? यह भारत का एक केंद्र शासित प्रदेश है. पाकिस्तान को यहां अवैध रूप से कब्जाए गएक्षेत्रों को खाली कर देना चाहिए.
फ्लोरिडा के टैम्पा में पाकिस्तानी मूल के कारोबारी अदनान असद की तरफ से रखे गए डिनर कार्यक्रम में मुनीर ने एक बार फिर झूठ बोला कि भारत केसाथ हाल के संघर्ष के दौरान पाकिस्तान ने दृढ़ता और बलपूर्वक जवाब दिया.
मुहंतोड़ जवाब
हमने दिखा दिया कि किसी भी भारतीय आक्रमण का मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा. कश्मीर भारत का आंतरिक मामला नहीं, बल्कि एक अधूराअंतरराष्ट्रीय एजेंडा है. मुनीर ने कहा कि डेढ़ महीने के अंतराल के बाद उनकी यह दूसरी अमेरिका यात्रा पाकिस्तान-अमेरिका संबंधों में एक नया आयामस्थापित करती है। इन यात्राओं का उद्देश्य संबंधों को रचनात्मक, टिकाऊ और सकारात्मक दिशा में ले जाना है. पाकिस्तान ट्रंप का बेहद आभारी है, जिनके रणनीतिक नेतृत्व ने भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध को रोकने के साथ-साथ दुनिया भर में कई अन्य युद्धों को भी रोका है. हालांकि भारत ट्रंपऔर मुनीर के इस दावे को खारिज कर चुका है. बड़बोले मुनीर यहीं नहीं रुके और बोले कि अमेरिका के साथ व्यापार समझौते से भारी निवेश आकर्षितहोने की उम्मीद है और पाकिस्तान ने अंतरराष्ट्रीय संबंधों के मोर्चे पर महत्वपूर्ण सफलताएं हासिल की हैं.
परिवर्तन समारोह में लिया भाग
पाकिस्तानी सेना ने कहा कि टाम्पा में मुनीर ने संयुक्त राज्य अमेरिका सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के निवर्तमान कमांडर जनरल माइकल ई. कुरिल्ला के सेवानिवृत्ति समारोह और एडमिरल ब्रैड कूपर द्वारा कमान संभालने के अवसर पर आयोजित कमांड परिवर्तन समारोह में भाग लिया. मुनीर नेज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डैन केन से भी मुलाकात की. उन्होंने जनरल केन को पाकिस्तान आने का निमंत्रण दिया. इस दौरान थलसेना प्रमुख ने मित्र देशों के रक्षा प्रमुखों से भी बातचीत की. बयान में कहा गया है कि पाकिस्तानी प्रवासियों के साथ एक संवाद सत्र के दौरानसीओएएस ने उनसे पाकिस्तान के उज्ज्वल भविष्य के प्रति आश्वस्त रहने और निवेश आकर्षित करने में सक्रिय रूप से योगदान देने का आग्रह किया. प्रवासियों ने पाकिस्तान की प्रगति और विकास का समर्थन करने की अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि की.