नई दिल्ली: राज्यसभा में आम आदमी पार्टी (AAP) के सांसद राघव चड्ढा ने अमेरिका द्वारा भारत पर लगाए गए टैरिफ और एलन मस्क की कंपनीStarlink को लेकर कड़े सवाल उठाए। उन्होंने सरकार से मांग की कि जब तक अमेरिका टैरिफ के मुद्दे पर स्पष्ट जवाब नहीं देता, तब तक Starlink को भारत में मंजूरी नहीं दी जानी चाहिए।
अमेरिकी टैरिफ पर तीखा हमला
राघव चड्ढा ने अमेरिका द्वारा भारत पर 27% टैरिफ लगाने को लेकर नाराजगी जताई। उन्होंने तंज कसते हुए कहा, “अच्छा सिला दिया तूने मेरे प्यारका, यार ने ही लूट लिया घर यार का…” उन्होंने कहा कि भारत ने अमेरिका के लिए रेड कार्पेट बिछाया, लेकिन बदले में टैरिफ झेलना पड़ रहा है।
Starlink को लेकर सरकार से सवाल
राघव चड्ढा ने सरकार से Starlink की मंजूरी पर पुनर्विचार करने की अपील की। उन्होंने कहा कि Starlink को भारत में ऑपरेशन की अनुमति देने सेपहले इसे एक ‘बार्गेनिंग चिप’ के रूप में इस्तेमाल किया जाना चाहिए। उन्होंने यह भी मांग की कि Starlink को स्पेक्ट्रम देने से पहले अमेरिका सेटैरिफ पर स्पष्टीकरण मांगा जाए।
ड्रग तस्करी और डेटा सुरक्षा का मुद्दा
उन्होंने अंडमान में हुई ड्रग तस्करी की घटना का जिक्र किया, जहां कथित तौर पर तस्करों ने Starlink डिवाइस का उपयोग किया था। उन्होंने आरोपलगाया कि जांच एजेंसियों द्वारा डेटा की मांग करने पर Starlink ने सहयोग से इनकार कर दिया। इस मुद्दे पर सरकार की चुप्पी पर सवाल उठाते हुएउन्होंने पूछा, “Starlink की डेटा शेयरिंग को लेकर भारत सरकार की क्या योजना है?”
सरकार से ठोस कदम उठाने की मांग
राघव चड्ढा ने सरकार से आग्रह किया कि वह Starlink को लेकर सख्त रुख अपनाए और इसे अमेरिकी टैरिफ नीति के खिलाफ एक दबाव उपकरणके रूप में उपयोग करे। उन्होंने जोर दिया कि सरकार को अमेरिका से इस मुद्दे पर जवाब तलब करना चाहिए और भारतीय हितों की सुरक्षा कोप्राथमिकता देनी चाहिए।