आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया ने शनिवार को भाजपा के तथाकथित ‘गुजरात मॉडल’ पर तीखा हमला बोला।उन्होंने इसे भ्रष्टाचार का मॉडल करार देते हुए आरोप लगाया कि गुजरात के दाहोद ज़िले में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना(मनरेगा) के तहत 71 करोड़ रुपये का घोटाला हुआ है, जिसमें प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री बच्चूभाई खाबड़ के बेटे और भतीजा शामिल हैं।
मंत्री के बेटों ने पैसे खाए, लेकिन भाजपा चुप है
प्रेस वार्ता में मनीष सिसोदिया ने कहा कि मंत्री के बेटों ने फर्जी कंपनियां बनाकर अपने ही पिता के विभाग से ठेके लिए और काम किए बिना 71 करोड़ रुपये हड़प लिए। “अब जबकि मंत्री के दोनों बेटे और भतीजा पुलिस की गिरफ्त में हैं, भाजपा सरकार ने न तो मंत्री से इस्तीफा मांगा और न हीकोई कार्रवाई की,” उन्होंने कहा।
पंजाब में AAP सरकार ने अपने विधायक को जेल भेजा, भाजपा भ्रष्टाचारियों को बचा रही
सिसोदिया ने आम आदमी पार्टी के पंजाब मॉडल का उदाहरण देते हुए बताया कि जब वहां एक विधायक पर भ्रष्टाचार का आरोप लगा, तो भगवंतमान सरकार ने तुरंत उसे गिरफ्तार कर लिया। “यही है अरविंद केजरीवाल की राजनीति भ्रष्टाचार पर जीरो टॉलरेंस। दूसरी तरफ, भाजपा अपने भ्रष्टनेताओं को बचाने में लगी है,” उन्होंने कहा।
सिर्फ दो तहसीलों में 71 करोड़
AAP नेता ने सवाल उठाया कि जब मात्र दो तहसीलों में इतना बड़ा घोटाला हो सकता है, तो पूरे गुजरात में स्थिति कितनी भयावह होगी? उन्होंनेआरोप लगाया कि भाजपा सरकार जानबूझकर इस मामले को न ईडी को सौंप रही है और न ही सीबीआई को, क्योंकि मंत्री अब भी पद पर बने हुएहैं। “कहीं ऐसा तो नहीं कि मंत्री को पद पर बनाए रखने का मकसद बाकी तालुकाओं की जांच रोकना है?” सिसोदिया ने कहा।
क्या यह घोटाला मोदी-शाह की जानकारी में हुआ?
सिसोदिया ने कहा कि गुजरात में बिना प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह की अनुमति के कोई फैसला नहीं होता। “तो क्या यहघोटाला भी उनकी जानकारी में हुआ? क्या इसकी इजाज़त ऊपर से मिली थी? देश को जवाब चाहिए,” उन्होंने जोर देते हुए कहा।
गांवों के गरीबों को न काम मिला, न मजदूरी
मनरेगा का मकसद गांवों के गरीबों को रोजगार देना था, लेकिन मंत्री के बेटों ने फर्जी कंपनियों से काम उठाया और उसे किया ही नहीं। “गांव में न कोईकाम हुआ, न लोगों को मजदूरी मिली। सिर्फ कागज़ों पर काम दिखाकर पैसे हड़प लिए गए,” सिसोदिया ने बताया।
एक तरफ ईमानदारी, दूसरी तरफ संरक्षण
मनीष सिसोदिया ने कहा, “एक तरफ पंजाब की AAP सरकार है, जो अपने विधायक तक को नहीं बख्शती। दूसरी तरफ गुजरात की भाजपा सरकारहै, जो अपने मंत्री के बेटों की गिरफ्तारी के बावजूद मंत्री को बचा रही है। देश को तय करना है कि उसे कौन-सा मॉडल चाहिए भ्रष्टाचार का याईमानदारी का।”